UP: ईरान में फंसे शामली के मर्चेंट नेवी कैप्टन, परिजनों ने सलामती के लिए किया हवन, सरकार से लगाई ये गुहार
शामली के गांव भैंसवाल निवासी मर्चेंट नेवी कैप्टन विजय कुमार ईरान में फंसे हैं। परिजनों ने ईरानी नेवी पर जहाज रोकने का आरोप लगाते हुए सरकार से सकुशल भारत लाने की मांग की है।
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गढ़ीपुख्ता थानाक्षेत्र के गांव भैंसवाल में मर्चेंट नेवी में कैप्टन विजय कुमार ईरान में फंसे हुए हैं। उनके माता-पिता का रो-रोकर बुरा हाल बना है। परिजन उनकी सलामती और जल्द वापसी के लिए जहां घर पर हवन कर पूजा अर्चना कर रहे हैं, वहीं उन्होंने भारत सरकार, विदेश मंत्रालय और मुख्यमंत्री को पत्र भेजकर बेटे के साथ सभी भारतीयों को सकुशल भारत वापस लाने की गुहार लगाई है।
कैप्टन विजय कुमार के पिता चरण सिंह सेवानिवृत्त शिक्षक है। 76 वर्षीय बुजुर्ग पिता ने बताया कि उनके बेटे विजय कुमार मर्चेंट नेवी में आरपीएसआई एजेंसी इंडिया एसएसडीएम मैरीन सर्विस प्राइवेट लिमिटेड वाराणसी के वायलेंट राउर (कंपनी प्राइम टैंकर एलआईसी दुबई) पर जहाज में कैप्टन के पद पर तैनात है।
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उन्होंने बताया कि उनके बेटे विजय और अन्य 16 भारतीयों और दो विदेशी कर्मचारियों को ईरान की नेवी ने गिरफ्तार कर आठ दिसंबर 2025 से बंधक बनाए हुए है। इसकी जानकारी उन्हें फोन पर मिली। तब से वह अपने बेटे को लेकर चिंतित है। उसे अपने बेटे के बारे में कोई सूचना नहीं मिल पा रही है।
चरण सिंह ने बताया कि विजय कुमार चार माह पहले ड्यूटी पर गए थे। अमेरिका से तेल लेकर जहाज भारत की ओर आ रहा था, लेकिन ईरान के रास्ते में वहां की नेवी ने जहाज को रोक लिया और विजय सहित सभी क्रू मेंबर्स को जहाज में ही बंधक बना लिया गया।
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विजय कुमार वर्ष 2009 में मर्चेंट नेवी में भर्ती हुए थे। उनकी पहली पोस्टिंग सिंगापुर में हुई थी। वर्तमान में विजय की पत्नी अपने दो बच्चों के साथ मेरठ में रहती हैं, जहां बच्चे पढ़ाई कर रहे हैं। चरण सिंह ने बताया कि विजय के साथ कई अन्य भारतीय मर्चेंट नेवी अधिकारी भी ईरान में बंधक बनाए गए हैं।
बेटे की कुशलता और घर पर जल्द वापसी के लिए माता-पिता व अन्य परिजन आर्य समाज रीति रिवाज से हवन यज्ञ कर रहे है। बेटे के ईरान में फंसे होने से मां के आंसू नहीं थम रहे हैं। उनका रो-रोकर बुरा हाल है।
पीड़ित माता-पिता ने भारत सरकार और विदेश मंत्रालय के साथ मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ से गुहार लगाई है कि अपने स्तर से इस मामले में हस्तक्षेप कर जल्द से जल्द उनके बेटे सहित सभी भारतीय नागरिकों को सकुशल भारत वापस लाया जाए।