Shahjahanpur News: तिनका-तिनका बनाई गृहस्थी को बाढ़ ने उजाड़ा
इस बार बारिश शुरू होने के एक सप्ताह के अंदर शहर की गर्रा और खन्नौत नदी में बाढ़ आ गई। बाढ़ इतनी भीषण थी कि गर्रा और खन्नौत नदियों के आसपास बसे मोहल्लों और कॉलोनियों को अपनी चपेट में ले लिया।
शहर की दर्जनों मोहल्ले और कॉलोनियां बाढ़ की चपेट में आ गए। लोगों के घरों में बाढ़ का पानी घुस गया। हालात यह हो गए कि पानी अधिक भरने की वजह से लोगों को अपना घर छोड़ना पड़ा।
प्रशासन की मदद से लोगों को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाया गया। रविवार पानी घटने के बाद लोगों ने घरों की तरफ रुख किया। जब घर पहुंचे तो घरों के हालात देखकर अपने आंसू रोक नहीं पाए। फर्नीचर से लेकर इलेक्ट्राॅनिक सामान और गृहस्थी में खानपान की वस्तुएं पानी में डूबकर बर्बाद हो गईं थीं।
-
आवास विकास में पानी उतरने के बाद घरों में पहुंचे लोग
बरेली मोड़ स्थित आवास विकास कॉलोनी में पानी उतरने के बाद रविवार को अधिकतर लोग घर पहुंचे। घर के हालात देखकर लोगों के आंसू निकलने लगे। मेहनत की कमाई से बनाई गृहस्थी बिखर गई थी। परिवारों के सदस्य सामान को सुरक्षित स्थानों के पहुंचाने के प्रयास में जुट गए। कोई सफाई कार्य में जुटा हुआ दिखाई दिया तो कोई घर में पानी की व्यवस्था करने में जुट गया। सबसे अधिक जरूरत पानी की होती है। कुछ समाजसेवी कॉलोनी में ट्रैक्टर-ट्राॅली में जनरेटर लादकर लोगों के पानी की व्यवस्था में जुटे रहे तो महिलाएं ने घरों की साफ-सफाई की।
-
सुभाषनगर में अब तक कम नहीं हुआ पानी
सुभाषनगर कॉलोनी में रविवार को भी पानी कम नहीं हुआ। यहां अब तक लोगों के घरों में पानी भरा हुआ है। लोग अपने-अपने मकानों को छोड़कर अभी दूसरे स्थानों पर रह रहे हैं। परिवार के सदस्य दिन में चक्कर लगाकर दूर से घरों की स्थिति देख जाते हैं। संभावना है कि सोमवार सुबह तक कॉलोनी में पानी कम हो जाएगा। इसके बाद लोग घरों की तरफ लौटने लगेंगे। अभी सुभाषनगर के हालात खराब हैं।
-
खन्नौत में पानी हुआ कम, लेकिन दुश्वारियां नहीं हुईं कम
लोधीपुर क्षेत्र में खन्नौत नदी का पानी कम हो गया है, लेकिन अभी दुश्वारियां कम नहीं हुईं हैं। निचले क्षेत्रों में अब तक पानी भरा हुआ है। पानी कम होने पर लोग अपने घरों में पहुंचकर सामान को बचाने के प्रयास में जुट गए हैं। लोगों का बहुत नुकसान हुआ है। अधिकतर सामान पानी में डूबकर खराब हो गया है। फिर भी लोग सामान को बचाने की कोशिश कर रहे हैं। यह भी खतरा बना हुआ है कि पानी निकलने के बाद मकानों को भी नुकसान पहुंचेगा। फिलहाल अब भी लोधीपुर के निचले क्षेत्र में जलस्तर घटने के बाद भी लोगों को राहत नहीं मिली है।
-
बाढ़ पीड़ितों से बातचीत
घर में लौटे तो मकान का दरवाजा खोलकर देखा तो ज्यादातर सामान डूबा हुआ था। गृहस्थी का अधिकतर सामान खराब हो गया। घर में पीने के लिए पानी भी नहीं है। मकान की सफाई कर रहे हैं।
- रितु शुक्ला, आवास विकास कॉलोनी
-
पानी घटने के बाद रविवार को घर पहुंचे तो देखा कि फर्नीचर से लेकर इलेक्ट्राॅनिक सामान खराब हो गया। कपड़े भीगने से सड़ गए हैं। पूरे घर में कीचड़ भर गया है। काफी नुकसान हुआ है।
- शोभित मिश्रा, आवास विकास कॉलोनी
-
बाढ़ ने घर में रखे सामान को नुकसान पहुंचाया है। इलेक्ट्राॅनिक उपकरण खराब हो गए हैं। साथ ही मकान की नींव और दीवार को नुकसान पहुंचा है। हालात देखकर लोग लौट रहे हैं।
- प्रमोद कुमार, आवास विकास कॉलोनी
-
बिजली नहीं आने से सबसे बड़ी समस्या लोगों को पानी की सप्लाई बंद होने से हो रही है। साथियों के साथ ट्रैक्टर-ट्रॉली पर जनरेटर लेकर लोगों के घर में सबमर्सिबल चलाकर पानी की व्यवस्था कर रहे हैं।
- रामजी अवस्थी, समाजसेवी
-
परिवार के सभी सदस्यों को रिश्तेदारी को भेज दिया था। घर की दूसरी मंजिल पर सुरक्षा की दृष्टि से रुक गए। मकान में रखा पूरा सामान अभी तक पानी में डूबा हुआ है। पानी कम होने के बाद स्थिति का पता लगेगा।
- चंद्रिका प्रसाद, सुभाषनगर
-
बाढ़ का पानी घर में भर गया था। रविवार को पानी कम होने के बाद देखा तो अधिकतर जरूरी सामान पानी में डूबने से खराब हो गया। भीगे सामान को छत पर धूप में रख रहे हैं। काफी नुकसान हो गया है।
- रामनरेश, सुभाषनगर
-
मंगलवार रात में अचानक नदी में पानी आ गया। ट्यूब की मदद से परिवार को घर से बाहर निकाला। साथ में कपड़े और कुछ जरूरी सामान ले लिया। रविवार को जलस्तर घटने के बाद घर आए तो देखा कि पूरा सामान पानी में डूबकर खराब हो गया था।
- असलम, लोधीपुर
-
पानी घटने के बाद घर पहुंचे तो देखा कि गृहस्थी का सामान पानी में डूबकर खराब हो गया। इसमें इलेक्ट्रॉनिक सामान के अलावा अन्य सामान था। किसी तरह से गृहस्थी बना पाए थे। अब बनाना मुश्किल होगा।
- असलम, लोधीपुर
-
सिलाई का कारखाना लगा रखा था। अचानक पानी आ गया। इसमें लाखों की मशीन और कपड़ा पानी में डूब गया। काफी कपड़ा बाढ़ में बह गया। इससे कई परिवारों का गुजारा होता था, अब सबकुछ नष्ट हो गया है।
- अनीस, लोधीपुर
-
पानी कम होने के बाद घर पहुंचे तो मंजर देखकर रूह कांप गई। घर में रखा सामान डूबकर खराब हो गया। मकान की नींव भी दरक गई है। मकान को भी खतरा पैदा हो गया है।
- अभिषेक, लोधीपुर
-
निजी वाहन चलाकर परिवार का भरण पोषण कर रहे थे। किसी तरह से गृहस्थी बनाई थी। बाढ़ के पानी में डूबकर सबकुछ नष्ट हो गया है। अब नहीं लगता है जीवन में गृहस्थी बना पाएंगे।
- सर्वेश जोशी, लोधीपुर
-
रविवार को घर पहुंचे तो आलम देखकर आंख में आंसू आ गए। पूरी गृहस्थी का सामान नष्ट हो गया है। मेहनत से बनाई गृहस्थी बर्बाद हो गई। बर्बादी का मंजर देखकर हिम्मत टूट गई है।
- तनवीर, लोधीपुर

आवास विकास कॉलोनी में ट्रैक्टर से भरके लाया गाया खाने पीने का सामान मोमबत्ती व जनरेटर। संवाद

आवास विकास कॉलोनी में ट्रैक्टर से भरके लाया गाया खाने पीने का सामान मोमबत्ती व जनरेटर। संवाद

आवास विकास कॉलोनी में ट्रैक्टर से भरके लाया गाया खाने पीने का सामान मोमबत्ती व जनरेटर। संवाद

आवास विकास कॉलोनी में ट्रैक्टर से भरके लाया गाया खाने पीने का सामान मोमबत्ती व जनरेटर। संवाद

आवास विकास कॉलोनी में ट्रैक्टर से भरके लाया गाया खाने पीने का सामान मोमबत्ती व जनरेटर। संवाद

आवास विकास कॉलोनी में ट्रैक्टर से भरके लाया गाया खाने पीने का सामान मोमबत्ती व जनरेटर। संवाद

आवास विकास कॉलोनी में ट्रैक्टर से भरके लाया गाया खाने पीने का सामान मोमबत्ती व जनरेटर। संवाद

आवास विकास कॉलोनी में ट्रैक्टर से भरके लाया गाया खाने पीने का सामान मोमबत्ती व जनरेटर। संवाद

आवास विकास कॉलोनी में ट्रैक्टर से भरके लाया गाया खाने पीने का सामान मोमबत्ती व जनरेटर। संवाद

आवास विकास कॉलोनी में ट्रैक्टर से भरके लाया गाया खाने पीने का सामान मोमबत्ती व जनरेटर। संवाद

आवास विकास कॉलोनी में ट्रैक्टर से भरके लाया गाया खाने पीने का सामान मोमबत्ती व जनरेटर। संवाद

आवास विकास कॉलोनी में ट्रैक्टर से भरके लाया गाया खाने पीने का सामान मोमबत्ती व जनरेटर। संवाद

आवास विकास कॉलोनी में ट्रैक्टर से भरके लाया गाया खाने पीने का सामान मोमबत्ती व जनरेटर। संवाद

आवास विकास कॉलोनी में ट्रैक्टर से भरके लाया गाया खाने पीने का सामान मोमबत्ती व जनरेटर। संवाद

आवास विकास कॉलोनी में ट्रैक्टर से भरके लाया गाया खाने पीने का सामान मोमबत्ती व जनरेटर। संवाद

आवास विकास कॉलोनी में ट्रैक्टर से भरके लाया गाया खाने पीने का सामान मोमबत्ती व जनरेटर। संवाद