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अहमदपुर की शशि ने कराया पहला ऑनलाइन बैनामा
शाहजहांपुर
Updated Thu, 26 Oct 2017 11:36 PM IST
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अमर उजाला
- फोटो : अमर उजाला
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अहमदपुर की शशि ने कराया पहला ऑनलाइन बैनामा
शाहजहांपुर। चल-अचल संपत्तियों की खरीद-फरोख्त के लिए बृहस्पतिवार से बैनामा कराने की ऑनलाइन प्रक्रिया जिले में शुरू हो गई है। हालांकि, पहले दिन वेबसाइट पर यूपी के सभी जिलोेें का लोड पड़ जाने से शाम साढ़े चार बजे तक निबंधन विभाग का सर्वर डाउन रहा, लेकिन बाद में मुख्यालय के उप निबंधक कार्यालय में जमीनों के तीन विक्रय पत्र पंजीकृत किए गए। इस मौके पर सहायक महानिरीक्षक स्टाम्प लाल सिंह यादव ने पहला ऑनलाइन बैनामा कराने पर शहर के मोहल्ला अहमदपुर रेती निवासी क्रेता शशि वर्मा को विक्रय पत्र की हार्ड कॉपी भेंट की।
अब तक दस्तावेज लेखक और वकील निर्धारित स्टाम्प अथवा ट्रेजरी से स्टाम्प सर्टीफिकेट बनवाने के साथ उप निबंधक कार्यालय में सीधे क्रेता-विक्रेता और गवाहों को प्रस्तुत कर संपत्ति की मालियत के अनुरूप निबंधन शुल्क देकर विक्रय पत्र, अनुबंध पत्र, वसीयत आदि दस्तावेज पंजीकृत करा लेते थे। नई व्यवस्था में दस्तावेज लेखकोें और वकीलोें की भूमिका पूर्ववत रहेगी, लेकिन पक्षकारों को दस्तावेज साइबर कैफों से ऑनलाइन होने के बाद उप निबंधक कार्यालय जाकर फीस जमा करने के साथ वहां के कुछ अभिलेखों पर हस्ताक्षर करने होंगे।
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शाहजहांपुर। चल-अचल संपत्तियों की खरीद-फरोख्त के लिए बृहस्पतिवार से बैनामा कराने की ऑनलाइन प्रक्रिया जिले में शुरू हो गई है। हालांकि, पहले दिन वेबसाइट पर यूपी के सभी जिलोेें का लोड पड़ जाने से शाम साढ़े चार बजे तक निबंधन विभाग का सर्वर डाउन रहा, लेकिन बाद में मुख्यालय के उप निबंधक कार्यालय में जमीनों के तीन विक्रय पत्र पंजीकृत किए गए। इस मौके पर सहायक महानिरीक्षक स्टाम्प लाल सिंह यादव ने पहला ऑनलाइन बैनामा कराने पर शहर के मोहल्ला अहमदपुर रेती निवासी क्रेता शशि वर्मा को विक्रय पत्र की हार्ड कॉपी भेंट की।
अब तक दस्तावेज लेखक और वकील निर्धारित स्टाम्प अथवा ट्रेजरी से स्टाम्प सर्टीफिकेट बनवाने के साथ उप निबंधक कार्यालय में सीधे क्रेता-विक्रेता और गवाहों को प्रस्तुत कर संपत्ति की मालियत के अनुरूप निबंधन शुल्क देकर विक्रय पत्र, अनुबंध पत्र, वसीयत आदि दस्तावेज पंजीकृत करा लेते थे। नई व्यवस्था में दस्तावेज लेखकोें और वकीलोें की भूमिका पूर्ववत रहेगी, लेकिन पक्षकारों को दस्तावेज साइबर कैफों से ऑनलाइन होने के बाद उप निबंधक कार्यालय जाकर फीस जमा करने के साथ वहां के कुछ अभिलेखों पर हस्ताक्षर करने होंगे।
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