{"_id":"69e3caf64a972896d30c1265","slug":"dm-strict-on-pending-files-instructions-for-action-against-revenue-clerk-siddharthnagar-news-c-227-1-sdn1035-156827-2026-04-18","type":"story","status":"publish","title_hn":"Siddharthnagar News: लंबित पत्रावलियों पर डीएम सख्त... राजस्व लिपिक पर कार्रवाई के निर्देश","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Siddharthnagar News: लंबित पत्रावलियों पर डीएम सख्त... राजस्व लिपिक पर कार्रवाई के निर्देश
Sat, 18 Apr 2026 11:48 PM IST
गोरखपुर ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, सिद्धार्थनगर
संवाद न्यूज एजेंसी, सिद्धार्थनगर
Updated Sat, 18 Apr 2026 11:48 PM IST
विज्ञापन
सिद्धार्थनगर। तहसील समाधान दिवस के दौरान जिलाधिकारी शिवशरणप्पा जीएन ने राजस्व निरीक्षक कक्ष का औचक निरीक्षण कर बड़ी लापरवाही पकड़ी। धारा-24 की 19 पत्रावलियां लंबित मिलने पर डीएम ने सख्त रुख अपनाते हुए संबंधित राजस्व लिपिक के खिलाफ विभागीय कार्रवाई के निर्देश दिए।
तहसील समाधान दिवस में प्राप्त शिकायत के आधार पर जिलाधिकारी शिवशरणप्पा जीएन ने राजस्व व्यवस्था की जमीनी हकीकत परखने के लिए राजस्व निरीक्षक कक्ष का निरीक्षण किया। इस दौरान सामने आया कि धारा-24 से संबंधित 19 पत्रावलियां लंबे समय से लंबित थीं और उन्हें उपजिलाधिकारी न्यायालय में प्रेषित नहीं की गईं थीं।
जांच में यह भी सामने आया कि अधिकांश लंबित पत्रावलियां उन राजस्व कानूनगो से संबंधित थीं जो या तो सेवानिवृत्त हो चुके हैं या उनका स्थानांतरण हो चुका है। इसके बावजूद फाइलों का निस्तारण या उन्हें समय पर अग्रसारित नहीं किया गया, जिससे प्रशासनिक प्रक्रिया बाधित रही। मामले को गंभीरता से लेते हुए जिलाधिकारी ने तत्काल सभी लंबित पत्रावलियों को उपजिलाधिकारी न्यायालय में भेजने के निर्देश दिए। मौके पर ही सभी 19 फाइलों को एसडीएम कोर्ट में प्रेषित करा दिया गया ताकि मामलों का निस्तारण तेजी से हो सके।
विज्ञापन
निरीक्षण में लापरवाही स्पष्ट होने पर जिलाधिकारी ने संबंधित राजस्व लिपिक प्रदीप कुमार के खिलाफ विभागीय कार्रवाई शुरू करने का निर्देश दिए। डीएम ने स्पष्ट कहा कि सरकारी कार्यों में किसी भी प्रकार की शिथिलता या लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी और जिम्मेदार अधिकारियों-कर्मचारियों पर सख्त कार्रवाई होगी।उन्होंने राजस्व विभाग के अन्य कर्मचारियों को भी चेतावनी दी कि लंबित मामलों को प्राथमिकता के आधार पर निस्तारित किया जाए और भविष्य में ऐसी स्थिति दोबारा न बनने पाए।
इस दौरान उपजिलाधिकारी शोहरतगढ़ विवेकानंद मिश्र, तहसीलदार शोहरतगढ़ सहित अन्य संबंधित अधिकारी भी मौजूद रहे।
विज्ञापन
तहसील समाधान दिवस में प्राप्त शिकायत के आधार पर जिलाधिकारी शिवशरणप्पा जीएन ने राजस्व व्यवस्था की जमीनी हकीकत परखने के लिए राजस्व निरीक्षक कक्ष का निरीक्षण किया। इस दौरान सामने आया कि धारा-24 से संबंधित 19 पत्रावलियां लंबे समय से लंबित थीं और उन्हें उपजिलाधिकारी न्यायालय में प्रेषित नहीं की गईं थीं।
विज्ञापन
जांच में यह भी सामने आया कि अधिकांश लंबित पत्रावलियां उन राजस्व कानूनगो से संबंधित थीं जो या तो सेवानिवृत्त हो चुके हैं या उनका स्थानांतरण हो चुका है। इसके बावजूद फाइलों का निस्तारण या उन्हें समय पर अग्रसारित नहीं किया गया, जिससे प्रशासनिक प्रक्रिया बाधित रही। मामले को गंभीरता से लेते हुए जिलाधिकारी ने तत्काल सभी लंबित पत्रावलियों को उपजिलाधिकारी न्यायालय में भेजने के निर्देश दिए। मौके पर ही सभी 19 फाइलों को एसडीएम कोर्ट में प्रेषित करा दिया गया ताकि मामलों का निस्तारण तेजी से हो सके।
विज्ञापन
निरीक्षण में लापरवाही स्पष्ट होने पर जिलाधिकारी ने संबंधित राजस्व लिपिक प्रदीप कुमार के खिलाफ विभागीय कार्रवाई शुरू करने का निर्देश दिए। डीएम ने स्पष्ट कहा कि सरकारी कार्यों में किसी भी प्रकार की शिथिलता या लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी और जिम्मेदार अधिकारियों-कर्मचारियों पर सख्त कार्रवाई होगी।उन्होंने राजस्व विभाग के अन्य कर्मचारियों को भी चेतावनी दी कि लंबित मामलों को प्राथमिकता के आधार पर निस्तारित किया जाए और भविष्य में ऐसी स्थिति दोबारा न बनने पाए।
इस दौरान उपजिलाधिकारी शोहरतगढ़ विवेकानंद मिश्र, तहसीलदार शोहरतगढ़ सहित अन्य संबंधित अधिकारी भी मौजूद रहे।