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‘10 हजार ले लिए, पैमाइश भी नहीं की’

Thu, 05 Jul 2018 10:38 PM IST
siddharthnagar
siddharthnagar Updated Thu, 05 Jul 2018 10:38 PM IST
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‘10 हजार ले लिए, पैमाइश भी नहीं की’
शोहरतगढ़। सूबे में भाजपा की सरकार भले ही भ्रष्टाचार को रोकने का हर संभव प्रयास कर ले, लेकिन विभाग में वर्षों से भ्रष्टाचार में संलिप्त अधिकारी व कर्मचारी अपने कारगुजारी से बाज नहीं आ रहे हैं। लिहाजा क्षेत्र की गरीब, मजबूर जनता आज भी अधिकारियों का चक्कर लगा रही है।
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आलम यह है कि क्षेत्र की मजबूर जनता रिश्वतखोरी का जिम्मेदारों द्वारा शिकार हो रही है। इसके बावजूद भी समस्या का निस्तारण न होने से सरकारी कार्यालय का चक्कर काटने को मजबूर है। इसका जीता जागता उदाहरण गुरुवार को दोपहर तीन बजे तहसील क्षेत्र के कोटिया मिश्र निवासी पीड़ित कास्तकार भरतराम द्वारा आपबीती बताने पर सामने आई। पीड़ित कास्तकार भरतराम ने बताया कि सदर कानूनगो जमीन की पैमाइश के नाम पर 10 हजार रुपये मांग रहे थे। अपनी औरत का जेवर बेच कर मैंने 19 जून को कानूनगो के आवास पर ले जाकर 10 हजार रुपये दिए। दूसरे दिन कानूनगो गांव में पहुंच कर मेरे भूमि की पैमाइश को न करते हुए दूसरे की भूमि की पैमाइश कर के चले आए। इसके बाद से मैं तहसील का चक्कर लगा रहा हूं। मेरी समस्या की कोई सुनवाई तहसील में नहीं हो रही है।
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सदर कानूनगो अजीज ने बताया कि कोटिया मिश्र के कास्तकार भरतराम द्वारा मेरे ऊपर रुपये देने का आरोप निराधार है। वहीं, एसडीएम सत्यप्रकाश सिंह ने कहा कि पीड़ित कास्तकार को न्याय दिलाया जाएगा। घूस देना और लेना कानूनन अपराध है। ऐसा मामला मेरे संज्ञान में अभी तक नहीं आया था। मामले की जांच कर सत्यता के आधार पर दोषी के विरुद्ध विधिक कार्रवाई की जाएगी।
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