फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Shravasti News ›   Rain for 11 hours, fields filled with water, harvested crops submerged

Shravasti News: 11 घंटे तक बारिश, खेतों में भरा पानी, कटी फसल डूबी

Sat, 01 Nov 2025 01:56 AM IST
Lucknow Bureau लखनऊ ब्यूरो
Updated Sat, 01 Nov 2025 01:56 AM IST
विज्ञापन
Rain for 11 hours, fields filled with water, harvested crops submerged
इकौना क्षेत्र में भीगी फसल को दिखाता किसान। - फोटो : इकौना क्षेत्र में भीगी फसल को दिखाता किसान।
श्रावस्ती/कटरा। तराई में 11 घंटे तक लगातार हुई बारिश से खेतों में भरे पानी ने किसानों की चिंताएं बढ़ा दी हैं। खेतों में धान की फसल डूबने से भारी नुकसान की आशंका से किसानों के चेहरे मुरझा गए हैं। शुक्रवार को बारिश थमने के बाद अधिकांश किसान खेतों से पानी निकालते व धान की फसल को ऊंचे स्थान पर सुरक्षित करते दिखे।
विज्ञापन


तराई में बृहस्पतिवार को हुई झमाझम बारिश ने किसानों की मुसीबत बढ़ा दी है। तेज बारिश के चलते खेतों में पानी भर गया है और मड़ाई के लिए खेत में पड़ी फसल उसमें डूब गई है। खड़ी फसल भी खेतों में गिरकर पानी में डूब गई है। इकौना प्रतिनिधि के बारिश ने इकौना देहात,अकबरपुर, लयबुड़वा सहित सैकड़ों गांवों के हजारों किसानों को भारी नुकसान पहुंचाया है।
विज्ञापन

पुरैनिया निवासी किसान अनोखी लाल गुप्ता ने बताया कि उनका 10 बीघा धान खेत में मड़ाई के लिए कटा पड़ा था, जो बारिश में भीग गया है। उन्होंने बताया कि भारी नुकसान होगा और उपज आधी रह जाएगी। ऐसे में परिवार पालना भी मुश्किल होगा।
विज्ञापन
विज्ञापन

खरगौरा बस्ती निवासी मोतीलाल साहू ने बताया कि उनकी चार बीघा धान की फसल पानी में डूबी पड़ी है और सड़ने लगी है। मेंहीलाल प्रजापति ने बताया कि उनका दो बीघा धान बारिश की भेंट चढ़ गया है। किसान राधेश्याम यादव ने बताया कि दो दिन पहले ही परिवार के साथ फसल काटी थी, सब चौपट हो गई।

बाल्टी से निकाल रहे पानी, फसल ऊंचे स्थान पर पहुंचा रहे
वीरपुर प्रतिनिधि के मुताबिक में शुक्रवार को भी आसमान में छाए काले बादल किसानों की चिंता बढ़ाते रहे। सुबह से ही किसान मौसम की मार से होने वाली क्षति को कम करने के प्रयास में जुट गए। शुक्रवार को वीरपुर के महदेइया निवासी किसान बाबादीन परिवार के साथ खेत में कटी पड़ी धान की फसल को पानी से निकालकर ऊंचे स्थान पर रखते दिखे।
किसान सत्य नारायण का 20 बीघा, राज बहादुर मिश्रा का 35 बीघा, संदीप बाबा का 15 बीघा धान पानी से घिर गया है। वे खेत से पानी निकालने के साथ ही धान की फसल को सुरक्षित स्थान पर ले जाते दिखे।

जमुनहा प्रतिनिधि के मुताबिक चोंगोई निवासी शमशाद अली, ओमकार वर्मा ने बताया कि खेत में लगी 20 बीघा से अधिक धान की फसल खेत में पसर गई है। सभी किसानों ने 20 प्रतिशत तक नुकसान का आकलन किया है।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed