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Shamli News: चार साल में 50 करोड़ खर्च कर 38 गांवों तक ही पहुंचा शुद्ध पानी

Wed, 05 Apr 2023 04:47 PM IST
मेरठ ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, शामली
संवाद न्यूज एजेंसी, शामली Updated Wed, 05 Apr 2023 04:47 PM IST
सार

जल जीवन मिशन योजना का कार्य इतना धीमी गति से चल रहा है कि जनपद में चार साल में मात्र 38 ग्राम पंचायताें के 96 हजार घरों तक ही शुद्ध पेयजल पहुंचा है। इसमें 50 करोड़ का खर्च आया है। 239 गांवाें में पाइप लाइन बिछाने के लिए 511 करोड़ रुपये खर्च होने हैं।

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Pure water reached only 38 villages by spending 50 crores in four years
जल - फोटो : अमर उजाला

विस्तार

जल जीवन मिशन योजना का कार्य इतना धीमी गति से चल रहा है कि जनपद में चार साल में मात्र 38 ग्राम पंचायताें के 96 हजार घरों तक ही शुद्ध पेयजल पहुंचा है। इसमें 50 करोड़ का खर्च आया है। 239 गांवाें में पाइप लाइन बिछाने के लिए 511 करोड़ रुपये खर्च होने हैं। लेकिन अभी तक 105 गांवों में जमीन तक विभाग को नहीं मिल पाई है। सरकार का लक्ष्य 2024 तक हर घर जल पहुंचाने का है।

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15 अगस्त वर्ष 2019 को जल जीवन मिशन योजना का प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने शुभारंभ किया था। जिससे गांवों के लोगों को शुद्ध पानी उपलब्ध कराया जा सके। ग्रामीणों को प्रदूषित पानी से भी छुटकारा दिलाया जा सके। इसके लिए जल निगम को जिम्मेदारी सौंपी गई थी। जल निगम को पहले चरण में करीब 50 गांवों का चयन करने के आदेश दिए गए थे। एक गांव में पाइप लाइन बिछाने के लिए आबादी के अनुसार बजट खर्च होना था।
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उसके बाद शासन ने सभी गांवों में योजना लागू करने के लिए प्रस्ताव भेजने के निर्देश दिए। जल निगम ने जनपद के 239 गांवों में पाइप लाइन बिछाने और टंकी निर्माण के लिए 511 करोड़ रुपये का प्रस्ताव बनाकर भेजा था। जिस पर सरकार ने मुहर लगा दी थी। पाइप लाइन बिछाने और टंकी निर्माण के लिए दो कंपनी काे अलग-अलग जिम्मेदारी साैंपी गई। कार्य के अनुसार बजट भी जारी कर दिया।
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134 गांवों में ही मिल पाई जमीन
योजना के तहत जब भूमि तलाश की गई तो 239 में से 134 गांवों में ही जमीन मिल पाई। इनमें से अभी तक मात्र 38 गांव में ही कार्य पूरा हो सका है। 96 गांवों में ग्रामीणों को शुद्ध जल के लिए अभी इंतजार करना पड़ेगा। इनमें से किसी गांव में 60 प्रतिशत तो किसी में 50 प्रतिशत तो कई गांवों में 40 प्रतिशत के ही करीब कार्य हुआ है।

कई गांवों में सड़कों उखाड़ दिया है, लेकिन पाइप लाइन तक नहीं बिछाई है। इससे ग्रामीण भी काफी परेशान हैं। कंपनी के धीमी गति से कार्य करने पर प्रशासनिक और जल निगम के अधिकारी कोई कार्रवाई नहीं कर रहे हैं। ऐसे में 2024 तक हर घर जल पहुंचाने का लक्ष्य पूरा नहीं हो सकेगा।

इन गांवों में हुआ कार्य पूरा
ऊन ब्लॉक के दथहेरा, टोड़ा, खेड़ी खुशनाम, ताना, गढ़ी हसनपुर, गागौर, गंगारामपुर खेड़ी, बिड़ौली, मुंडेट खादर, सूभरी, हसनपुर, राझड़, थानाभवन ब्लॉक के मनट मन्टी, यारपुर, खेड़ागदाई, कैल शिकारपुर, उमरपुर, जाफरपुर, दखौड़ी जमालपुर, भंदौड़ा, काजीपुर, ठिर्वा, मस्तगढ़, शामली ब्लॉक के जलालपुर, गोहरनी, जंधेड़ी, कांधला ब्लॉक के आल्दी, कैराना ब्लॉक के टिटौली, गंदराऊ, बीबीपुर की हटिया, अलीपुर आदि गांव शामिल हैं।

जल जीवन मिशन के तहत कार्य तेजी से किया जा रहा है। उनका लक्ष्य सभी घराें तक शुद्ध पानी पहुंचाने का है। कंपनी को भी तेजी से कार्य करने के आदेश दिए गए हैं। जिन गांवों में जमीन नहीं मिली है उसके लिए पंचायतों को पत्र लिखा गया है। -मनोज कुमार पाल, अवर अभियंता, शामली।

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