{"_id":"5c814d3ebdec22145c46ccb6","slug":"131551977790-siddharthnagar-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"86 हजार परिवार शौचालय से है वंचित","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
86 हजार परिवार शौचालय से है वंचित
Thu, 07 Mar 2019 10:26 PM IST
brijesh kumar
ब्यूरो/अमर उजाला सिद्धार्थनगर
ब्यूरो/अमर उजाला सिद्धार्थनगर
Published by: brijesh kumar
Updated Thu, 07 Mar 2019 10:26 PM IST
विज्ञापन
अंबेडकर सभागार में हुई बैठक में निर्देश देते डीपीआरओ।
- फोटो : अमर उजाला
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
सिद्धार्थनगर। ओडीएफ घोषित होने के बाद भी जिले के 86 हजार परिवार शौचालय से वंचित हैं। इनके यहां अब तक शौचालय नहीं बन सके हैं। ऐसे परिवारों को विभाग एक बार फिर दोबारा मौका देगा। लेकिन शर्त यह है कि इस बार शौचालय बनवाने के बाद ही विभाग की ओर से राशि दी जाएगी। डीपीआरओ अनिल सिंह ने गुरुवार को आंबेडकर सभागार में बैठक कर यह जानकारी दी है।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की अगुवाई में देश में और मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की अगुवाई में प्रदेश में स्वच्छता अभियान चलाया जा रहा है। विभाग जोरशोर से यह दावा करता आ रहा है कि जिले को ओडीएफ घोषित करते हुए एक लाख 71 हजार घरों में शौचालय बनवाया जा चुका है। डीपीआरओ अनिल सिंह ने बताया कि 2011 की जनगणना के अनुसार शौचालय बनवाए गए हैं। इस बीच फिर से बेस लाइन सर्वे कराया गया। इसमें 86 हजार परिवार ऐसे मिले हैं, जिनके घरों में शौचालय नहीं बन सके हैं। ऐसे घरों में शौचालय फिर से बनवाए जाएंगे। इसके लिए उन्होंने सेक्रेटरी को निर्देशित किया है कि हर हाल में छूटे हुए परिवारों के घरों में शौचालय बनवाए। इसमें लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। बताया कि विभाग के पोर्टल पर शौचालयों के अपलोड होने की स्थिति भी बेहद खराब है। बताया कि 57 हजार परिवारों का डाटा हर हाल में 31 मार्च तक अपलोड करना है। अगर ऐसा नहीं होता है तो कार्रवाई की जाएगी। इस मौके पर संजय तिवारी, अमित श्रीवास्तव समेत समस्त एडीओ पंचायत मौजूद रहे।
विज्ञापन
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की अगुवाई में देश में और मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की अगुवाई में प्रदेश में स्वच्छता अभियान चलाया जा रहा है। विभाग जोरशोर से यह दावा करता आ रहा है कि जिले को ओडीएफ घोषित करते हुए एक लाख 71 हजार घरों में शौचालय बनवाया जा चुका है। डीपीआरओ अनिल सिंह ने बताया कि 2011 की जनगणना के अनुसार शौचालय बनवाए गए हैं। इस बीच फिर से बेस लाइन सर्वे कराया गया। इसमें 86 हजार परिवार ऐसे मिले हैं, जिनके घरों में शौचालय नहीं बन सके हैं। ऐसे घरों में शौचालय फिर से बनवाए जाएंगे। इसके लिए उन्होंने सेक्रेटरी को निर्देशित किया है कि हर हाल में छूटे हुए परिवारों के घरों में शौचालय बनवाए। इसमें लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। बताया कि विभाग के पोर्टल पर शौचालयों के अपलोड होने की स्थिति भी बेहद खराब है। बताया कि 57 हजार परिवारों का डाटा हर हाल में 31 मार्च तक अपलोड करना है। अगर ऐसा नहीं होता है तो कार्रवाई की जाएगी। इस मौके पर संजय तिवारी, अमित श्रीवास्तव समेत समस्त एडीओ पंचायत मौजूद रहे।
विज्ञापन