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Shahjahanpur News: प्रधानाचार्य कक्ष से अलग बनेगा स्ट्रांग रूम
Thu, 01 Feb 2024 03:19 AM IST
बरेली ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, शाहजहाँपुर
संवाद न्यूज एजेंसी, शाहजहाँपुर
Updated Thu, 01 Feb 2024 03:19 AM IST
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शाहजहांपुर। माध्यमिक शिक्षा परिषद से संचालित दसवीं और 12वीं की यूपी बोर्ड परीक्षा को लेकर तैयारियां शुरू हो गई हैं। इस बार नियमों में काफी बदलाव किए गए हैं। स्ट्रांग रूम को प्रधानाचार्य कक्ष के बजाय अलग से बनाया जाएगा। यह 24 घंटे सीसीटीवी कैमरे की निगरानी में रहेगा। इसके अतिरिक्त उत्तर पुस्तिकाओं के पेज निकालकर दूसरा लगाना भी संभव नहीं होगा। कॉपी के हर पेज पर नंबर और बार कोड दिया गया है।
जीआईसी के सभागार में बुधवार को केंद्र व्यवस्थापकों के प्रशिक्षण में उन्हें परीक्षा कराने के नियमों से अवगत कराया गया। क्षेत्रीय सचिव नीरज पांडेय की उपस्थिति में प्रधानाचार्य अनिल कुमार ने स्पष्ट किया कि स्ट्रांग रूम प्रधानाचार्य कक्ष के बजाय अलग से बनाकर उसमें सीसीटीवी कैमरे की निगहबानी रहेगी। इस कक्ष के मुख्य दरवाजे की चाबी स्टेटिक मजिस्ट्रेट के पास रहेगी। जबकि अंदर अलमारियों की एक चाबी केंद्र व्यवस्थापक व दूसरी अतिरिक्त केंद्र व्यवस्थापक के पास रहेगी। तीनों की मौजूदगी में ही स्ट्रांग रूम को खोला जा सकेगा। इसके अतिरिक्त परीक्षा अवधि में सीसीटीवी बंद नहीं होना चाहिए। उत्तर पुस्तिकाओं की शुचिता को बनाए रखने के लिए विद्यालय प्रबंध तंत्र पर निगाह रखी गई है। एक ही प्रबंधतंत्र के दो विद्यालयों में सेंटर होने पर स्टाफ को इधर से उधर नहीं कर सकेंगे। उन्होंने बताया कि उत्तर पुस्तिकाओं का क्रमवार रिकार्ड रखने की जिम्मेदारी केंद्र व्यवस्थापक की होगी। हर पेज पर नंबरिंग व बार कोड होने से पेज को बदलने की स्थिति नहीं रहेगी।
क्षेत्रीय सचिव नीरज पांडेय ने स्पष्ट किया कि नियमों के अनुसार ही परीक्षा को शांतिपूर्ण तरीके से कराना है। किसी भी हाल में गड़बड़ी नहीं होनी चाहिए। डीआईओएस हरिवंश कुमार ने कहा कि परीक्षा शुरू होने से पहले ही सेंटर पर सारी तैयारियों को पूर्ण कर लें। स्ट्रांग रूम पर विशेष निगहबानी रहना चाहिए। कोई भी व्यक्ति मोबाइल लेकर नहीं आएगा। बैठक में प्रधानाचार्य वसंत कुमार त्रिवेदी, डॉ. अमीर सिंह, फखरे आलम आदि मौजूद रहे।
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जीआईसी के सभागार में बुधवार को केंद्र व्यवस्थापकों के प्रशिक्षण में उन्हें परीक्षा कराने के नियमों से अवगत कराया गया। क्षेत्रीय सचिव नीरज पांडेय की उपस्थिति में प्रधानाचार्य अनिल कुमार ने स्पष्ट किया कि स्ट्रांग रूम प्रधानाचार्य कक्ष के बजाय अलग से बनाकर उसमें सीसीटीवी कैमरे की निगहबानी रहेगी। इस कक्ष के मुख्य दरवाजे की चाबी स्टेटिक मजिस्ट्रेट के पास रहेगी। जबकि अंदर अलमारियों की एक चाबी केंद्र व्यवस्थापक व दूसरी अतिरिक्त केंद्र व्यवस्थापक के पास रहेगी। तीनों की मौजूदगी में ही स्ट्रांग रूम को खोला जा सकेगा। इसके अतिरिक्त परीक्षा अवधि में सीसीटीवी बंद नहीं होना चाहिए। उत्तर पुस्तिकाओं की शुचिता को बनाए रखने के लिए विद्यालय प्रबंध तंत्र पर निगाह रखी गई है। एक ही प्रबंधतंत्र के दो विद्यालयों में सेंटर होने पर स्टाफ को इधर से उधर नहीं कर सकेंगे। उन्होंने बताया कि उत्तर पुस्तिकाओं का क्रमवार रिकार्ड रखने की जिम्मेदारी केंद्र व्यवस्थापक की होगी। हर पेज पर नंबरिंग व बार कोड होने से पेज को बदलने की स्थिति नहीं रहेगी।
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क्षेत्रीय सचिव नीरज पांडेय ने स्पष्ट किया कि नियमों के अनुसार ही परीक्षा को शांतिपूर्ण तरीके से कराना है। किसी भी हाल में गड़बड़ी नहीं होनी चाहिए। डीआईओएस हरिवंश कुमार ने कहा कि परीक्षा शुरू होने से पहले ही सेंटर पर सारी तैयारियों को पूर्ण कर लें। स्ट्रांग रूम पर विशेष निगहबानी रहना चाहिए। कोई भी व्यक्ति मोबाइल लेकर नहीं आएगा। बैठक में प्रधानाचार्य वसंत कुमार त्रिवेदी, डॉ. अमीर सिंह, फखरे आलम आदि मौजूद रहे।
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