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बाजार खुलने से बढ़ा कारोबार, 55-60 करोड़ रुपये तक पहुंचा
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बाजार खुलने से बढ़ा कारोबार
शामली। कोरोना कर्फ्यू में ढील दिए जाने के बाद बाजार खुलने के बाद तेजी से सुधार हो रहा है। पिछले दो दिन में कारोबार में सुधार हुआ है। रोजाना 50 से 60 करोड़ का कारोबार हो रहा है। आवश्यक वस्तुओं के बाजार में भी ग्राहकों की 50 फीसदी बढ़ोतरी हुई है।
कोरोना कर्फ्यू से पहले जिले का 70-80 करोड़ रुपये का प्रतिदिन का कारोबार चल रहा था। अप्रैल माह में कोरोना संक्रमण का प्रभाव बढ़ जाने से कारोबार गिरता चला गया। मई मेें कोरोना कर्फ्यू जारी रहने से एक माह में 1500 से लेकर 1800 करोड़ रुपये का कारोबार का नुकसान हुआ है। इसके दौरान सिर्फ दूध, सब्जी, मेडिकल और किरयाना की दुकानें खुल रहीं थीं, जिससे सिर्फ 20 से 25 करोड़ रुपये प्रतिदिन का कारोबार चल रहा था। एक जून से कोरोना कर्फ्यू में ढील दी गई और सुबह सात बजे से लेकर शाम सात बजे तक बाजार खुलने से कारोबार में लगभग 50 फीसदी बढ़ोतरी हुई है। पिछले दो दिन में आवश्यक वस्तुओं जूता, बर्तन, कपड़े, रेडीमेट गारमेंट्स, इलेक्ट्रानिक, इलेक्ट्रिक, मोबाइल फोन, मिठाई, चाट, छोले, बटूरे, फास्ट फूड में थोड़ा कारोबार बढ़ा है।
मिठाई विक्रेता अशुंल मित्तल ने बताया कि जिले में 500 से ज्यादा मिठाई की दुकानें हैं। जिनसे डेढ़ से दो करोड़ रुपये का कारोबार प्रतिदिन होता था। कोरोना कर्फ्यू जारी रहने से कारोबार बंद हो गया था। एक माह बाद मिठाई की दुकान खुलने से चाट, छोले-भटूरे, समोसे, रस मलाई, चावल-छोले, ब्रेड पकोड़े, बालू शाही आदि की मांग बढ़ने से पचास फीसदी ग्राहकी बढ़ी है।
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उत्तर प्रदेश उद्योग व्यापार मंडल के जिलाध्यक्ष पवन संगल ने बताया कि जिले में 950 मेडिकल के थोक और फुटकर स्टोरों से डेढ़ से दो करोड़ रुपये का प्रतिदिन कारोबार होता है। कोरोना संक्रमण काल में दवाओं की मांग बढ़ी है। कोतवाली के सामने कपड़ा व्यापारी सतीश जैन ने बताया कि कोरोना संक्रमण के कारण ग्रामीण क्षेत्र के ग्राहक डरे हुए हैं। बाजारों में कम आ रहे हैं। बेहद जरूरी होने पर ही लोग खरीदारी करने गांव से आ रहे हैं।
पश्चिमी उत्तर प्रदेश संयुक्त उद्योग व्यापार मंडल के प्रदेश अध्यक्ष घनश्याम दास गर्ग का कहना है कि बाजारों में आवश्यक सामान खरीदने के लिए ही आ रहे हैं। लग्जरी सामान की खरीदारी कम है। ग्राहक भी बाजार से आने से बच रहे हैं। उनका कहना है कि बाजार में ग्राहक तो बढ़े हैं। प्रतिदिन का 55-60 करोड़ रुपये का कारोबार हो रहा है।
25 लोगों की अनुमति से विवाह मंडपों में नहीं हो रहीं शादियां
शामली। जून माह में शादी-विवाह के 4, 5, 6,17, 19, 20, 21, 24, 26, 27, 28 जून को मुहूर्त हैं। कैराना रोड पर स्थित जेजे फार्म संचालक प्रदीप गर्ग का कहना है कि कोरोना संक्रमण काल में जिला प्रशासन से शादी विवाह मेें 25 लोगों को शामिल करने अनुमति है। 25 लोगों की अनुमति पर कोई भी व्यक्ति विवाह मंडप में शादी नहीं करना चाह रहा। लोग अपने घरों पर ही कार्यक्रम कर रहे हैं। जून माह की 4, 6, 16 तारीखों की बुकिंग निरस्त हो गई हैं। अक्तूबर-नवंबर माह में शादी-विवाह का सीजन फिर से शुरू होगा। एक साल में एक विवाह मंडल में 50 से 55 शादियां होती हैं। दो साल से कोरोना संकट के कारण विवाह मंडपों का बुरा हाल है।
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शामली। कोरोना कर्फ्यू में ढील दिए जाने के बाद बाजार खुलने के बाद तेजी से सुधार हो रहा है। पिछले दो दिन में कारोबार में सुधार हुआ है। रोजाना 50 से 60 करोड़ का कारोबार हो रहा है। आवश्यक वस्तुओं के बाजार में भी ग्राहकों की 50 फीसदी बढ़ोतरी हुई है।
कोरोना कर्फ्यू से पहले जिले का 70-80 करोड़ रुपये का प्रतिदिन का कारोबार चल रहा था। अप्रैल माह में कोरोना संक्रमण का प्रभाव बढ़ जाने से कारोबार गिरता चला गया। मई मेें कोरोना कर्फ्यू जारी रहने से एक माह में 1500 से लेकर 1800 करोड़ रुपये का कारोबार का नुकसान हुआ है। इसके दौरान सिर्फ दूध, सब्जी, मेडिकल और किरयाना की दुकानें खुल रहीं थीं, जिससे सिर्फ 20 से 25 करोड़ रुपये प्रतिदिन का कारोबार चल रहा था। एक जून से कोरोना कर्फ्यू में ढील दी गई और सुबह सात बजे से लेकर शाम सात बजे तक बाजार खुलने से कारोबार में लगभग 50 फीसदी बढ़ोतरी हुई है। पिछले दो दिन में आवश्यक वस्तुओं जूता, बर्तन, कपड़े, रेडीमेट गारमेंट्स, इलेक्ट्रानिक, इलेक्ट्रिक, मोबाइल फोन, मिठाई, चाट, छोले, बटूरे, फास्ट फूड में थोड़ा कारोबार बढ़ा है।
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मिठाई विक्रेता अशुंल मित्तल ने बताया कि जिले में 500 से ज्यादा मिठाई की दुकानें हैं। जिनसे डेढ़ से दो करोड़ रुपये का कारोबार प्रतिदिन होता था। कोरोना कर्फ्यू जारी रहने से कारोबार बंद हो गया था। एक माह बाद मिठाई की दुकान खुलने से चाट, छोले-भटूरे, समोसे, रस मलाई, चावल-छोले, ब्रेड पकोड़े, बालू शाही आदि की मांग बढ़ने से पचास फीसदी ग्राहकी बढ़ी है।
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उत्तर प्रदेश उद्योग व्यापार मंडल के जिलाध्यक्ष पवन संगल ने बताया कि जिले में 950 मेडिकल के थोक और फुटकर स्टोरों से डेढ़ से दो करोड़ रुपये का प्रतिदिन कारोबार होता है। कोरोना संक्रमण काल में दवाओं की मांग बढ़ी है। कोतवाली के सामने कपड़ा व्यापारी सतीश जैन ने बताया कि कोरोना संक्रमण के कारण ग्रामीण क्षेत्र के ग्राहक डरे हुए हैं। बाजारों में कम आ रहे हैं। बेहद जरूरी होने पर ही लोग खरीदारी करने गांव से आ रहे हैं।
पश्चिमी उत्तर प्रदेश संयुक्त उद्योग व्यापार मंडल के प्रदेश अध्यक्ष घनश्याम दास गर्ग का कहना है कि बाजारों में आवश्यक सामान खरीदने के लिए ही आ रहे हैं। लग्जरी सामान की खरीदारी कम है। ग्राहक भी बाजार से आने से बच रहे हैं। उनका कहना है कि बाजार में ग्राहक तो बढ़े हैं। प्रतिदिन का 55-60 करोड़ रुपये का कारोबार हो रहा है।
25 लोगों की अनुमति से विवाह मंडपों में नहीं हो रहीं शादियां
शामली। जून माह में शादी-विवाह के 4, 5, 6,17, 19, 20, 21, 24, 26, 27, 28 जून को मुहूर्त हैं। कैराना रोड पर स्थित जेजे फार्म संचालक प्रदीप गर्ग का कहना है कि कोरोना संक्रमण काल में जिला प्रशासन से शादी विवाह मेें 25 लोगों को शामिल करने अनुमति है। 25 लोगों की अनुमति पर कोई भी व्यक्ति विवाह मंडप में शादी नहीं करना चाह रहा। लोग अपने घरों पर ही कार्यक्रम कर रहे हैं। जून माह की 4, 6, 16 तारीखों की बुकिंग निरस्त हो गई हैं। अक्तूबर-नवंबर माह में शादी-विवाह का सीजन फिर से शुरू होगा। एक साल में एक विवाह मंडल में 50 से 55 शादियां होती हैं। दो साल से कोरोना संकट के कारण विवाह मंडपों का बुरा हाल है।