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30 जून तक गन्ना का सर्वे पहुंचा 57 916 हैक्टेयर, आठ जुलाई को पूरा होगा गन्ना सर्वे

Tue, 03 Jul 2018 12:08 AM IST
Updated Tue, 03 Jul 2018 12:08 AM IST
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30 जून तक गन्ना का सर्वे पहुंचा 57 916 हैक्टेयर,  आठ जुलाई को पूरा होगा गन्ना सर्वे
शामली। इस साल 2018-19 के लिए हो रहे गन्ने के सर्वे में बेहताशा वृद्धि होने जारी रही है। कृषि विभाग की गन्ना सर्वे टीम के अनुसार पिछले साल की अपेक्षा इस साल 15 प्रतिशत गन्ना के रकबे में यानी 62 हजार हेक्टेयर भूमि में गन्ने की फसल लहरा रही है।
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जिले के गन्ना विभाग में शामली, थानाभवन और ऊन गन्ना परिषद काम कर रही है। इन गन्ना परिषद में शामली, ऊन, थानाभवन, तितावी, खतौली, भैसाना और शेरमऊ चीनी मिलों को गन्ना आपूर्ति हो रहा है। पिछले साल 2017-18 में गन्ना सर्वे के अनुसार जिले की सभी गन्ना परिषद की सर्किल के अनुसार 53868 हेक्टेयर में गन्ने की फसल खड़ी हुई थी। वर्ष 2018-19 के लिए शासन ने गन्ना सर्वे का समय 30 जून निर्धारित किया था। प्रदेश की चीनी मिलों के संगठन इस्मा द्वारा गन्ना सर्वे का विरोध करने से जिले की शामली चीनी मिल ने गन्ना सर्वे करने से इंकार कर दिया था। जिस कारण शामली जिले के गन्ना विकास परिषद का सर्वे देर से शुरू हो पाया था।
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जिले के गन्ना विभाग ने सर्वे के लिए शामली मिल के लिए 35, थानाभवन मिल के लिए 26, ऊन मिल के लिए 24 टीमों का गठन करके गन्ना सर्वे के निर्देश दिए थे। 30 जून तक जिले की सभी चीनी मिलों के गन्ना सर्वे की रिपोर्ट के आधार 57916 हेक्टेयर रकबे का गन्ना सर्वेक्षण हो पाया है। सर्वे टीम के विकास प्रचार प्रसार प्रभारी अरुण कुमार के अनुसार जिले में चीनी मिलों का गन्ने का सर्वेक्षण आठ जुलाई तक पूरा हो पाएगा। आठ जुलाई तक गन्ना सर्वे 62 हजार हेक्टेयर में आने की संभावना है। पिछले साल की अपेक्षा इस साल 15 प्रतिशत गन्ने का सर्वे बढ़ने की संभावना है।
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आधार कार्ड और घोषणा पत्र जमा करने वाले किसानों के बांड और सट्टा होगा निरस्त
जिले की चीनी मिलों में 300 से ज्यादा फर्जी बांड और सट्टा चल रहे हैं। फर्जी बांड और सट्टा संचालित करने वाले किसान गन्ना सर्वे टीम को अपना आधार कार्ड और घोषणा पत्र जमा नहीं कर रहे हैं। फर्जी बांड का मामला दो दिन पूर्व जिला योजना समिति की बैठक में भाजपा नेता अनिल चौहान ने उठाया था। बताया कि कैराना क्षेत्र में महिलाओं के नाम से 200 फर्जी गन्ने के बांड संचालित किए जा रहे हैं। जिला गन्ना अधिकारी डॉ. अनिल भारती ने बताया कि गन्ना सर्वे के दौरान किसान अपना आधार कार्ड और घोषणापत्र जिले की गन्ना विभाग की टीम को दाखिल नहीं कर रहे हैं। किसानों से अपना आधार कार्ड व घोषणा पत्र दिए जाने का अनुरोध किया है। आधार कार्ड, घोषणा पत्र दाखिल न करने वाले किसानों का 2018-19 सट्टा नहीं चलने दिया जाएगा। ऐसे किसानों का गन्ना सट्टा व बांड निरस्त कर दिया जाएगा।

गन्ना सर्वे शामली जनपद हेक्टेयर 30 जून तक
गन्ना परिषद - 2017-18 - 2018-19
शामली गन्ना परिषद- 36849 -- 34705
थानाभवन गन्ना परिषद- 8681 - 11428
ऊन गन्ना परिषद - 8400 - 11783
कुल - 53868 57916 हेक्टेयर
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