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वार्ता के बाद लेखपालों का आंदोलन खत्म
siddharthnagar
Updated Tue, 16 May 2017 10:32 PM IST
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सिद्धार्थनगर।
एक सप्ताह के जद्दोजहद के बाद आखिरकार एसडीएम सदर और लेखपालों के बीच वार्ता हुई। मांगों को पूरा करने की बात पर सहमति बनी। एसडीएम के आश्वासन पर लेखपाल संघ तहसील इकाई ने मंगलवार को धरना समाप्त करने की घोषणा की। बुधवार से लेखपाल कार्य पर लौटेंगे।
उत्तर प्रदेश लेखपाल संघ तहसील इकाई 10 सूत्रीय मांगों को लेकर धरनारत रहा। इस दौरान कई बार अधिकारी और कर्मचारियों ने एक-दूसरे पर दोषारोपण भी किया। लेखपालों ने एसडीएम सदर विनीत कुमार उपाध्याय पर हठधर्मिता अपनाने का आरोप लगाया। वहीं, एसडीएम ने सफाई में कहा कि लेखपाल संघ गलत आरोप लगा रहा है। सप्ताह भर से ऊपर चले जद्दोजहद के बाद एसडीएम सदर ने लेखपालों से वार्ता की। 26 अप्रैल को किए गए ट्रांसफर को निरस्त करने पर रजामंदी बनी। पूर्व में किए गए निलंबन की कार्रवाई को वापस करने पर राजी हुए। प्रतिकूल प्रविष्टि निरस्त की गई। वार्ता सफल रहने पर अध्यक्ष लेखपाल संघ तहसील इकाई कृष्ण भूषण द्विवेदी व मंत्री उमेश चंद्र वर्मा ने धरने पर बैठे लेखपाल को धरना समाप्त करने को कहा। वरिष्ठ उपाध्यक्ष रामकरन गुप्ता ने कहा कि एक सप्ताह से चल रहे धरने में संगठन ने दिखा दिया कि एकता में बल होता है। इस दौरान रामशंकर द्विवेदी, विनय पांडेय, अरुण श्रीवास्तव, अब्दुल गफ्फार, गणेश त्रिपाठी, प्रभु यादव, बृजेश त्रिपाठी, शिवप्रसाद यादव, संजय, सुरेंद्र, राजेश गुप्ता, अनूप यादव, अशोक गुप्ता, गिरीश मिश्र, केबी राम, सोमई, प्रमोद श्रीवास्तव, परमात्मा, सचिंद्र श्रीवास्तव, रामनयन, विमल यादव, श्रवण शुक्ल आदि मौजूद रहे।
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एक सप्ताह के जद्दोजहद के बाद आखिरकार एसडीएम सदर और लेखपालों के बीच वार्ता हुई। मांगों को पूरा करने की बात पर सहमति बनी। एसडीएम के आश्वासन पर लेखपाल संघ तहसील इकाई ने मंगलवार को धरना समाप्त करने की घोषणा की। बुधवार से लेखपाल कार्य पर लौटेंगे।
उत्तर प्रदेश लेखपाल संघ तहसील इकाई 10 सूत्रीय मांगों को लेकर धरनारत रहा। इस दौरान कई बार अधिकारी और कर्मचारियों ने एक-दूसरे पर दोषारोपण भी किया। लेखपालों ने एसडीएम सदर विनीत कुमार उपाध्याय पर हठधर्मिता अपनाने का आरोप लगाया। वहीं, एसडीएम ने सफाई में कहा कि लेखपाल संघ गलत आरोप लगा रहा है। सप्ताह भर से ऊपर चले जद्दोजहद के बाद एसडीएम सदर ने लेखपालों से वार्ता की। 26 अप्रैल को किए गए ट्रांसफर को निरस्त करने पर रजामंदी बनी। पूर्व में किए गए निलंबन की कार्रवाई को वापस करने पर राजी हुए। प्रतिकूल प्रविष्टि निरस्त की गई। वार्ता सफल रहने पर अध्यक्ष लेखपाल संघ तहसील इकाई कृष्ण भूषण द्विवेदी व मंत्री उमेश चंद्र वर्मा ने धरने पर बैठे लेखपाल को धरना समाप्त करने को कहा। वरिष्ठ उपाध्यक्ष रामकरन गुप्ता ने कहा कि एक सप्ताह से चल रहे धरने में संगठन ने दिखा दिया कि एकता में बल होता है। इस दौरान रामशंकर द्विवेदी, विनय पांडेय, अरुण श्रीवास्तव, अब्दुल गफ्फार, गणेश त्रिपाठी, प्रभु यादव, बृजेश त्रिपाठी, शिवप्रसाद यादव, संजय, सुरेंद्र, राजेश गुप्ता, अनूप यादव, अशोक गुप्ता, गिरीश मिश्र, केबी राम, सोमई, प्रमोद श्रीवास्तव, परमात्मा, सचिंद्र श्रीवास्तव, रामनयन, विमल यादव, श्रवण शुक्ल आदि मौजूद रहे।
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