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बारिश से फसलें बर्बाद, उझले सब्जियों के दाम
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थानाभवन में बरसात से खराब हूई गोभी की फसल
- फोटो : SHAMLI
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लगातार बारिश से पलेज खराब हुई, किसान परेशान, लोगों पर भी महंगाई की मार
फोटो
शामली/ थानाभवन। पिछले चार दिन लगातार बारिश ने पलेज की फसलों को भारी नुकसान पहुंचाया है। काफी किसानों की फसल सड़ गई है, लिहाजा मंडियों में सब्जियों की आवक भी कम हो गई है और बाजार में सब्जियों के भाव भी चढ़ गए। पांच दिनों में सब्जियों के दाम डेढ़ से दोगुना हो गए हैं।
पांच दिन पहले बारिश न होने से किसान व आम आदमी गर्मी और धूप की तपिश से परेशान था, लेकिन जब बारिश का दौर शुरू हुआ तो किसानों को उम्मीद जगी कि फसलें अच्छी होगी, जिससे उनकी अच्छी आमदनी होगी। लेकिन, पांच दिन से लगातार खेतों में पानी बरस रहा है। अब हालत ये है कि खेत जलमग्न हैं, जिससे पलेज की फसलें जैसे तुरई, लौकी, टमाटर, हरी मिर्च, कद्दू, गोभी आदि खेतों में ही सड़नी शुरू हो गई है। इस कारण मंडियों में भी इन सब्जियों की आवक 20-35 प्रतिशत रह गई है। माल कम होने से सब्जियों के भाव भी तेज हो गए हैं। अमर उजाला टीम ने शामली सब्जी मंडी में जाकर जानकारी जुटाई तो पता चला कि कई सब्जियों के दाम पांच दिनों में दाम डेढ़ से दो गुना हो गए, जिसका असर आम लोगों की जेबों पर हुआ है।
सब्जी मंडी में दाम (प्रति किलो)
सब्जी एक सप्ताह पूर्व आज
फूल गोभी 12 30
लौकी 5 16
हरी मिर्च 25 40
खीरा 15 30
तुरई 12 25
टमाटर 18 35
अरबी 20 30
बैंगन- 20 30
बोले परेशान किसान
इतनी अधिक बारिश हुई कि खेत में फसल खराब हो रही है। जिसे अब देखा भी नहीं जा रहा। बारिश से उम्मीद थी कि फल बढ़ेगा तो आमदनी बढ़ेगी। लेकिन, ये पता नहीं था कि बारिश के बाद फसल ही नहीं बचेगी।--इंतजार अली, हसनपुर लुहारी
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खेत में गोभी की फसल लगाई थी। बारिश से पूरी फसल खराब हो गई। पांच बीघा खेत खराब होने से हजारों का नुकसान हुआ है। सिर्फ मेरा ही नहीं बल्कि बारिश से आसपास के सभी किसानों का नुकसान हुआ है।--चरण सिंह निवासी भनेड़ा उद्दा
इस साल पहले तो बारिश ने बड़ा इंतजार कराया और जब बारिश आई तो इस तरह बरसा कि पूरे खेत की फसल खराब कर दी। जब फसल खेत में ही खराब हो गई तो इसका असर बाजार में दिखना तो लाजिमी है। सरकार को इसके लिए मुआवजा देना चाहिए।--देवेंद्र राणा, भनेड़ा
हर साल मैं खेत में पलेज की फसल लगाता हूं। इससे इन दिनों रूटीन में अच्छी आमदनी हो जाती है। लेकिन, इस बार बारिश ने सिर्फ फसल खराब की, बल्कि घर का बजट भी बिगाड़ कर रख दिया। इस साल खेत में काफी नुकसान हुआ है।--राजीव राणा निवासी नौजल
कोट
चार पांच दिन बारिश होने से की वजह से किसानों की सब्जी की फसलों को नुकसान हुआ है।, बेल वाली फसलों को सबसे ज्यादा नुकसान हुआ है। चार दिनों से मंडी में सभी तरह की सब्जियों की आवक आधे से भी कम रह गई है इस वजह से दाम भी बढ़े हैं। टमाटर का जो करेट चार दिन पहले 400 रुपये का था तो बृहस्पतिवार को 700 रुपये का बिका। माल कम होने की वजह से ही दाम बढ़े हैं।
प्रवीण सैनी आढ़ती
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फोटो
शामली/ थानाभवन। पिछले चार दिन लगातार बारिश ने पलेज की फसलों को भारी नुकसान पहुंचाया है। काफी किसानों की फसल सड़ गई है, लिहाजा मंडियों में सब्जियों की आवक भी कम हो गई है और बाजार में सब्जियों के भाव भी चढ़ गए। पांच दिनों में सब्जियों के दाम डेढ़ से दोगुना हो गए हैं।
पांच दिन पहले बारिश न होने से किसान व आम आदमी गर्मी और धूप की तपिश से परेशान था, लेकिन जब बारिश का दौर शुरू हुआ तो किसानों को उम्मीद जगी कि फसलें अच्छी होगी, जिससे उनकी अच्छी आमदनी होगी। लेकिन, पांच दिन से लगातार खेतों में पानी बरस रहा है। अब हालत ये है कि खेत जलमग्न हैं, जिससे पलेज की फसलें जैसे तुरई, लौकी, टमाटर, हरी मिर्च, कद्दू, गोभी आदि खेतों में ही सड़नी शुरू हो गई है। इस कारण मंडियों में भी इन सब्जियों की आवक 20-35 प्रतिशत रह गई है। माल कम होने से सब्जियों के भाव भी तेज हो गए हैं। अमर उजाला टीम ने शामली सब्जी मंडी में जाकर जानकारी जुटाई तो पता चला कि कई सब्जियों के दाम पांच दिनों में दाम डेढ़ से दो गुना हो गए, जिसका असर आम लोगों की जेबों पर हुआ है।
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सब्जी एक सप्ताह पूर्व आज
फूल गोभी 12 30
लौकी 5 16
हरी मिर्च 25 40
खीरा 15 30
तुरई 12 25
टमाटर 18 35
अरबी 20 30
बैंगन- 20 30
बोले परेशान किसान
इतनी अधिक बारिश हुई कि खेत में फसल खराब हो रही है। जिसे अब देखा भी नहीं जा रहा। बारिश से उम्मीद थी कि फल बढ़ेगा तो आमदनी बढ़ेगी। लेकिन, ये पता नहीं था कि बारिश के बाद फसल ही नहीं बचेगी।--इंतजार अली, हसनपुर लुहारी
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खेत में गोभी की फसल लगाई थी। बारिश से पूरी फसल खराब हो गई। पांच बीघा खेत खराब होने से हजारों का नुकसान हुआ है। सिर्फ मेरा ही नहीं बल्कि बारिश से आसपास के सभी किसानों का नुकसान हुआ है।--चरण सिंह निवासी भनेड़ा उद्दा
इस साल पहले तो बारिश ने बड़ा इंतजार कराया और जब बारिश आई तो इस तरह बरसा कि पूरे खेत की फसल खराब कर दी। जब फसल खेत में ही खराब हो गई तो इसका असर बाजार में दिखना तो लाजिमी है। सरकार को इसके लिए मुआवजा देना चाहिए।--देवेंद्र राणा, भनेड़ा
हर साल मैं खेत में पलेज की फसल लगाता हूं। इससे इन दिनों रूटीन में अच्छी आमदनी हो जाती है। लेकिन, इस बार बारिश ने सिर्फ फसल खराब की, बल्कि घर का बजट भी बिगाड़ कर रख दिया। इस साल खेत में काफी नुकसान हुआ है।--राजीव राणा निवासी नौजल
कोट
चार पांच दिन बारिश होने से की वजह से किसानों की सब्जी की फसलों को नुकसान हुआ है।, बेल वाली फसलों को सबसे ज्यादा नुकसान हुआ है। चार दिनों से मंडी में सभी तरह की सब्जियों की आवक आधे से भी कम रह गई है इस वजह से दाम भी बढ़े हैं। टमाटर का जो करेट चार दिन पहले 400 रुपये का था तो बृहस्पतिवार को 700 रुपये का बिका। माल कम होने की वजह से ही दाम बढ़े हैं।
प्रवीण सैनी आढ़ती