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Shamli News: ब्याज माफी योजना से 8 हजार से अधिक व्यापारियों को मिलेगी राहत
Sun, 25 Oct 2026 01:20 AM IST
मेरठ ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, शामली
संवाद न्यूज एजेंसी, शामली
Updated Sun, 25 Oct 2026 01:20 AM IST
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शामली। सरकार की ब्याज माफी योजना-2026 से शामली जिले के आठ हजार से अधिक व्यापारियों को लाभ मिलने की उम्मीद है।
योजना के तहत 31 दिसंबर 2025 तक के निर्धारित बकाये पर ब्याज और अर्थदंड में छूट दी जाएगी। बकाये की धनराशि के आधार पर ब्याज में 50 से 100 प्रतिशत तक छूट का प्रावधान किया गया है। वहीं, बकाया जमा नहीं करने पर लगाए गए अर्थदंड में भी 100 प्रतिशत तक छूट मिलेगी। योजना से जिले के आठ हजार से अधिक व्यापारियों को राहत मिलेगी।
जीएसटी उपायुक्त डॉ. लोमेश के अनुसार, योजना के तहत व्यापारियों को बकाया मूलधन जमा करना होगा। 10 लाख रुपये तक के मूल बकाये पर पूरा ब्याज माफ होगा। 10 लाख रुपये से अधिक और एक करोड़ रुपये तक के बकाये पर 90 प्रतिशत ब्याज माफी मिलेगी। एक करोड़ से अधिक और पांच करोड़ रुपये तक के बकाये पर 75 प्रतिशत, जबकि पांच करोड़ रुपये से अधिक के बकाये पर 50 प्रतिशत ब्याज माफ किया जाएगा। सभी श्रेणियों में निर्धारित शर्तों के तहत बकाया जमा नहीं करने पर लगाए गए अर्थदंड में पूरी छूट का प्रावधान है। शासनादेश के अनुसार, ब्याज माफी योजना जारी होने की तिथि से तीन महीने तक प्रभावी रहेगी। जरूरत पड़ने पर इसकी अवधि बढ़ाई जा सकती है।
ऑनलाइन करना होगा आवेदन
योजना का लाभ लेने के लिए व्यापारियों को राज्य कर विभाग के पोर्टल पर ऑनलाइन आवेदन करना होगा। इसके लिए पहले बकाया मूलधन, ब्याज और अर्थदंड की गणना कर निर्धारित धनराशि जमा करनी होगी। इसके बाद आवेदन किया जा सकेगा। संबंधित अधिकारी आवेदन का सत्यापन कर आरसी बेबाक होने का प्रमाणपत्र जारी करेंगे।
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योजना के तहत 31 दिसंबर 2025 तक के निर्धारित बकाये पर ब्याज और अर्थदंड में छूट दी जाएगी। बकाये की धनराशि के आधार पर ब्याज में 50 से 100 प्रतिशत तक छूट का प्रावधान किया गया है। वहीं, बकाया जमा नहीं करने पर लगाए गए अर्थदंड में भी 100 प्रतिशत तक छूट मिलेगी। योजना से जिले के आठ हजार से अधिक व्यापारियों को राहत मिलेगी।
जीएसटी उपायुक्त डॉ. लोमेश के अनुसार, योजना के तहत व्यापारियों को बकाया मूलधन जमा करना होगा। 10 लाख रुपये तक के मूल बकाये पर पूरा ब्याज माफ होगा। 10 लाख रुपये से अधिक और एक करोड़ रुपये तक के बकाये पर 90 प्रतिशत ब्याज माफी मिलेगी। एक करोड़ से अधिक और पांच करोड़ रुपये तक के बकाये पर 75 प्रतिशत, जबकि पांच करोड़ रुपये से अधिक के बकाये पर 50 प्रतिशत ब्याज माफ किया जाएगा। सभी श्रेणियों में निर्धारित शर्तों के तहत बकाया जमा नहीं करने पर लगाए गए अर्थदंड में पूरी छूट का प्रावधान है। शासनादेश के अनुसार, ब्याज माफी योजना जारी होने की तिथि से तीन महीने तक प्रभावी रहेगी। जरूरत पड़ने पर इसकी अवधि बढ़ाई जा सकती है।
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ऑनलाइन करना होगा आवेदन
योजना का लाभ लेने के लिए व्यापारियों को राज्य कर विभाग के पोर्टल पर ऑनलाइन आवेदन करना होगा। इसके लिए पहले बकाया मूलधन, ब्याज और अर्थदंड की गणना कर निर्धारित धनराशि जमा करनी होगी। इसके बाद आवेदन किया जा सकेगा। संबंधित अधिकारी आवेदन का सत्यापन कर आरसी बेबाक होने का प्रमाणपत्र जारी करेंगे।
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