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गो, गंगा और गायत्री के बिना संसार का महत्व नहीं
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गो, गंगा और गायत्री के बिन संसार का महत्व नहीं
शामली, कांधला। नगर के सिद्धपीठ महादेव मंदिर एवं शनिधाम पर आयोजित श्रीमद् भागवत कथा सप्ताह के तीसरे दिन मंगलवार को कथा व्यास ब्रजमोहन सेमवाल महाराज ने कहा कि सनातन धर्म में गो, गंगा, गायत्री का सर्वोच्च स्थान है। इनके बिना संसार का महत्व नहीं है। इसलिए मानव जन्म लेने वाले प्रत्येक प्राणी को तीनों का सुमिरन, पूजन, अर्चना कर संस्कृति की रक्षा करनी होगी।
कथा व्यास ने कहा कि भारत में जन्मे सनातनियों की उदासीनता के कारण गो, गंगा, गायत्री का अस्तित्व खतरे में है। इनका अस्तित्व बचाए रखने के लिए सजग होना होगा। उन्होंने कहा कि हम सभी को सत्य का आश्रय लेना चाहिए। सत्य का एकमात्र आश्रय हर जीव ग्रहण करता है और सत्य को सभी स्वीकार करते हैं। चाहे वह किसी भी धर्म, संप्रदाय या जाति से हो। आचार्य ब्रजमोहन सेमवाल ने कथा प्रसंग में भगवान विष्णु द्वारा जगत कल्याण के लिए गए नृसिंह अवतार की कथा सुनाई। इसके समापन पर श्रीमद् भागवत कथा महापुराण की आरती के पश्चात प्रसाद वितरण हुआ। यहां कथा प्रभारी शशिभूषण, बाबू कश्यप, चंदकी गोयल, ब्रिजेश गोयल, साहब सिंह सैनी, सुभाष सैनी, विपुल शर्मा, सुभाष सैनी, महेंद्र अग्रवाल, नरेश सैनी, रामकुमार शर्मा, पंकज गर्ग, जितेंद्र सैनी, शिवकुमार, सतबीर, बाबू कश्यप समेत दर्जनों लोग उपस्थित रहे।
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शामली, कांधला। नगर के सिद्धपीठ महादेव मंदिर एवं शनिधाम पर आयोजित श्रीमद् भागवत कथा सप्ताह के तीसरे दिन मंगलवार को कथा व्यास ब्रजमोहन सेमवाल महाराज ने कहा कि सनातन धर्म में गो, गंगा, गायत्री का सर्वोच्च स्थान है। इनके बिना संसार का महत्व नहीं है। इसलिए मानव जन्म लेने वाले प्रत्येक प्राणी को तीनों का सुमिरन, पूजन, अर्चना कर संस्कृति की रक्षा करनी होगी।
कथा व्यास ने कहा कि भारत में जन्मे सनातनियों की उदासीनता के कारण गो, गंगा, गायत्री का अस्तित्व खतरे में है। इनका अस्तित्व बचाए रखने के लिए सजग होना होगा। उन्होंने कहा कि हम सभी को सत्य का आश्रय लेना चाहिए। सत्य का एकमात्र आश्रय हर जीव ग्रहण करता है और सत्य को सभी स्वीकार करते हैं। चाहे वह किसी भी धर्म, संप्रदाय या जाति से हो। आचार्य ब्रजमोहन सेमवाल ने कथा प्रसंग में भगवान विष्णु द्वारा जगत कल्याण के लिए गए नृसिंह अवतार की कथा सुनाई। इसके समापन पर श्रीमद् भागवत कथा महापुराण की आरती के पश्चात प्रसाद वितरण हुआ। यहां कथा प्रभारी शशिभूषण, बाबू कश्यप, चंदकी गोयल, ब्रिजेश गोयल, साहब सिंह सैनी, सुभाष सैनी, विपुल शर्मा, सुभाष सैनी, महेंद्र अग्रवाल, नरेश सैनी, रामकुमार शर्मा, पंकज गर्ग, जितेंद्र सैनी, शिवकुमार, सतबीर, बाबू कश्यप समेत दर्जनों लोग उपस्थित रहे।
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