{"_id":"6412166ca3bf6652a7027284","slug":"congenital-heart-patient-anand-will-get-free-treatment-siddharthnagar-news-c-7-1-86566-2023-03-16","type":"story","status":"publish","title_hn":"Siddharthnagar News: जन्मजात हृदय रोगी आनंद का होगा निशुल्क उपचार","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Siddharthnagar News: जन्मजात हृदय रोगी आनंद का होगा निशुल्क उपचार
Thu, 16 Mar 2023 12:33 AM IST
गोरखपुर ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, सिद्धार्थनगर
संवाद न्यूज एजेंसी, सिद्धार्थनगर
Updated Thu, 16 Mar 2023 12:33 AM IST
विज्ञापन
स्वास्थ्य परीक्षण के बाद जरूरी कागजात सौंपते चिकित्सा अधीक्षक।
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
डुमरियागंज। बेवा सीएचसी की आरबीएसके की टीम-एक ने जलालपुर में आनंद वर्मा पांच वर्ष को जन्मजात हृदय रोग (दिल में छेद) पाया है। पीड़ित का निशुल्क उपचार के लिए चयनित कर लिया है। हरियाणा के परवल स्थित चाइल्ड हार्ट केयर सेंटर भेजने के लिए बुधवार को बच्चे के परिजनों को कागजात सौंपा गया।
आरबीएस के टीम-एक के डॉ तेज कवर और डॉ गीता चौधरी ने बताया कि टीम ने अब तक जन्मजात हृदय रोग से संबंधित पांच बच्चों को चयनित किया है। जिसमें दो बच्चों को उपचार के लिए एएमयू अलीगढ़ तथा तीन बच्चों को हरियाणा के परवल स्थित सत्य साईं संजीवनी इंटरनेशनल फोर चाइल्ड हार्ट केयर एंड रिसर्च सेंटर भेजा जा चुका है। इस संबंध में सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र के चिकित्सा अधीक्षक डॉ श्रवण तिवारी ने बताया कि जन्मजात हृदय रोग (दिल में छेद) से ग्रस्त बच्चे का वजन कम हो जाता है। ज्यादा रोने पर शरीर नीला पड़ जाता है और बार-बार निमोनिया की शिकायत होती है। ऐसे बच्चों को चिह्नित कर जांच पड़ताल के बाद निशुल्क उपचार के लिए हरियाणा के पलवल स्थित चाइल्ड हार्ट केयर सेंटर भेज दिया जाना है। अब तक डुमरियागंज क्षेत्र में इस बीमारी से संबंधित पांच बच्चे पाए गए हैं। इस दौरान डॉ दिलीप दुबे, डॉ.शफीक अहमद उपस्थित रहे।
विज्ञापन
आरबीएस के टीम-एक के डॉ तेज कवर और डॉ गीता चौधरी ने बताया कि टीम ने अब तक जन्मजात हृदय रोग से संबंधित पांच बच्चों को चयनित किया है। जिसमें दो बच्चों को उपचार के लिए एएमयू अलीगढ़ तथा तीन बच्चों को हरियाणा के परवल स्थित सत्य साईं संजीवनी इंटरनेशनल फोर चाइल्ड हार्ट केयर एंड रिसर्च सेंटर भेजा जा चुका है। इस संबंध में सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र के चिकित्सा अधीक्षक डॉ श्रवण तिवारी ने बताया कि जन्मजात हृदय रोग (दिल में छेद) से ग्रस्त बच्चे का वजन कम हो जाता है। ज्यादा रोने पर शरीर नीला पड़ जाता है और बार-बार निमोनिया की शिकायत होती है। ऐसे बच्चों को चिह्नित कर जांच पड़ताल के बाद निशुल्क उपचार के लिए हरियाणा के पलवल स्थित चाइल्ड हार्ट केयर सेंटर भेज दिया जाना है। अब तक डुमरियागंज क्षेत्र में इस बीमारी से संबंधित पांच बच्चे पाए गए हैं। इस दौरान डॉ दिलीप दुबे, डॉ.शफीक अहमद उपस्थित रहे।
विज्ञापन