{"_id":"69c185c5ebec7b633f0c2a16","slug":"investigation-found-that-teak-wood-was-cut-in-a-valid-way-shravasti-news-c-104-1-srv1004-118894-2026-03-23","type":"story","status":"publish","title_hn":"Shravasti News: जांच में वैद्य मिली सागौन लकड़ी की कटान","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Shravasti News: जांच में वैद्य मिली सागौन लकड़ी की कटान
Mon, 23 Mar 2026 11:56 PM IST
लखनऊ ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, श्रावस्ती
संवाद न्यूज एजेंसी, श्रावस्ती
Updated Mon, 23 Mar 2026 11:56 PM IST
विज्ञापन
सुजानडीह बीट में लकड़ी की जांच करते वनकर्मी
गिरंट बजार। सुजानडीह वन क्षेत्र में बीते दिनों पकड़ी गई सागौन की लकड़ी का सोमवार को वन विभाग की टीम ने सत्यापन किया। इस दौरान पकड़ी गई लकड़ी के कागजात सही पाए गए।
विगत 18 मार्च को हरदत्तनगर गिरंट क्षेत्र के सुजानडीह वन क्षेत्र के कक्ष संख्या तीन में अवैध तरीके से सगौन की लकड़ी काटने की सूचना वनकर्मियों को मिली थी। इस पर डीएफओ धनराज मीणा के निर्देश पर कर्मियों ने लकड़ी को अपने कब्जे में ले लिया था। इसके बाद लकड़ी को ट्रैक्टर-ट्रालियों के साथ ही सुजानडीह बीट पर खड़ा करा दिया था।
डीएफओ के निर्देश पर गठित जांच टीम ने सोमवार को पकड़ी गई लकड़ी के दस्तावेजों का मिलान किया साथ ही वन क्षेत्र में भी बूटों की तलाश की गई। ऐसे में जांच के दौरान मामला झूठा पाया गया। इस दौरान जांच टीम में उप वनाधिकारी वेद प्रकाश, क्षेत्रीय वनाधिकारी हरि नारायण सिंह, ककरदरी रेंजर मोहित श्रीवास्तव, उप क्षेत्रीय वनाधिकारी बलराम गोंड, वन निगम के सेक्शन अधिकारी चंद्रशेखर सिंह व देवेश सिंह शामिल रहे। जांच टीम ने बताया कि जांच रिपोर्ट डीएफओ को सौंपी जाएगी। इसके बाद लकड़ी को छोड़ा जाएगा।
विज्ञापन
विज्ञापन
विगत 18 मार्च को हरदत्तनगर गिरंट क्षेत्र के सुजानडीह वन क्षेत्र के कक्ष संख्या तीन में अवैध तरीके से सगौन की लकड़ी काटने की सूचना वनकर्मियों को मिली थी। इस पर डीएफओ धनराज मीणा के निर्देश पर कर्मियों ने लकड़ी को अपने कब्जे में ले लिया था। इसके बाद लकड़ी को ट्रैक्टर-ट्रालियों के साथ ही सुजानडीह बीट पर खड़ा करा दिया था।
विज्ञापन
डीएफओ के निर्देश पर गठित जांच टीम ने सोमवार को पकड़ी गई लकड़ी के दस्तावेजों का मिलान किया साथ ही वन क्षेत्र में भी बूटों की तलाश की गई। ऐसे में जांच के दौरान मामला झूठा पाया गया। इस दौरान जांच टीम में उप वनाधिकारी वेद प्रकाश, क्षेत्रीय वनाधिकारी हरि नारायण सिंह, ककरदरी रेंजर मोहित श्रीवास्तव, उप क्षेत्रीय वनाधिकारी बलराम गोंड, वन निगम के सेक्शन अधिकारी चंद्रशेखर सिंह व देवेश सिंह शामिल रहे। जांच टीम ने बताया कि जांच रिपोर्ट डीएफओ को सौंपी जाएगी। इसके बाद लकड़ी को छोड़ा जाएगा।
विज्ञापन