{"_id":"71-55973","slug":"Siddhartha-nagar-55973-71","type":"story","status":"publish","title_hn":"पछुआ हवा से बढ़ी ठिठुरन ","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
पछुआ हवा से बढ़ी ठिठुरन
Siddhartha nagar
Updated Thu, 27 Dec 2012 05:30 AM IST
विज्ञापन
सिद्धार्थनगर। जिले में दो दिन पूर्व ही सूर्य का दर्शन हुआ था, लेकिन उसके बाद गलन फिर बढ़ गई। ठंड से राहत नहीं मिल रही है। लोगाें का घर से निकलना मुश्किल हो गया है। पछुवा हवा से कोहरा तो कुछ कम हुआ है, लेकिन गलन में वृद्धि है। इस बढ़ती ठंड को देखते हुए जिला प्रशासन ने एक बार फिर आठ तक के सभी प्राइवेट और सरकारी विद्यालयों को 31 दिसंबर तक के लिए बंद कर दिया गया है।
इस बढ़ती ठंड में प्रशासन का धोखा भी लगातार जारी है। प्रशासन ने जिले के विभिन्न स्थानों को अलाव जलाने के लिए चयनित कर रखा है, लेकिन वहां अलाव नहीं जलाए जा रहे हैं। प्रशासन कागजों में ही अलाव जलवाने तक सीमित रह गया है। दो दिन पहले हल्की से धूप तो हुई, लेकिन उसके बाद गलन में काफी तेजी आई है। इस कारण लोगाें को घर से निकलना मुश्किल हो गया है। इसके बावजूद प्रशासन की तरफ से अलाव की कोई व्यवस्था नहीं है। जनपद के ककरहवा, मोहाना, बर्डपुर, लोटन, शोहरतगढ़ तहसील क्षेत्र के बढ़नी, ढेबरुआ, इटवा तहसील क्षेत्र के इटवा कस्बा, खुनियांव, आदि जगहों पर अब तक प्रशासन ने अलाव की कोई व्यवस्था नहीं की है। क्षेत्रवासियों का कहना है कि लगातार बढ़ रही ठंड के बावजूद प्रशासन अब तक आंख मूदे हुए है। जबकि इस समस्या से प्रशासन को लोगों ने अवगत भी कराया है। उसके बावजूद भी ऐसे हालात हैं। क्षेत्रवासियाें का कहना है कि जनप्रतिनिधियों में इस दिशा में कुछ नहीं कर रहे हैं। जबकि अगले ठंड के मौसम में विधानसभा चुनाव का समय था, जिस पर सभी जनप्रतिनिधियों ने वोट के चक्कर में जगह-जगह अलाव जलवाए गए थे, लेकिन चुनाव हो जाने के बाद अब कोई भी जनप्रतिनिधि सामने नहीं आ रहा है। वहीं दूसरी तरफ प्रशासन ने ज्यादा ठंडक होने की वजह से कक्षा एक से लेकर आठ तक के सभी प्राइवेट स्कूल बंद करने के निर्देश दे दिया है। इस संबंध में डीएम हृषिकेश भास्कर यशोद का कहना है कि बढ़ रही ठंड को देखते हुए कक्षा एक से लेकर आठ तक के सभी प्राइवेट और सरकारी विद्यालयों को बंद करने का निर्देश दे दिया गया है। अगर इस दौरान कोई भी स्कूल खुला रहता है तो उसके खिलाफ आवश्यक कार्रवाई की जाएगी।
विज्ञापन
इस बढ़ती ठंड में प्रशासन का धोखा भी लगातार जारी है। प्रशासन ने जिले के विभिन्न स्थानों को अलाव जलाने के लिए चयनित कर रखा है, लेकिन वहां अलाव नहीं जलाए जा रहे हैं। प्रशासन कागजों में ही अलाव जलवाने तक सीमित रह गया है। दो दिन पहले हल्की से धूप तो हुई, लेकिन उसके बाद गलन में काफी तेजी आई है। इस कारण लोगाें को घर से निकलना मुश्किल हो गया है। इसके बावजूद प्रशासन की तरफ से अलाव की कोई व्यवस्था नहीं है। जनपद के ककरहवा, मोहाना, बर्डपुर, लोटन, शोहरतगढ़ तहसील क्षेत्र के बढ़नी, ढेबरुआ, इटवा तहसील क्षेत्र के इटवा कस्बा, खुनियांव, आदि जगहों पर अब तक प्रशासन ने अलाव की कोई व्यवस्था नहीं की है। क्षेत्रवासियों का कहना है कि लगातार बढ़ रही ठंड के बावजूद प्रशासन अब तक आंख मूदे हुए है। जबकि इस समस्या से प्रशासन को लोगों ने अवगत भी कराया है। उसके बावजूद भी ऐसे हालात हैं। क्षेत्रवासियाें का कहना है कि जनप्रतिनिधियों में इस दिशा में कुछ नहीं कर रहे हैं। जबकि अगले ठंड के मौसम में विधानसभा चुनाव का समय था, जिस पर सभी जनप्रतिनिधियों ने वोट के चक्कर में जगह-जगह अलाव जलवाए गए थे, लेकिन चुनाव हो जाने के बाद अब कोई भी जनप्रतिनिधि सामने नहीं आ रहा है। वहीं दूसरी तरफ प्रशासन ने ज्यादा ठंडक होने की वजह से कक्षा एक से लेकर आठ तक के सभी प्राइवेट स्कूल बंद करने के निर्देश दे दिया है। इस संबंध में डीएम हृषिकेश भास्कर यशोद का कहना है कि बढ़ रही ठंड को देखते हुए कक्षा एक से लेकर आठ तक के सभी प्राइवेट और सरकारी विद्यालयों को बंद करने का निर्देश दे दिया गया है। अगर इस दौरान कोई भी स्कूल खुला रहता है तो उसके खिलाफ आवश्यक कार्रवाई की जाएगी।
विज्ञापन