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Siddharthnagar News: गर्भवतियों को संस्थागत प्रसव के लिए किया जागरूक
Sat, 04 Jul 2026 12:02 AM IST
गोरखपुर ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, सिद्धार्थनगर
संवाद न्यूज एजेंसी, सिद्धार्थनगर
Updated Sat, 04 Jul 2026 12:02 AM IST
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भारतभारी। बेवा सीएचसी क्षेत्र के तिलगढ़िया गांव में शुक्रवार को संपूर्णता अभियान के तहत संचार गतिविधि एवं माता जागरूकता बैठक हुई। इसमें गर्भवतियों को संस्थागत प्रसव, समय पर पंजीकरण और नियमित प्रसव पूर्व जांच के प्रति जागरूक किया गया।
बैठक में बीसीपीएम वीरेंद्र कुमार यादव ने दो वर्ष तक के सभी बच्चों का समय पर टीकाकरण कराने की अपील की। उन्होंने बताया कि गर्भावस्था के शुरुआती चरण में पंजीकरण कराने, फोलिक एसिड की गोलियां लेने तथा सभी आवश्यक प्रसव पूर्व जांच कराने से मां और शिशु दोनों का स्वास्थ्य सुरक्षित रहता है।
उन्होंने कहा कि संस्थागत प्रसव से प्रसूता और नवजात को बेहतर स्वास्थ्य सुविधाएं मिलती हैं। जन्म के समय लगाए जाने वाले टीके नवजात को कई गंभीर बीमारियों से बचाते हैं। उन्होंने आशा कार्यकर्ताओं से गर्भवती महिलाओं को सरकारी योजनाओं और संस्थागत प्रसव से मिलने वाली सुविधाओं की जानकारी देने तथा उच्च जोखिम वाली गर्भवतियों को समय रहते सीएचसी भेजने के निर्देश दिए।
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बैठक में टीकाकरण से वंचित परिवारों को भी जागरूक किया गया। साथ ही नवजात को जन्म से छह माह तक केवल मां का दूध पिलाने, उम्र के अनुसार सभी टीके लगवाने और उनके लाभ के बारे में विस्तार से जानकारी दी गई। इस अवसर पर आशा कार्यकर्ता गायत्री देवी, शांति, संगीता, शीबा सहित अन्य स्वास्थ्य कर्मी उपस्थित रहे।
बैठक में बीसीपीएम वीरेंद्र कुमार यादव ने दो वर्ष तक के सभी बच्चों का समय पर टीकाकरण कराने की अपील की। उन्होंने बताया कि गर्भावस्था के शुरुआती चरण में पंजीकरण कराने, फोलिक एसिड की गोलियां लेने तथा सभी आवश्यक प्रसव पूर्व जांच कराने से मां और शिशु दोनों का स्वास्थ्य सुरक्षित रहता है।
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उन्होंने कहा कि संस्थागत प्रसव से प्रसूता और नवजात को बेहतर स्वास्थ्य सुविधाएं मिलती हैं। जन्म के समय लगाए जाने वाले टीके नवजात को कई गंभीर बीमारियों से बचाते हैं। उन्होंने आशा कार्यकर्ताओं से गर्भवती महिलाओं को सरकारी योजनाओं और संस्थागत प्रसव से मिलने वाली सुविधाओं की जानकारी देने तथा उच्च जोखिम वाली गर्भवतियों को समय रहते सीएचसी भेजने के निर्देश दिए।
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बैठक में टीकाकरण से वंचित परिवारों को भी जागरूक किया गया। साथ ही नवजात को जन्म से छह माह तक केवल मां का दूध पिलाने, उम्र के अनुसार सभी टीके लगवाने और उनके लाभ के बारे में विस्तार से जानकारी दी गई। इस अवसर पर आशा कार्यकर्ता गायत्री देवी, शांति, संगीता, शीबा सहित अन्य स्वास्थ्य कर्मी उपस्थित रहे।