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आरक्षण संबंधी आपत्तियां लेना अफसरों लिए चुनौती
शाहजहांपुर।
Updated Mon, 31 Aug 2015 11:49 PM IST
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त्रिस्तरीय पंचायत चुनाव के मद्देनजर ग्राम पंचायतों की मतदाता सूचियों का अनंतिम प्रकाशन होने के बाद उनमें आपत्तियों पर आधारित संशोधन कार्य पूरा भी नहीं हो पाया कि अब अधिकारियों को आरक्षण संबंधी आपत्तियों की नई चुनौतियों से जूझने की बारी है। स्थिति यह है कि वोटर लिस्टों पर आपत्तियां दर्ज कराने की समय सीमा बीतने के बाद 1.62 लाख के सापेक्ष 1.50 लाख संशोधन हो पाए हैं, लेकिन ग्रामीणों की शिकायतें थमने का नाम नहीं ले रही हैं। इस बीच, शासन ने ग्राम पंचायत, क्षेत्र पंचायत और जिला पंचायत में वार्डों के आरक्षण का कार्यक्रम घोषित कर दिया है। अधिकारी पसोपेश में हैं कि विलंबित हो चुके मतदाता सूचियों के संशोधन का काम निपटाएं अथवा पंचायती राज निदेशक के नवीनतम आदेशों का अनुपालन करें।
मतदाता सूचियों में गड़बड़ी संबंधी सर्वाधिक 60 हजार शिकायतें पुवायां तहसील से प्राप्त हुई थीं। इसी तरह तिलहर से 29 हजार, सदर तहसील से 25 हजार और जलालाबाद तहसील से करीब 38 हजार दावे, आपत्तियां और संशोधन के आवेदन मिले। इनके निस्तारण की अवधि बीते चार दिन हो गए हैं, लेकिन दस हजार से अधिक प्रकरण अभी तक लंबित हैं। इसके बावजूद वोटर लिस्टों को लेकर सवाल उठने जारी हैं। सहायक निर्वाचन अधिकारी सरोज कुमार ने सभी तहसीलों के संबंधित उप जिलाधिकारियों से संशोधन के बाद वोटर लिस्टों में शामिल होने योग्य शेष नाम भी मांगे हैं।
मंगलवार को तैयार होगा त्रिस्तरीय आरक्षण का प्रस्ताव
जनपद स्तर पर ग्राम पंचायतों के आरक्षण का प्रस्तावित चार्ट पंचायतीराज निदेशालय से पहले ही जारी हो चुका है। अब इसी कड़ी में ग्राम पंचायत वार प्रधानों सहित ग्राम पंचायत, क्षेत्र पंचायत और जिला पंचायत के वार्डों के आवंटन का आरक्षण प्रस्ताव तैयार करने का काम शुरू करा दिया गया है। डीएम शुभ्रा सक्सेना ने इस बाबत जारी शासनादेशों का संदर्भ लेते हुए विस्तृत कार्यक्रम घोषित कर दिया है।
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इसके तहत दो से चार सितंबर तक ग्राम पंचायत से लेकर जिला पंचायत वार्ड के निर्दिष्ट स्थलों पर आरक्षण आवंटन की प्रस्तावित सूची का प्रकाशन किया जाएगा। इसके साथ ही छह सितंबर तक आरक्षण संबंधी सूचियों पर आपत्तियां ली जाएंगी और सात सितंबर को उन्हें जिला पंचायत राज कार्यालय में संकलित किया जाएगा। आठ व नौ सितंबर को जिला स्तर पर गठित समिति आपत्तियों का परीक्षण करके उनका निस्तारण करेगी। दस व 11 सितंबर को आरक्षण आवंटन की अंतिम सूची का प्रकाशन होगा और अगले दिन 12 सितंबर को आरक्षण की सूचना निर्धारित प्रपत्र पर निदेशक पंचायती राज को भेज दी जाएगी।
चार सदस्यीय कमेटी करेगी आपत्तियां निस्तारित
आरक्षण संबंधी आपत्तियों के निस्तारण को डीएम की अध्यक्षता में चार सदस्यीय समिति गठित की गई है। समिति में जिला पंचायत राज अधिकारी सदस्य सचिव नामित किए गए हैं। इसी कमेटी में मुख्य विकास अधिकारी और जिला पंचायत के अपर मुख्य अधिकारी सदस्य बनाए गए हैं। डीएम ने सभी उप जिलाधिकारियों, जिला पंचायत राज अधिकारी, जिला पंचायत के अपर मुख्य अधिकारी, खंड विकास अधिकारियों और सहायक विकास अधिकारी पंचायत को शासन से घोषित कार्यक्रम के अनुसार पंचायत चुनाव संबंधी कार्य नियत समय में निष्पादित करने के निर्देश दिए हैं।
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मतदाता सूचियों में गड़बड़ी संबंधी सर्वाधिक 60 हजार शिकायतें पुवायां तहसील से प्राप्त हुई थीं। इसी तरह तिलहर से 29 हजार, सदर तहसील से 25 हजार और जलालाबाद तहसील से करीब 38 हजार दावे, आपत्तियां और संशोधन के आवेदन मिले। इनके निस्तारण की अवधि बीते चार दिन हो गए हैं, लेकिन दस हजार से अधिक प्रकरण अभी तक लंबित हैं। इसके बावजूद वोटर लिस्टों को लेकर सवाल उठने जारी हैं। सहायक निर्वाचन अधिकारी सरोज कुमार ने सभी तहसीलों के संबंधित उप जिलाधिकारियों से संशोधन के बाद वोटर लिस्टों में शामिल होने योग्य शेष नाम भी मांगे हैं।
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मंगलवार को तैयार होगा त्रिस्तरीय आरक्षण का प्रस्ताव
जनपद स्तर पर ग्राम पंचायतों के आरक्षण का प्रस्तावित चार्ट पंचायतीराज निदेशालय से पहले ही जारी हो चुका है। अब इसी कड़ी में ग्राम पंचायत वार प्रधानों सहित ग्राम पंचायत, क्षेत्र पंचायत और जिला पंचायत के वार्डों के आवंटन का आरक्षण प्रस्ताव तैयार करने का काम शुरू करा दिया गया है। डीएम शुभ्रा सक्सेना ने इस बाबत जारी शासनादेशों का संदर्भ लेते हुए विस्तृत कार्यक्रम घोषित कर दिया है।
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इसके तहत दो से चार सितंबर तक ग्राम पंचायत से लेकर जिला पंचायत वार्ड के निर्दिष्ट स्थलों पर आरक्षण आवंटन की प्रस्तावित सूची का प्रकाशन किया जाएगा। इसके साथ ही छह सितंबर तक आरक्षण संबंधी सूचियों पर आपत्तियां ली जाएंगी और सात सितंबर को उन्हें जिला पंचायत राज कार्यालय में संकलित किया जाएगा। आठ व नौ सितंबर को जिला स्तर पर गठित समिति आपत्तियों का परीक्षण करके उनका निस्तारण करेगी। दस व 11 सितंबर को आरक्षण आवंटन की अंतिम सूची का प्रकाशन होगा और अगले दिन 12 सितंबर को आरक्षण की सूचना निर्धारित प्रपत्र पर निदेशक पंचायती राज को भेज दी जाएगी।
चार सदस्यीय कमेटी करेगी आपत्तियां निस्तारित
आरक्षण संबंधी आपत्तियों के निस्तारण को डीएम की अध्यक्षता में चार सदस्यीय समिति गठित की गई है। समिति में जिला पंचायत राज अधिकारी सदस्य सचिव नामित किए गए हैं। इसी कमेटी में मुख्य विकास अधिकारी और जिला पंचायत के अपर मुख्य अधिकारी सदस्य बनाए गए हैं। डीएम ने सभी उप जिलाधिकारियों, जिला पंचायत राज अधिकारी, जिला पंचायत के अपर मुख्य अधिकारी, खंड विकास अधिकारियों और सहायक विकास अधिकारी पंचायत को शासन से घोषित कार्यक्रम के अनुसार पंचायत चुनाव संबंधी कार्य नियत समय में निष्पादित करने के निर्देश दिए हैं।