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पांच दिन बाद भी पिता-पुत्र का नहीं चला पता
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पांच दिन बाद भी पिता-पुत्र का नहीं चला पता
परसा। ढेबरुआ थाना क्षेत्र के खैरी उर्फ झुंगहवां गांव के रहने वाले युवक ने पांच दिन पूर्व अपने तीन पुत्रों के साथ बूढ़ी राप्ती नदी में छलांग लगा दी थी। पांच दिन बीतने के बाद भी पिता-पुत्र का पता नहीं चल पाया है। उसके दो अन्य पुत्रों का शव गत 23 अक्तूबर को मिश्रौलिया थाना क्षेत्र में बूढ़ी राप्ती नदी में मिले थे। पीएससी के बाढ़ बचाव दल के जवानों ने भी पिता-पुत्र की तलाश की, मगर वे नहीं मिले।
क्षेत्र के खैरी उर्फ झुंगहवां के रहने वाले राजन पुत्र लल्लू ने गत 20 अक्तूबर को अपने तीन पुत्रों नौ वर्षीय राज, सात वर्षीय अनुराग उर्फ पतलू और चार वर्षीय प्रेम को साथ लेकर क्षेत्र के तुलसियापुर-कठेला पीडब्ल्यूडी मार्ग पर मटियार झुंगहवा के बीच बूढ़ी राप्ती नदी में छलांग लगा दी थी। लगातार दो दिनों तक ढेबरुआ पुलिस और पीएससी के बाढ़ बचाव दल ने चारों की तलाश की, मगर कुछ पता नहीं चल पाया। 23 अक्तूबर की सुबह घटनास्थल से लगभग 30 किलोमीटर की दूरी पर नौ वर्षीय राज, सात वर्षीय अनुराग उर्फ पतलू के शव मिश्रौलिया थाना क्षेत्र के लमुइया में बूढ़ी राप्ती नदी में मिले। पुलिस ने शवों को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया था।
अब तब पिता राजन और उनके चार वर्षीय पुत्र प्रेम का पता नहीं चल पाया है। दूसरी ओर राजन की 65 वर्षीय मां अनारा को जब से अपने दो नातियों के शव मिलने की सूचना मिली, तब से वह लगातार रो रही हैं। गांव के लोग उन्हें सांत्वना दे रहे हैं। ग्रामीणों ने बताया कि पीएससी के जवानों ने दस किलोमीटर तक तो सबको खोजा, लेकिन अब भी पिता और पुत्र का पता नहीं चला। जबकि दोनों बच्चों के शव घटनास्थल से बीस से अधिक किलोमीटर दूरी पर मिले। इस लिए अब पीएससी के जवानों को और अधिक दूरी तक तलाश करनी चाहिए। इस संबंध में एसएचओ ढेबरुआ ब्रह्मा गौड़ ने कहा कि पिता-पुत्र की तलाशने कराई जा रही है।
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परसा। ढेबरुआ थाना क्षेत्र के खैरी उर्फ झुंगहवां गांव के रहने वाले युवक ने पांच दिन पूर्व अपने तीन पुत्रों के साथ बूढ़ी राप्ती नदी में छलांग लगा दी थी। पांच दिन बीतने के बाद भी पिता-पुत्र का पता नहीं चल पाया है। उसके दो अन्य पुत्रों का शव गत 23 अक्तूबर को मिश्रौलिया थाना क्षेत्र में बूढ़ी राप्ती नदी में मिले थे। पीएससी के बाढ़ बचाव दल के जवानों ने भी पिता-पुत्र की तलाश की, मगर वे नहीं मिले।
क्षेत्र के खैरी उर्फ झुंगहवां के रहने वाले राजन पुत्र लल्लू ने गत 20 अक्तूबर को अपने तीन पुत्रों नौ वर्षीय राज, सात वर्षीय अनुराग उर्फ पतलू और चार वर्षीय प्रेम को साथ लेकर क्षेत्र के तुलसियापुर-कठेला पीडब्ल्यूडी मार्ग पर मटियार झुंगहवा के बीच बूढ़ी राप्ती नदी में छलांग लगा दी थी। लगातार दो दिनों तक ढेबरुआ पुलिस और पीएससी के बाढ़ बचाव दल ने चारों की तलाश की, मगर कुछ पता नहीं चल पाया। 23 अक्तूबर की सुबह घटनास्थल से लगभग 30 किलोमीटर की दूरी पर नौ वर्षीय राज, सात वर्षीय अनुराग उर्फ पतलू के शव मिश्रौलिया थाना क्षेत्र के लमुइया में बूढ़ी राप्ती नदी में मिले। पुलिस ने शवों को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया था।
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अब तब पिता राजन और उनके चार वर्षीय पुत्र प्रेम का पता नहीं चल पाया है। दूसरी ओर राजन की 65 वर्षीय मां अनारा को जब से अपने दो नातियों के शव मिलने की सूचना मिली, तब से वह लगातार रो रही हैं। गांव के लोग उन्हें सांत्वना दे रहे हैं। ग्रामीणों ने बताया कि पीएससी के जवानों ने दस किलोमीटर तक तो सबको खोजा, लेकिन अब भी पिता और पुत्र का पता नहीं चला। जबकि दोनों बच्चों के शव घटनास्थल से बीस से अधिक किलोमीटर दूरी पर मिले। इस लिए अब पीएससी के जवानों को और अधिक दूरी तक तलाश करनी चाहिए। इस संबंध में एसएचओ ढेबरुआ ब्रह्मा गौड़ ने कहा कि पिता-पुत्र की तलाशने कराई जा रही है।
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