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एक्सक्लूसिव: जिला बनने के नौ साल बाद भी नहीं सुधरी हालत, पोषण योजना से 61 हजार मासूम महरूम

Fri, 22 Jan 2021 04:40 PM IST
मेरठ ब्यूरो गिरिराज सिंह, अमर उजाला, शामली
गिरिराज सिंह, अमर उजाला, शामली Published by: मेरठ ब्यूरो Updated Fri, 22 Jan 2021 04:40 PM IST
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Riya gets first place in poster competition
फाइल फोटो - फोटो : अमर उजाला

उत्तर प्रदेश में शामली जिला बनने के नौ साल बाद भी जनपद के शहरी क्षेत्र में बाल विकास परियोजनाएं शुरू नहीं हो सकीं। नतीजतन आंगनबाड़ी केंद्रों पर मिलने वाले पोषाहार का लाभ केवल ग्रामीण क्षेत्र के बच्चों को ही मिल रहा है। शहर की आबादी के लगभग 61 हजार बच्चे पोषण योजना से वंचित हैं।

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मुजफ्फरनगर से अलग होकर 2011 में शामली जिला बना। मुजफ्फरनगर जिले में होने के दौरान भी शामली क्षेत्र के किसी कस्बे में बाल विकास परियोजना नहीं थी। अलग जिला बनने के बावजूद इस पर किसी ने ध्यान नहीं दिया गया। जिले के दस नगर निकायों में तीन नगर पालिकाएं और सात नगर पंचायतें हैं। वर्ष 2011 की जनगणना के अनुसार जिले के सभी नगर निकायों में लगभग चार लाख दस हजार की आबादी रहती है। इनमें छह माह से छह वर्ष तक के बच्चों की अनुमानित संख्या लगभग 61 हजार से ज्यादा है।
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एक हजार की आबादी पर 150 बच्चों का औसत
एक हजार की आबादी पर शून्य से छह वर्ष तक के लगभग 150 बच्चों का औसत है। इस हिसाब से जिले के शहरी क्षेत्र की चार लाख 10 हजार की आबादी पर लगभग 61 हजार से ज्यादा बच्चे छह वर्ष की आयु तक के हैं।
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410 आंगनबाड़ी केंद्रों की आवश्यकता
एक हजार की आबादी पर एक आंगनबाड़ी केंद्र होना चाहिए। शहरी क्षेत्र की चार लाख दस हजार की आबादी पर लगभग 410 केंद्र बनने चाहिए। अभी केवल ग्रामीण क्षेत्रों में ही 985 आंगनबाड़ी केंद्र चल रहे हैं। इन केंद्रों पर छह माह से छह वर्ष तक के 45839 और तीन से छह वर्ष तक के 21225 बच्चे एवं 21 हजार 874 गर्भवती एवं धात्री महिलाएं शामिल हैं।

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नगर निकायों की आबादी
नगर निकाय --- आबादी       ---    छह माह से छह वर्ष तक बच्चे (अनुमानित)
शामली --         107000     ---             16050
कैराना --           89000      ---              13350
कांधला --          46796       ---             7019
गढ़ीपुख्ता --       35804       --               5370
ऊन --               15124       ---             2268
झिंझाना --           18740       --             2811
जलालाबाद --       27921       --            4188
थानाभवन --         36669       --            5500
एलम --               13052       --            1957
बनत ---                20718     ---            3109

ग्रामीण क्षेत्र की स्थिति
ब्लॉक ---              आंगनबाड़ी केंद्र --- बच्चे (6 माह-6 साल तक) -- बच्चे (3 से 6 साल तक)-- गर्भवती महिलाएं
ऊन ---                     242             --  11856 --                                7550 ---                      6518
कैराना --                    168              --- 9596 --                               4573 ---                       4332
थानाभवन--                  215 ---            9917 ---                                3423 ---                      4678
शामली ---                   194 ---            6947 ----                                2221 ---                      3071
कांधला ---                    166 ---            7513 ---                                  3458 ---                      3275
कुल --                           985 ---           45839 ---                                 21225 ---                    21874

बोले अधिकारी...
शहरी क्षेत्र में बाल विकास परियोजना संचालित नहीं है। इस संबंध में प्रस्ताव तैयार कराकर डीएम के माध्यम से शासन को भिजवाया जाएगा। - संतोष श्रीवास्तव, डीपीओ।

बोले सांसद...
शामली के शहरी क्षेत्रों में बाल विकास परियोजनाओं का संचालन कराने के लिए प्रयास किया जाएगा। इस संबंध में अधिकारियों से जानकारी लेकर शासन स्तर पर पैरवी की जाएगी। - प्रदीप चौधरी, सांसद, कैराना।

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