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Shamli News: गोवर्धन पूजा का किया वर्णन
Tue, 25 Mar 2025 12:53 AM IST
मेरठ ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, शामली
संवाद न्यूज एजेंसी, शामली
Updated Tue, 25 Mar 2025 12:53 AM IST
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गढ़ीपुख़्ता में श्री हनुमान धाम पर आयोजित भागवत कथा करते किरण चंद्र महाराज । संवाद
- फोटो : संवाद
गढ़ीपुख्ता। कस्बे में स्थित श्री हनुमान धाम पर सातवें दिन चल रही श्रीमद् भागवत कथा में कथावाचक किरण चंद्र महाराज ने गोवर्धन पूजा का वर्णन किया।
उन्होंने बताया कि जब भगवान श्रीकृष्ण नंद गांव में पहुंचे तो देखा कि गांव में इंद्र पूजन की तैयारी में 56 भोग बनाए जा रहे हैं। श्रीकृष्ण ने नंद बाबा से पूछा कि कैसा उत्सव होने जा रहा है। जिसकी इतनी भव्य तैयारी हो रही है। नंद बाबा ने कहा कि यह उत्सव इंद्र का है और उन्हीं की कृपा से बारिश हो सकती है, इसलिए उन्हें खुश करने के लिए इस पूजन का आयोजन हो रहा है। इस पर श्रीकृष्ण ने इंद्र के लिए हो रहे यज्ञ को बंद करा दिया और कहा कि जो व्यक्ति जैसा कर्म करता है, वैसा ही फल मिलता है। इससे इंद्र का कोई मतलब नहीं है। ऐसा होने के बाद इंद्र गुस्सा हो गए और भारी बारिश करना शुरू कर दिया। नंद गांव में इससे त्राहि-त्राहि मचने लगी तो भगवान श्रीकृष्ण ने अपनी अंगुली पर गोवर्धन पर्वत को उठा लिया। नंद गांव के लोग सुरक्षित हो गए। इसके बाद से ही गोवर्धन पूजा का क्रम शुरू हुआ।
इस दौरान श्री सनातन हिंदू रक्षा दल के राष्ट्रीय अध्यक्ष रण कुमार तोमर, मंदिर समिति उपाध्यक्ष राधेश्याम गिरी, टेकचंद मित्तल मुकेश गोयल, रामपाल सिंह, इंदिरा देवी, सत्तो देवी, सरदार बाबर सिंह, योगी बाबा कमलनाथ, कृष्णपाल सिंह, देवेंद्र चौधरी रहे।
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उन्होंने बताया कि जब भगवान श्रीकृष्ण नंद गांव में पहुंचे तो देखा कि गांव में इंद्र पूजन की तैयारी में 56 भोग बनाए जा रहे हैं। श्रीकृष्ण ने नंद बाबा से पूछा कि कैसा उत्सव होने जा रहा है। जिसकी इतनी भव्य तैयारी हो रही है। नंद बाबा ने कहा कि यह उत्सव इंद्र का है और उन्हीं की कृपा से बारिश हो सकती है, इसलिए उन्हें खुश करने के लिए इस पूजन का आयोजन हो रहा है। इस पर श्रीकृष्ण ने इंद्र के लिए हो रहे यज्ञ को बंद करा दिया और कहा कि जो व्यक्ति जैसा कर्म करता है, वैसा ही फल मिलता है। इससे इंद्र का कोई मतलब नहीं है। ऐसा होने के बाद इंद्र गुस्सा हो गए और भारी बारिश करना शुरू कर दिया। नंद गांव में इससे त्राहि-त्राहि मचने लगी तो भगवान श्रीकृष्ण ने अपनी अंगुली पर गोवर्धन पर्वत को उठा लिया। नंद गांव के लोग सुरक्षित हो गए। इसके बाद से ही गोवर्धन पूजा का क्रम शुरू हुआ।
इस दौरान श्री सनातन हिंदू रक्षा दल के राष्ट्रीय अध्यक्ष रण कुमार तोमर, मंदिर समिति उपाध्यक्ष राधेश्याम गिरी, टेकचंद मित्तल मुकेश गोयल, रामपाल सिंह, इंदिरा देवी, सत्तो देवी, सरदार बाबर सिंह, योगी बाबा कमलनाथ, कृष्णपाल सिंह, देवेंद्र चौधरी रहे।

गढ़ीपुख़्ता में श्री हनुमान धाम पर आयोजित भागवत कथा करते किरण चंद्र महाराज । संवाद- फोटो : संवाद
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