फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Shamli News ›   बाबरी ग्राम प्रधान के वितीय और प्रशासनिक अधिकार सीज

बाबरी ग्राम प्रधान के वितीय और प्रशासनिक अधिकार सीज

Fri, 22 Dec 2017 11:34 PM IST
Updated Fri, 22 Dec 2017 11:34 PM IST
विज्ञापन
बाबरी ग्राम प्रधान के वितीय और प्रशासनिक अधिकार सीज
शामली। गांव में विकास कार्यों के नाम पर ग्राम पंचायत निधि खर्च में अनियमितता बरतने के मामले में बाबरी ग्राम प्रधान के वित्तीय और प्रशासनिक अधिकार सीज कर दिए गए हैं। जिलाधिकारी इंद्र विक्रम सिंह ने आदेश दिया है कि प्रकरण की अंतिम जांच होने और आरोपों से दोषमुक्त होने तक ग्राम प्रधान को इन अधिकारों से वंचित किया जाता है।
विज्ञापन

गौरतलब है कि ग्राम पंचायत बाबरी में विकास कार्यों के नाम पर धांधली की शिकायत जिला पंचायत सदस्य अनिल टीनू सहित अन्य लोगों ने की थी। साथ ही अनिल टीनू ने जिला पंचायत की बोर्ड बैठकों में भी यह मामला जोरशोर से उठाया था। इसके बाद जिला प्रशासन ने समिति का गठन कराकर मामले की जांच कराई थी। कई अधिकारियों द्वारा जांच पूरी करने पर जिलाधिकारी को रिपोर्ट सौंपी। इसी के चलते बृहस्पतिवार को डीएम ने बाबरी ग्राम प्रधान अनंगपाल के वित्तीय और प्रशासनिक अधिकार सीज कर दिए हैं। जांच आख्या में बताया कि विकास कार्यों के नाम पर 99,49,521 रुपये का अपव्यय किया गया। ग्राम पंचायत में बिना प्राक्कलन तैयार कराए इतनी अधिक धनराशि का व्यय किया गया। ग्राम प्रधान और ग्राम पंचायत अधिकारी की इनके कार्यों में स्वच्छचारिता, नियमों के विरुद्ध कार्य करने की प्रवृति से शासकीय धनराशि का दुरुपयोग हुआ।
विज्ञापन

इसके लिए ग्राम प्रधान अनंगपाल, तत्कालीन ग्राम पंचायत अधिकारी सतीश कुमार और शिवकुमार शर्मा भी दोषी हैं। जिलाधिकारी ने बताया कि जांच आख्या प्राप्त होने के बाद पंचायती राज अधिनियम की धारा 95/1(जी) के तहत नोटिस तामील कराया गया। इसके बाद प्रथम दृष्टया दोषी मानते हुए प्रधान पद के वित्तीय एवं प्रशासनिक अधिकारों से तब तक वंचित किया गया है, जब तक वह अंतिम जांच में आरोपों से दोषमुक्त नहीं हो जाते हैं।
विज्ञापन
विज्ञापन


चार अधिकारी करेंगे अंतिम जांच
डीएम ने प्रकरण की अंतिम जांच कराने के लिए सदस्यीय समिति बनाई है। उसमें जिला विकास अधिकारी, जिला कृषि अधिकारी, जिला अर्थ एवं संख्याधिकारी और सहायक अभियंता ग्रामीण अभियंत्रण विभाग को जिम्मेदारी दी गई है। समिति को 30 दिन के भीतर अंतिम जांच पूरी करके रिपोर्ट देनी होगी।
विज्ञापन
विज्ञापन
सबसे विश्वसनीय Hindi News वेबसाइट अमर उजाला पर पढ़ें हर राज्य और शहर से जुड़ी क्राइम समाचार की
ब्रेकिंग अपडेट।
 
रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें अमर उजाला हिंदी न्यूज़ APP अपने मोबाइल पर।
Amar Ujala Android Hindi News APP Amar Ujala iOS Hindi News APP
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed