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Shravasti News: पूरे दिन नहीं निकली धूप, गलन से लोग बेहाल
Sun, 04 Jan 2026 12:52 AM IST
लखनऊ ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, श्रावस्ती
संवाद न्यूज एजेंसी, श्रावस्ती
Updated Sun, 04 Jan 2026 12:52 AM IST
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खेत में लहलहा रही सरसों की फसल। - संवाद
श्रावस्ती। कड़ाके की ठंड से तराईवासी ठिठुर रहे हैं। शनिवार को पूरे दिन बादल छाए रहे, हालांकि कोहरा कम होने से वाहनों की रफ्तार पर कोई असर नहीं पड़ा। पाला पड़ने से तिलहनी फसलों पर झुलसा रोग का खतरा बढ़ गया है।
तराई वासियों पर ठंड का कहर लगातार जारी है। शुक्रवार सुबह घना कोहरा रहा, दोपहर में हल्की धूप भी निकली। दूसरे दिन शनिवार को बादल छा गए और पूरे दिन धूप नहीं निकली। न्यूनतम तापमान आठ व अधिकतम 17 डिग्री सेल्सियस रहा।
13 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से चल रही बर्फीली हवा लोगों को ठिठुरने पर मजबूर करती दिखी। पाला पड़ने से तिलहनी व आलू की फसलों में झुलसा रोग लगने की आशंका बढ़ गई है।
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हल्की सिंचाई से कम हो सकता है पाला का खतरा
जिला कृषि अधिकारी बलजीत बहादुर वर्मा ने बताया कि अभी तक फसलों को कोई विशेष नुकसान नहीं है। यदि इसी तरह मौसम रहा तो तिलहनी व आलू की फसल को झुलसा रोग लग सकता है। किसानों को चाहिए कि तिलहनी व आलू की फसल को पाला से बचाने के लिए शाम के समय हल्की सिंचाई करें। इसके साथ ही घुलनशील गंधक (0.2%) या थायोयूरिया (500 पीपीएम) का घोल बनाकर छिड़काव करें। यह पौधों को गर्म रखता है और पाले से बचाता है।
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तराई वासियों पर ठंड का कहर लगातार जारी है। शुक्रवार सुबह घना कोहरा रहा, दोपहर में हल्की धूप भी निकली। दूसरे दिन शनिवार को बादल छा गए और पूरे दिन धूप नहीं निकली। न्यूनतम तापमान आठ व अधिकतम 17 डिग्री सेल्सियस रहा।
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13 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से चल रही बर्फीली हवा लोगों को ठिठुरने पर मजबूर करती दिखी। पाला पड़ने से तिलहनी व आलू की फसलों में झुलसा रोग लगने की आशंका बढ़ गई है।
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हल्की सिंचाई से कम हो सकता है पाला का खतरा
जिला कृषि अधिकारी बलजीत बहादुर वर्मा ने बताया कि अभी तक फसलों को कोई विशेष नुकसान नहीं है। यदि इसी तरह मौसम रहा तो तिलहनी व आलू की फसल को झुलसा रोग लग सकता है। किसानों को चाहिए कि तिलहनी व आलू की फसल को पाला से बचाने के लिए शाम के समय हल्की सिंचाई करें। इसके साथ ही घुलनशील गंधक (0.2%) या थायोयूरिया (500 पीपीएम) का घोल बनाकर छिड़काव करें। यह पौधों को गर्म रखता है और पाले से बचाता है।