{"_id":"621d209e9fd8da3bae679c82","slug":"mahashivratri-today-full-preparations-in-temples-shahjahanpur-news-bly476908125","type":"story","status":"publish","title_hn":"महाशिवरात्रि आज, मंदिरों में हुई तैयारी","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
महाशिवरात्रि आज, मंदिरों में हुई तैयारी
विज्ञापन
शाहजहांपुर में महा शिवरात्रि पर बिजली की झालरों से सजाया गया श्रीबाबा विश्वनाथ मंदिर। संवाद
- फोटो : SHAHJAHANPUR
शाहजहांपुर। मंगलवार को महाशिवरात्रि मनाई जाएगी। इसको लेकर मंदिरों में पूरे दिन तैयारियां चलती रहीं। साफ-सफाई का काम सोमवार सुबह से ही शुरू हो गया। इसके अलावा मंदिरों को बिजली की झालरों से सजाया गया। रात के समय मंदिर रोशनी से नहा गए।
शिवालयों में महाशिवरात्रि पर भोले के भक्तों का तांता लगने की उम्मीद है। इसको लेकर मंदिर समितियों के पदाधिकारी तैयारियों में जुटे हैं। सभी प्रमुख शिवमंदिरों में मंगलवार सुबह चार बजे से ही कपाट खोल दिए जाएंगे। शहर के बाबा विश्वनाथ, वनखंडी नाथ, चौकसीनाथ, प्राचीन शिव बड़ा मंदिर और त्रिलोकी नाथ धाम पैना बुजुर्ग को खासतौर पर सजाया गया है। जिले के अन्य प्रसिद्ध मंदिरों में भी तैयारियां की गई हैं।
शुभ मुहूर्त में इस तरह से करें पूजन
महाशिवरात्रि पर जलाभिषेक ब्रह्ममुहूर्त में सुबह चार बजे से शुरू हो जाएगा। प्राचीन शिव बड़ा मंदिर के पुजारी सुरेश चंद्र मिश्र ने बताया कि पूजन के लिए मुहूर्त अनुसार पवित्र आसन पर बैठकर हाथ में जल, रोली, चावल, फूल लेकर व्रत पूजा का संकल्प लें। भक्ति भाव से मन में ओम नम: शिवाय का जप करते हुए सामग्री अर्पित करें। गौरी, गणेश, नंदी और गुरु का प्रथम पूजन करें।
विज्ञापन
बाद में चंदन, चावल, फल, फूल, मेवा, मिष्ठान, धूप, दीप आदि से शिव पूजन करें। बेर, बेलपत्र, धतूरा, भांग, शमी, जौ, काले तिल, चावल, आर्क, पत्र, दुर्बा, पंचामृत, भस्म बूरा वस्तु आदि अर्पित करें। इसके बाद आरती करें। रुद्राभिषेक कराएं या करें। शिवपुराण पढ़ें और शिव चालीसा, स्त्रोत, श्लोक, मंत्र, महामृत्युंजय मंत्र आदि का पाठ करें।
विज्ञापन
शिवालयों में महाशिवरात्रि पर भोले के भक्तों का तांता लगने की उम्मीद है। इसको लेकर मंदिर समितियों के पदाधिकारी तैयारियों में जुटे हैं। सभी प्रमुख शिवमंदिरों में मंगलवार सुबह चार बजे से ही कपाट खोल दिए जाएंगे। शहर के बाबा विश्वनाथ, वनखंडी नाथ, चौकसीनाथ, प्राचीन शिव बड़ा मंदिर और त्रिलोकी नाथ धाम पैना बुजुर्ग को खासतौर पर सजाया गया है। जिले के अन्य प्रसिद्ध मंदिरों में भी तैयारियां की गई हैं।
विज्ञापन
शुभ मुहूर्त में इस तरह से करें पूजन
महाशिवरात्रि पर जलाभिषेक ब्रह्ममुहूर्त में सुबह चार बजे से शुरू हो जाएगा। प्राचीन शिव बड़ा मंदिर के पुजारी सुरेश चंद्र मिश्र ने बताया कि पूजन के लिए मुहूर्त अनुसार पवित्र आसन पर बैठकर हाथ में जल, रोली, चावल, फूल लेकर व्रत पूजा का संकल्प लें। भक्ति भाव से मन में ओम नम: शिवाय का जप करते हुए सामग्री अर्पित करें। गौरी, गणेश, नंदी और गुरु का प्रथम पूजन करें।
विज्ञापन
बाद में चंदन, चावल, फल, फूल, मेवा, मिष्ठान, धूप, दीप आदि से शिव पूजन करें। बेर, बेलपत्र, धतूरा, भांग, शमी, जौ, काले तिल, चावल, आर्क, पत्र, दुर्बा, पंचामृत, भस्म बूरा वस्तु आदि अर्पित करें। इसके बाद आरती करें। रुद्राभिषेक कराएं या करें। शिवपुराण पढ़ें और शिव चालीसा, स्त्रोत, श्लोक, मंत्र, महामृत्युंजय मंत्र आदि का पाठ करें।