{"_id":"6001d8ca8ebc3e34015bb9e5","slug":"free-education-will-be-provided-to-the-children-roaming-the-streets-shamli-news-mrt520711295","type":"story","status":"publish","title_hn":"सड़कों पर घूम रहे बच्चों को दिलाई जाएगी निशुल्क शिक्षा","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
सड़कों पर घूम रहे बच्चों को दिलाई जाएगी निशुल्क शिक्षा
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
शामली। उत्तर प्रदेश राज्य बाल संरक्षण आयोग के अध्यक्ष डॉ. विशेष गुप्ता ने जिला स्तरीय अधिकारियों की बैठक में बाल भिक्षावृत्ति रोकने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि सड़कों पर घूम रहे सभी बच्चों को शिक्षा दिलाई जाएगी।
शुक्रवार को नवीन विकास भवन में सीडीओ कक्ष में उत्तर प्रदेश राज्य बाल संरक्षण आयोग के अध्यक्ष डा.विशेष गुप्ता ने जिले में नाबालिग बच्चों के लिए प्रदेश सरकार द्वारा संचालित सरकारी-गैर सरकारी योजनाओं की बैठक करते हुए समीक्षा की और बच्चों से जुड़ी सभी योजनाओं को धरातल पर उतारने के निर्देश दिए। बेसिक शिक्षा विभाग की समीक्षा करते हुए कहा जो बच्चे स्कूल में रजिस्टर्ड नहीं है, ऐसे बच्चों को भी मोहल्ला क्लास के माध्यम से शिक्षा प्रदान की जाए। सहायक श्रमायुक्त संतोष नरहरि से कहा किजो बच्चे भिक्षावृत्ति करते हुए पाए जाते हैं, ऐसे बच्चों को बाल कल्याण समिति के समक्ष अवश्य पेश किया जाए। उसके बाद ही उनके पुनर्वासन की कार्रवाई की जाए।
उन्होंने कहा कि ऐसे बच्चे, जिनकी माताएं मुजफ्फरनगर जेल में हैं, उनकी सूची तैयार करते हुए बेसिक शिक्षा अधिकारी को उपलब्ध कराई जाए, जिससे उन बच्चों को शिक्षा मुहैया कराई जा सके। उन्होंने कहा कि जिले में 48 मदरसे पोर्टल पर है, सभी में आधुनिक शिक्षा की व्यवस्था है। जो गैर मान्यता प्राप्त मदरसे हैं, उनमें अरबी-फारसी शिक्षा के साथ आधुनिक विषयों की भी जानकारी बच्चों को सुलभ हो, उसके लिए मदरसा संचालकों को प्रोत्साहित किया जा रहा है।
विज्ञापन
इस अवसर सीओ सिटी प्रदीप सिंह, जिला प्रोबेशन अधिकारी प्रसून राय, बीएसए गीता वर्मा, समाज कल्याण अधिकारी रचना शर्मा, जिला कार्यक्रम अधिकारी संतोष कुमार श्रीवास्तव समेत आठ विभागों के अफसर मौजूद रहे।
विज्ञापन
शुक्रवार को नवीन विकास भवन में सीडीओ कक्ष में उत्तर प्रदेश राज्य बाल संरक्षण आयोग के अध्यक्ष डा.विशेष गुप्ता ने जिले में नाबालिग बच्चों के लिए प्रदेश सरकार द्वारा संचालित सरकारी-गैर सरकारी योजनाओं की बैठक करते हुए समीक्षा की और बच्चों से जुड़ी सभी योजनाओं को धरातल पर उतारने के निर्देश दिए। बेसिक शिक्षा विभाग की समीक्षा करते हुए कहा जो बच्चे स्कूल में रजिस्टर्ड नहीं है, ऐसे बच्चों को भी मोहल्ला क्लास के माध्यम से शिक्षा प्रदान की जाए। सहायक श्रमायुक्त संतोष नरहरि से कहा किजो बच्चे भिक्षावृत्ति करते हुए पाए जाते हैं, ऐसे बच्चों को बाल कल्याण समिति के समक्ष अवश्य पेश किया जाए। उसके बाद ही उनके पुनर्वासन की कार्रवाई की जाए।
विज्ञापन
उन्होंने कहा कि ऐसे बच्चे, जिनकी माताएं मुजफ्फरनगर जेल में हैं, उनकी सूची तैयार करते हुए बेसिक शिक्षा अधिकारी को उपलब्ध कराई जाए, जिससे उन बच्चों को शिक्षा मुहैया कराई जा सके। उन्होंने कहा कि जिले में 48 मदरसे पोर्टल पर है, सभी में आधुनिक शिक्षा की व्यवस्था है। जो गैर मान्यता प्राप्त मदरसे हैं, उनमें अरबी-फारसी शिक्षा के साथ आधुनिक विषयों की भी जानकारी बच्चों को सुलभ हो, उसके लिए मदरसा संचालकों को प्रोत्साहित किया जा रहा है।
विज्ञापन
इस अवसर सीओ सिटी प्रदीप सिंह, जिला प्रोबेशन अधिकारी प्रसून राय, बीएसए गीता वर्मा, समाज कल्याण अधिकारी रचना शर्मा, जिला कार्यक्रम अधिकारी संतोष कुमार श्रीवास्तव समेत आठ विभागों के अफसर मौजूद रहे।