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मंथरा ने कैकेयी को भड़काकर श्रीराम को दिलाया बनवास
ब्यूरो /शाहजहांपुर
Updated Wed, 05 Oct 2016 12:29 AM IST
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मंथरा ने कैकेयी को भड़काकर श्रीराम को दिलाया बनवास
- फोटो : श्ााहजहांपुर उत्तर प्रदेश्ा
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मर्यादा पुरुषोत्तम भगवान श्रीराम की लीला कथा जैसे-जैसे आगे बढ़ रही है, शहर के रामलीला मैदानों पर मेलार्थियों का उल्लास भी बढ़ रहा है। खिरनीबाग की नगर रामलीला में मंगलवार को मंथरा द्वारा कैकेयी को भड़काकर राजा दशरथ से भगवान श्रीराम को बनवास दिलाने का कलाकारों ने भावपूर्ण मंचन किया। उधर, ओसीएफ इस्टेट की रामलीला में वन पहुंचे श्रीराम का निषाद राज और भीलों द्वारा स्वागत किए जाने की लीला खेली गई।
नगर रामलीला में भगवान श्रीराम को बनवास से पहले मंथरा-कैकेयी संवाद और केवट संवाद ने दर्शकों को भावुक कर दिया। अभिनय में कृष्ण मोहन, मनोज राना, अनूप कुमार, इंद्रजीत, अरविंद कुमार, सचिन, संदीप, पूजा, ज्योति आदि ने विभिन्न पात्र जीवंत किए। अंत में आरती हुई जिसमें रोजा शुगर वर्क्स के महा प्रबंधक बाल किशोर मालपानी, प्रेमलता मालपानी, आनंद मिश्रा, सुशील तुली, रोमी आनंद आदि उपस्थित रहे।
उधर, ओसीएफ रामलीला के मंच पर आर्डनेंस ड्रामेटिक क्लब के कलाकारों ने राम बनवास की लीला और उसके बाद माता सीता और लक्ष्मण के साथ वन पहुंचे श्रीराम का निषाद राज व भीलों द्वारा किए गए प्रेमपूर्ण स्वागत का मनोहारी मंचन किया। आगे वन की यात्रा के दौरान भगवान श्रीराम के निर्देश पर अयोध्या से साथ आए महामंत्री सुमंत के भारी मन से लौटने के प्रसंग ने दर्शकों के अंतर्मन को छू लिया।
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कैकेयी के रूप में अदिति वर्मा, राम बने रोहित सक्सेना, सीता बनीं रेखा, मंथरा के अभिनय में पारस और कौशल्या बनीं पूनम कश्यप की संवाद अदायगी ने अलग छाप छोड़ी। मंचन में सत्यनारायण, पैट्रिक दास और अंकित सक्सेना ने संयुक्त निर्देशन किया। मंच व्यवस्था में समिति के सचिव तनजीम अहमद खां का विशेष सहयोग रहा।
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नगर रामलीला में भगवान श्रीराम को बनवास से पहले मंथरा-कैकेयी संवाद और केवट संवाद ने दर्शकों को भावुक कर दिया। अभिनय में कृष्ण मोहन, मनोज राना, अनूप कुमार, इंद्रजीत, अरविंद कुमार, सचिन, संदीप, पूजा, ज्योति आदि ने विभिन्न पात्र जीवंत किए। अंत में आरती हुई जिसमें रोजा शुगर वर्क्स के महा प्रबंधक बाल किशोर मालपानी, प्रेमलता मालपानी, आनंद मिश्रा, सुशील तुली, रोमी आनंद आदि उपस्थित रहे।
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उधर, ओसीएफ रामलीला के मंच पर आर्डनेंस ड्रामेटिक क्लब के कलाकारों ने राम बनवास की लीला और उसके बाद माता सीता और लक्ष्मण के साथ वन पहुंचे श्रीराम का निषाद राज व भीलों द्वारा किए गए प्रेमपूर्ण स्वागत का मनोहारी मंचन किया। आगे वन की यात्रा के दौरान भगवान श्रीराम के निर्देश पर अयोध्या से साथ आए महामंत्री सुमंत के भारी मन से लौटने के प्रसंग ने दर्शकों के अंतर्मन को छू लिया।
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कैकेयी के रूप में अदिति वर्मा, राम बने रोहित सक्सेना, सीता बनीं रेखा, मंथरा के अभिनय में पारस और कौशल्या बनीं पूनम कश्यप की संवाद अदायगी ने अलग छाप छोड़ी। मंचन में सत्यनारायण, पैट्रिक दास और अंकित सक्सेना ने संयुक्त निर्देशन किया। मंच व्यवस्था में समिति के सचिव तनजीम अहमद खां का विशेष सहयोग रहा।