{"_id":"9e9d71ac0b5817f4c0db2ef59ffde637","slug":"rabi-kharif-crops-will-compensate-the-loss-of-hindi-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"रबी के नुकसान की भरपाई करेंगी खरीफ की फसलें","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
रबी के नुकसान की भरपाई करेंगी खरीफ की फसलें
अनूप वाजपेयी/शाहजहांपुर।
Updated Sat, 06 Jun 2015 07:02 PM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
मौसम विभाग भले ही मानसूनी बारिश में कमी के संकेत दे रहा हो लेकिन कृषि विभाग के अफसरों का दावा है कि खरीफ सीजन में उगाई जाने वाली धान, गन्ना, ज्वार, बाजरा, मक्का आदि फसलें अतिवृष्टि और ओलावृष्टि से रबी फसलों को हुए नुकसान की भरपाई कर देंगी। इसके लिए खरीफ सीजन में विभिन्न फसलों की बुवाई का लक्ष्य भी तय कर दिया गया है।
जिले में करीब साढ़े सात लाख किसानों में अधिसंख्य किसान लघु और मध्यम जोत वाले हैं। ऐसे किसानों के पास सिंचाई के संसाधन नहीं होने से उन्हें सरकारी नलकूपों और नहरों के अलावा मानसून की वर्षा पर निर्भर रहना पड़ता है। बीते साल रबी सीजन बीतने पर सामान्य से कम बारिश हुई जिसका धान उत्पादन पर विपरीत असर पड़ा। उत्पादकता घटने पर किसानों ने रबी सीजन से फसली मुनाफे की उम्मीदें लगाईं, लेकिन बीते मार्च और अप्रैल में हुई बेमौसम की बरसात और ओलावृष्टि ने किसानों के सारे अरमान धो डाले।
लगातार दो फसली सीजन में नुकसान की चोट खाए किसानों के आर्थिक नुकसान की भरपाई के लिए शासन ने मुआवजा वितरण के बाद अब खरीफ फसलों के उत्पादन में बीज, खाद से लेकर सिंचाई आदि में सहूलियत देने की कार्य योजना बनाई है। इस पर अमल करते हुए कृषि विभाग के अधिकारियों ने धान की अधिक उत्पादकता वाली विभिन्न प्रजातियों की बुवाई का लक्ष्य तय कर दिया है। साथ ही सभी राजकीय कृषि बीज भंडारों पर अनुदान सहित धान का संकर बीज उपलब्ध कराया है।
विज्ञापन
खरीफ फसलों की बुवाई का लक्ष्य: एक नजर
------------------------------------------
फसलें वर्ष 2014 का रकबा वर्ष 2015 का लक्ष्य
धान 203946 211046
मक्का 1807 2179
बाजरा 4166 418
ज्वार 1146 126
उर्द 8123 10116
मूंग 11 15
अरहर 1678 1884
मूंगफली 3661 3694
तिल 7485 8038
योग 232023 242412
नोट: बुवाई क्षेत्रफल हेक्टेयर में दिया गया है।
यह रहा फसल वार बीज का लक्ष्य और उपलब्धता
-----------------------------------------
फसलें लक्ष्य उपलब्धता
0 धान 21740 11024
0 मक्का 35 13
0 ज्वार 70 10
0 उर्द 610 112
0 मूंग 130 30
0 तिल 35 5
0 सोयाबीन 85 75
नोट: बीज मात्रा कुंतल में दी गई है।
कई फसलों के बीज मिलने का इंतजार
खरीफ सीजन में किसानों को राहत देने के लिए प्रशासन ने कई फसलों का रकबा बढ़ा दिया, लेकिन उनका बीज आी उपलब्ध नहीं हुआ है। मसलन, 55 क्विंटल अरहर, दस क्विंटल बाजरा और 855 क्विंटल मूंगफली बीज की जरूरत है, लेकिन इन बीजों की उपलब्धता शून्य है। अफसरों को उम्मीद है कि धान की पौध लगने का सिलसिला शुरू होने तक बीज डिमांड पूरी हो जाएगी।
डीएम के निर्देश पर धान का हाईब्रीड बीज ब्लाक स्तरीय सभी बीज भंडारों को उपलब्ध करा दिया गया है जिस पर प्रति क्विंटल 130 रुपये अनुदान भी देय है। उन्होंने कहा कि मौसम आधारित बीमा कराने वाले किसान 15 जून तक बीज खरीद लें, वरना इसके बाद उन्हें बीज की खरीद पर अनुदान लाभ देय नहीं होगा।
- अखिलानंद पांडेय, जिला कृषि अधिकारी
विज्ञापन
जिले में करीब साढ़े सात लाख किसानों में अधिसंख्य किसान लघु और मध्यम जोत वाले हैं। ऐसे किसानों के पास सिंचाई के संसाधन नहीं होने से उन्हें सरकारी नलकूपों और नहरों के अलावा मानसून की वर्षा पर निर्भर रहना पड़ता है। बीते साल रबी सीजन बीतने पर सामान्य से कम बारिश हुई जिसका धान उत्पादन पर विपरीत असर पड़ा। उत्पादकता घटने पर किसानों ने रबी सीजन से फसली मुनाफे की उम्मीदें लगाईं, लेकिन बीते मार्च और अप्रैल में हुई बेमौसम की बरसात और ओलावृष्टि ने किसानों के सारे अरमान धो डाले।
विज्ञापन
लगातार दो फसली सीजन में नुकसान की चोट खाए किसानों के आर्थिक नुकसान की भरपाई के लिए शासन ने मुआवजा वितरण के बाद अब खरीफ फसलों के उत्पादन में बीज, खाद से लेकर सिंचाई आदि में सहूलियत देने की कार्य योजना बनाई है। इस पर अमल करते हुए कृषि विभाग के अधिकारियों ने धान की अधिक उत्पादकता वाली विभिन्न प्रजातियों की बुवाई का लक्ष्य तय कर दिया है। साथ ही सभी राजकीय कृषि बीज भंडारों पर अनुदान सहित धान का संकर बीज उपलब्ध कराया है।
विज्ञापन
खरीफ फसलों की बुवाई का लक्ष्य: एक नजर
------------------------------------------
फसलें वर्ष 2014 का रकबा वर्ष 2015 का लक्ष्य
धान 203946 211046
मक्का 1807 2179
बाजरा 4166 418
ज्वार 1146 126
उर्द 8123 10116
मूंग 11 15
अरहर 1678 1884
मूंगफली 3661 3694
तिल 7485 8038
योग 232023 242412
नोट: बुवाई क्षेत्रफल हेक्टेयर में दिया गया है।
यह रहा फसल वार बीज का लक्ष्य और उपलब्धता
-----------------------------------------
फसलें लक्ष्य उपलब्धता
0 धान 21740 11024
0 मक्का 35 13
0 ज्वार 70 10
0 उर्द 610 112
0 मूंग 130 30
0 तिल 35 5
0 सोयाबीन 85 75
नोट: बीज मात्रा कुंतल में दी गई है।
कई फसलों के बीज मिलने का इंतजार
खरीफ सीजन में किसानों को राहत देने के लिए प्रशासन ने कई फसलों का रकबा बढ़ा दिया, लेकिन उनका बीज आी उपलब्ध नहीं हुआ है। मसलन, 55 क्विंटल अरहर, दस क्विंटल बाजरा और 855 क्विंटल मूंगफली बीज की जरूरत है, लेकिन इन बीजों की उपलब्धता शून्य है। अफसरों को उम्मीद है कि धान की पौध लगने का सिलसिला शुरू होने तक बीज डिमांड पूरी हो जाएगी।
डीएम के निर्देश पर धान का हाईब्रीड बीज ब्लाक स्तरीय सभी बीज भंडारों को उपलब्ध करा दिया गया है जिस पर प्रति क्विंटल 130 रुपये अनुदान भी देय है। उन्होंने कहा कि मौसम आधारित बीमा कराने वाले किसान 15 जून तक बीज खरीद लें, वरना इसके बाद उन्हें बीज की खरीद पर अनुदान लाभ देय नहीं होगा।
- अखिलानंद पांडेय, जिला कृषि अधिकारी