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Shravasti News: बुजुर्गों को अपनी चपेट में ले रहा डायरिया, चार भर्ती
Thu, 09 Jul 2026 12:11 AM IST
लखनऊ ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, श्रावस्ती
संवाद न्यूज एजेंसी, श्रावस्ती
Updated Thu, 09 Jul 2026 12:11 AM IST
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इमरजेंसी वार्ड में भर्ती मरीज।
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श्रावस्ती। मौसम में लगातार हो रहा उतार-चढ़ाव लोगों की सेहत को बिगाड़ रहा है। इससे बुजुर्ग व बच्चे अधिक चपेट में आ रहे हैं। बुधवार को इमरजेंसी वार्ड में डायरिया के लक्षण वाले चार मरीजों को भर्ती कराया गया। ऐसे में चिकित्सक मरीजों का इलाज करने के साथ ही उन्हें बीमारी से बचने के उपाय भी सुझा रहे हैं।
तराई में लगातार भीषण गर्मी लोगों के लिए मुसीबत बन गई है। वहीं, बीते एक सप्ताह से यदाकदा हो रही बूंदाबांदी से उमस और अधिक बढ़ गई है। ऐसे में लोगों की सेहत पर भी दुष्प्रभाव पड़ रहा है। जिला चिकित्सालय में मौसम जनित बीमारियों से ग्रसित अधिक मरीज पहुंच रहे हैं। बुधवार को जिला अस्पताल में 875 मरीजों ने पंजीकरण कराया। चिकित्सक डॉ. एनएन पांडेय ने बताया कि ओपीडी में 75 मरीजों को देखा गया। इनमें ज्यादातर मरीज उल्टी, दस्त व पेट दर्द के मरीज रहे। वहीं, इमरजेंसी वार्ड में डायरिया के लक्षण वाले चार मरीज भर्ती हुए। इनमें इटहिया निवासी झब्बर (60), मोहरनिया निवासी इमाम हुसैन (62), सर्रा निवासी चंदन (15) तथा बघौड़ा निवासी बाबूलाल (65) शामिल रहे। वहीं, ओपीडी में मरीजों की लाइन लगी दिखी। साथ ही पैथालॉजी व अल्ट्रासाउंड कक्ष में भी मरीजों को जांच कराने व रिपोर्ट लेने के लिए घंटों इंतजार करना पड़ा।
यह बोले चिकित्सक
संयुक्त जिला चिकित्सालय के चिकित्सक डॉ. अभिनव पांडेय ने बताया कि अधिक गर्मी होने से पाचन क्रिया सुस्त हो जाती है। ऐसे में तले-भुने व अधिक मसाले वाले खाद्य पदार्थ का कम सेवन करना चाहिए। सुबह 10 बजे से चार बजे तक धूप में निकलने से बचें। इस मौसम में बुजुर्गों व बच्चों को अधिक सावधान रहने की आवश्यकता होती है। क्योंकि इनमें रोग प्रतिरोधक क्षमता कम होती है साथ ही पाचन क्रिया भी कमजोर होती है। इसलिए हल्का भोजन करना चाहिए। साथ ही भोजन में खीरा, नींबू, टमाटर, प्याज आदि का सलाद अवश्य शामिल करना चाहिए।
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तराई में लगातार भीषण गर्मी लोगों के लिए मुसीबत बन गई है। वहीं, बीते एक सप्ताह से यदाकदा हो रही बूंदाबांदी से उमस और अधिक बढ़ गई है। ऐसे में लोगों की सेहत पर भी दुष्प्रभाव पड़ रहा है। जिला चिकित्सालय में मौसम जनित बीमारियों से ग्रसित अधिक मरीज पहुंच रहे हैं। बुधवार को जिला अस्पताल में 875 मरीजों ने पंजीकरण कराया। चिकित्सक डॉ. एनएन पांडेय ने बताया कि ओपीडी में 75 मरीजों को देखा गया। इनमें ज्यादातर मरीज उल्टी, दस्त व पेट दर्द के मरीज रहे। वहीं, इमरजेंसी वार्ड में डायरिया के लक्षण वाले चार मरीज भर्ती हुए। इनमें इटहिया निवासी झब्बर (60), मोहरनिया निवासी इमाम हुसैन (62), सर्रा निवासी चंदन (15) तथा बघौड़ा निवासी बाबूलाल (65) शामिल रहे। वहीं, ओपीडी में मरीजों की लाइन लगी दिखी। साथ ही पैथालॉजी व अल्ट्रासाउंड कक्ष में भी मरीजों को जांच कराने व रिपोर्ट लेने के लिए घंटों इंतजार करना पड़ा।
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यह बोले चिकित्सक
संयुक्त जिला चिकित्सालय के चिकित्सक डॉ. अभिनव पांडेय ने बताया कि अधिक गर्मी होने से पाचन क्रिया सुस्त हो जाती है। ऐसे में तले-भुने व अधिक मसाले वाले खाद्य पदार्थ का कम सेवन करना चाहिए। सुबह 10 बजे से चार बजे तक धूप में निकलने से बचें। इस मौसम में बुजुर्गों व बच्चों को अधिक सावधान रहने की आवश्यकता होती है। क्योंकि इनमें रोग प्रतिरोधक क्षमता कम होती है साथ ही पाचन क्रिया भी कमजोर होती है। इसलिए हल्का भोजन करना चाहिए। साथ ही भोजन में खीरा, नींबू, टमाटर, प्याज आदि का सलाद अवश्य शामिल करना चाहिए।
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