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Shahjahanpur News: गर्म हवाएं सेहत पर पड़ रहीं भारी, अस्पतालों में बढ़े मरीज
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शाहजहांपुर। मई में तेज धूप और लू लोगों के स्वास्थ्य पर विपरीत प्रभाव डाल रही है। राजकीय मेडिकल कॉलेज के साथ ही निजी अस्पतालों में मरीजों की भीड़ लगी है। अधिकतर मरीज डायरिया और निर्जलीकरण के शिकार हैं। विशेषज्ञ भीषण गर्मी में धूप और लू से बचाव के लिए जागरूक कर रहे हैं।
राजकीय मेडिकल कॉलेज की ओपीडी में प्रतिदिन 15 सौ से अधिक मरीज आते हैं। इनमें करीब पांच सौ मरीज फिजिशियन के पास पहुंच रहे हैं। तापमान बढ़ने के बाद गर्म हवाओं के चलने से मरीजों का ग्राफ बढ़ा है। प्रतिदिन 20 से 30 मरीज डायरिया के पहुंच रहे हैं। इसी तरह पीएचसी व सीएचसी पर भी मरीजों की संख्या में बढ़ोत्तरी हुई है। डॉक्टर दवा देने के साथ ही धूप और लू से बचने के लिए जागरूक भी कर रहे हैं।
सीएमएस डॉ. शैलेंद्र कुमार के अनुसार, डायरिया से गंभीर रोगियों को अस्पताल में भर्ती किया जा रहा है। उन्होंने बताया कि अगर लू लगने की आशंका है तो घर पर इलाज करने की बजाये अस्पताल पहुंचे। इलाज में लापरवाही घातक साबित हो सकती है।
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ये बरतें सावधानी
- धूप में काम करने वाले समय-समय पर कुछ देर के लिए छांव में बैठे।
- शरीर में पानी की कमी न होने दे, बार-बार पानी को अवश्य पीते रहे।
- डायरिया व डिहाईड्रेशन से बचने के लिए शुद्घ पानी का इस्तेमाल करें।
- शरीर को कपड़े से कवर रखें, बासी खाने से बचे, भारी भोजन भी न करें।
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वर्जन
- शरीर का तापमान बढ़ने से बेहोशी की स्थिति हो सकती है। ऐसे में व्यक्ति की जान को भी संकट हो सकता है। शरीर में पानी की कमी न होने दें। लू व धूप से बचाव करें। - डॉ. मोहम्मद आसिफ, डिप्टी सीएमओ
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राजकीय मेडिकल कॉलेज की ओपीडी में प्रतिदिन 15 सौ से अधिक मरीज आते हैं। इनमें करीब पांच सौ मरीज फिजिशियन के पास पहुंच रहे हैं। तापमान बढ़ने के बाद गर्म हवाओं के चलने से मरीजों का ग्राफ बढ़ा है। प्रतिदिन 20 से 30 मरीज डायरिया के पहुंच रहे हैं। इसी तरह पीएचसी व सीएचसी पर भी मरीजों की संख्या में बढ़ोत्तरी हुई है। डॉक्टर दवा देने के साथ ही धूप और लू से बचने के लिए जागरूक भी कर रहे हैं।
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सीएमएस डॉ. शैलेंद्र कुमार के अनुसार, डायरिया से गंभीर रोगियों को अस्पताल में भर्ती किया जा रहा है। उन्होंने बताया कि अगर लू लगने की आशंका है तो घर पर इलाज करने की बजाये अस्पताल पहुंचे। इलाज में लापरवाही घातक साबित हो सकती है।
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ये बरतें सावधानी
- धूप में काम करने वाले समय-समय पर कुछ देर के लिए छांव में बैठे।
- शरीर में पानी की कमी न होने दे, बार-बार पानी को अवश्य पीते रहे।
- डायरिया व डिहाईड्रेशन से बचने के लिए शुद्घ पानी का इस्तेमाल करें।
- शरीर को कपड़े से कवर रखें, बासी खाने से बचे, भारी भोजन भी न करें।
वर्जन
- शरीर का तापमान बढ़ने से बेहोशी की स्थिति हो सकती है। ऐसे में व्यक्ति की जान को भी संकट हो सकता है। शरीर में पानी की कमी न होने दें। लू व धूप से बचाव करें। - डॉ. मोहम्मद आसिफ, डिप्टी सीएमओ