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Shahjahanpur News: गड्ढों से छलनी सड़क, उड़ रहे धूल के गुबार
Wed, 02 Apr 2025 12:40 AM IST
बरेली ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, शाहजहाँपुर
संवाद न्यूज एजेंसी, शाहजहाँपुर
Updated Wed, 02 Apr 2025 12:40 AM IST
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लखनऊ-पलिया हाईवे पर धूल-राख उड़ने से परेशान वाहन चालक। संवाद
सेहरामऊ दक्षिणी। लखनऊ-पलिया हाईवे का चौड़ीकरण कार्य थमने से हरदोई बाइपास से हरदोई जिले की सीमा तक करीब 14 किमी हिस्से में सड़क की मौजूदा लेन गड्ढों से छलनी हो गई है। गड्ढे पाटने के लिए डाली गई कोयले की राख से धूल के गुबार उड़ रहे हैं। इससे आए दिन हादसे हो रहे हैं।
जनपद में खुटार से लेकर सरदारनगर गांव के पास हरदोई जिले की सीमा तक डबल लेन के इस हाईवे को फोरलेन बनाने का काम गत दो वर्ष से चल रहा है। भारतीय राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण (एनएचएआई) ने चौड़ीकरण का ठेका दूरी के हिसाब से अलग-अलग कंपनियों को दिया है।
हरदोई बाइपास से जनपद की सीमा तक तक करीब चौदह किमी की दूरी तक चौड़ीकरण का काम एक कंपनी ने छह माह पहले शुरू किया था, तब कहा गया था कि चौड़ीकरण का कार्य दो-तीन माह मेंं पूरा कर लिया जाएगा।
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इसके विपरीत अभी तक नई लेन के लिए हाईवे के किनारे पर समतल किए गए हिस्सों पर गिट्टी-पत्थर डालने का काम भी पूरा नहीं हो सका है। इससे पुरानी लेन पर भारी वाहनों के दबाव से गड्ढे हो गए हैं। गत कई दिन से चौड़ीकरण का काम थमा हुआ है और मौके पर कोई जवाबदेह भी नहीं मिलता है।
गड्ढों को समतल करने के लिए डाली गई राख वाहनों के टायर के साथ दूर तक सड़क पर उड़ती है। धूल के इतने गुबार उठ रहे हैं कि सामने से आने वाले वाहन दिखना भी कठिन है। इसी हाईवे पर पुवायां-शाहजहांपुर के बीच निर्माण स्थलों पर धूल रोकने के लिए टैंकरों से पानी का नियमित छिड़काव कराया जा रहा है, लेकिन हरदोई मार्ग पर ऐसी कोई व्यवस्था भी नहीं की गई है।
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मिर्गापुर से लक्ष्मणपुर तक वाहन चलाना तक कठिन
हाईवे से निकलने वाले वाहन चालकों के सामने सबसे बड़ी चुनौती मिर्गापुर से लक्ष्मणपुर तक करीब तीन किमी की दूरी तय करने की है। लक्ष्मनपुर मोड़ तक जाते समय रास्ता वनवे है। इसी हिस्से में गड्ढे राख से भरे गए हैं। बाइक सवारों और भारी वाहन चालकों को दिन में तेज हवा से धूल उड़ने पर आंखें बंद करनी पड़ती हैं।
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गत मार्च में हुए थे कई हादसे
गत नौ मार्च की देर शाम शाहाबाद क्षेत्र के गांव हैदरपुर के युवक शिवम की बाइक सामने से आई पिकअप से टकरा गई थी। हादसे में शिवम की मृत्यु हो गई थी। अगले दिन दस मार्च की दोपहर रौसर कोठी से सवारी लेकर आ रहा रिक्शा बीबीपुर गांव के सामने खाई में पलट गया। इस हादसे में चंपापुर के राम भजन वर्मा के पैर की हड्डी टूट गई। 14 मार्च की शाम कनेंग निवासी मोनू की बाइक में पीछे से एक वाहन की टक्कर लग गई। इससे वे गंभीर रूप से घायल हो गए और उपचार के दौरान उनकी मौत हो गई।
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राहगीरों को परेशानी न हो, इसके लिए निर्माणाधीन सड़क पर छिड़काव कराया जाएगा। गड्ढों को भरवाकर हाईवे का निर्माण कार्य शीघ्र पूरा कराने के निर्देश दिए गए हैं।
प्रशांत दुबे, पीडी, एनएचएआई
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जनपद में खुटार से लेकर सरदारनगर गांव के पास हरदोई जिले की सीमा तक डबल लेन के इस हाईवे को फोरलेन बनाने का काम गत दो वर्ष से चल रहा है। भारतीय राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण (एनएचएआई) ने चौड़ीकरण का ठेका दूरी के हिसाब से अलग-अलग कंपनियों को दिया है।
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हरदोई बाइपास से जनपद की सीमा तक तक करीब चौदह किमी की दूरी तक चौड़ीकरण का काम एक कंपनी ने छह माह पहले शुरू किया था, तब कहा गया था कि चौड़ीकरण का कार्य दो-तीन माह मेंं पूरा कर लिया जाएगा।
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इसके विपरीत अभी तक नई लेन के लिए हाईवे के किनारे पर समतल किए गए हिस्सों पर गिट्टी-पत्थर डालने का काम भी पूरा नहीं हो सका है। इससे पुरानी लेन पर भारी वाहनों के दबाव से गड्ढे हो गए हैं। गत कई दिन से चौड़ीकरण का काम थमा हुआ है और मौके पर कोई जवाबदेह भी नहीं मिलता है।
गड्ढों को समतल करने के लिए डाली गई राख वाहनों के टायर के साथ दूर तक सड़क पर उड़ती है। धूल के इतने गुबार उठ रहे हैं कि सामने से आने वाले वाहन दिखना भी कठिन है। इसी हाईवे पर पुवायां-शाहजहांपुर के बीच निर्माण स्थलों पर धूल रोकने के लिए टैंकरों से पानी का नियमित छिड़काव कराया जा रहा है, लेकिन हरदोई मार्ग पर ऐसी कोई व्यवस्था भी नहीं की गई है।
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मिर्गापुर से लक्ष्मणपुर तक वाहन चलाना तक कठिन
हाईवे से निकलने वाले वाहन चालकों के सामने सबसे बड़ी चुनौती मिर्गापुर से लक्ष्मणपुर तक करीब तीन किमी की दूरी तय करने की है। लक्ष्मनपुर मोड़ तक जाते समय रास्ता वनवे है। इसी हिस्से में गड्ढे राख से भरे गए हैं। बाइक सवारों और भारी वाहन चालकों को दिन में तेज हवा से धूल उड़ने पर आंखें बंद करनी पड़ती हैं।
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गत मार्च में हुए थे कई हादसे
गत नौ मार्च की देर शाम शाहाबाद क्षेत्र के गांव हैदरपुर के युवक शिवम की बाइक सामने से आई पिकअप से टकरा गई थी। हादसे में शिवम की मृत्यु हो गई थी। अगले दिन दस मार्च की दोपहर रौसर कोठी से सवारी लेकर आ रहा रिक्शा बीबीपुर गांव के सामने खाई में पलट गया। इस हादसे में चंपापुर के राम भजन वर्मा के पैर की हड्डी टूट गई। 14 मार्च की शाम कनेंग निवासी मोनू की बाइक में पीछे से एक वाहन की टक्कर लग गई। इससे वे गंभीर रूप से घायल हो गए और उपचार के दौरान उनकी मौत हो गई।
राहगीरों को परेशानी न हो, इसके लिए निर्माणाधीन सड़क पर छिड़काव कराया जाएगा। गड्ढों को भरवाकर हाईवे का निर्माण कार्य शीघ्र पूरा कराने के निर्देश दिए गए हैं।
प्रशांत दुबे, पीडी, एनएचएआई