{"_id":"69ebc924c19d0e14fe0055bf","slug":"global-conflicts-pose-crisis-for-msmes-entrepreneurs-demand-government-intervention-shahjahanpur-news-c-122-1-sbly1036-171490-2026-04-25","type":"story","status":"publish","title_hn":"Shahjahanpur News: वैश्विक संघर्ष से सूक्ष्म, लघु उद्योगों पर संकट, उद्यमियों ने उठाई सरकार से हस्तक्षेप की मांग","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Shahjahanpur News: वैश्विक संघर्ष से सूक्ष्म, लघु उद्योगों पर संकट, उद्यमियों ने उठाई सरकार से हस्तक्षेप की मांग
विज्ञापन
बरेली मोड़ स्थित कार्यालय में बैठक में उपस्थित आईआईए के पदाधिकारी। स्रोत : आईआईए
शाहजहांपुर। ईरान और अमेरिका के बीच जारी युद्ध तथा युद्धविराम की अनिश्चितता के कारण सूक्ष्म, लघु एवं मध्यम उद्योगों (एमएसएमई) पर संकट बढ़ गया है। उद्यमी कच्चे माल की कीमतों में अस्थिरता और श्रमिकों की समस्या को लेकर चिंंतित हैं।
इंडियन इंडस्ट्रीज एसोसिएशन की बरेली मोड़ स्थित एक कार्यालय पर हुई बैठक में उद्यमियों ने गहरी चिंता व्यक्त की। उन्होंने सरकार से इस संकट से उबारने के लिए तत्काल प्रभावी नीतियां लागू करने की अपील की। बैठक में उद्यमियों ने कहा कि युद्ध के चलते कच्चे माल के दाम अनियंत्रित हैं। श्रमिकों की समस्या का भी समाधान नहीं हो पा रहा है।
इससे एमएसएमई क्षेत्र गंभीर चुनौतियों का सामना कर रहा है। पूर्व राष्ट्रीय अध्यक्ष अशोक अग्रवाल ने एमएसएमई की बिगड़ती स्थिति पर चिंता जताई। उन्होंने कहा कि यदि शीघ्र ठोस कदम नहीं उठाए गए तो यह क्षेत्र और कमजोर हो सकता है। उन्होंने सरकार से उद्योगों को संकट से निकालने के लिए तुरंत प्रभावी नीतियां बनाने का आग्रह किया।
विज्ञापन
चैप्टर अध्यक्ष विनम्र अग्रवाल और अन्य प्रमुख पदाधिकारियों ने भी समस्याओं पर चिंता जताई, सरकार से त्वरित हस्तक्षेप मांगा। इस दौरान सीईसी सदस्य शुभम खन्ना, डिविजनल चेयरमैन गुरजीत सिंह मोंगा, सचिव रोहित गोयल, हेमंत रोहरा, कोषाध्यक्ष जय गोविंद मोदी, अंकित गुप्ता आदि उद्यमी मौजूद रहे।
--
कच्चे माल और श्रमिक समस्या से जूझते उद्योग
उद्योग प्रतिनिधियों ने कच्चे माल की कीमतों में भारी अस्थिरता बताई। इस अस्थिरता से उत्पादन लागत बढ़ रही है और लाभ मार्जिन घट रहा है। श्रमिकों की उपलब्धता और उनकी बढ़ती लागत भी एक बड़ी समस्या है। इन कारकों से सूक्ष्म, लघु एवं मध्यम उद्योग गंभीर दबाव में हैं।
विज्ञापन
इंडियन इंडस्ट्रीज एसोसिएशन की बरेली मोड़ स्थित एक कार्यालय पर हुई बैठक में उद्यमियों ने गहरी चिंता व्यक्त की। उन्होंने सरकार से इस संकट से उबारने के लिए तत्काल प्रभावी नीतियां लागू करने की अपील की। बैठक में उद्यमियों ने कहा कि युद्ध के चलते कच्चे माल के दाम अनियंत्रित हैं। श्रमिकों की समस्या का भी समाधान नहीं हो पा रहा है।
विज्ञापन
इससे एमएसएमई क्षेत्र गंभीर चुनौतियों का सामना कर रहा है। पूर्व राष्ट्रीय अध्यक्ष अशोक अग्रवाल ने एमएसएमई की बिगड़ती स्थिति पर चिंता जताई। उन्होंने कहा कि यदि शीघ्र ठोस कदम नहीं उठाए गए तो यह क्षेत्र और कमजोर हो सकता है। उन्होंने सरकार से उद्योगों को संकट से निकालने के लिए तुरंत प्रभावी नीतियां बनाने का आग्रह किया।
विज्ञापन
चैप्टर अध्यक्ष विनम्र अग्रवाल और अन्य प्रमुख पदाधिकारियों ने भी समस्याओं पर चिंता जताई, सरकार से त्वरित हस्तक्षेप मांगा। इस दौरान सीईसी सदस्य शुभम खन्ना, डिविजनल चेयरमैन गुरजीत सिंह मोंगा, सचिव रोहित गोयल, हेमंत रोहरा, कोषाध्यक्ष जय गोविंद मोदी, अंकित गुप्ता आदि उद्यमी मौजूद रहे।
कच्चे माल और श्रमिक समस्या से जूझते उद्योग
उद्योग प्रतिनिधियों ने कच्चे माल की कीमतों में भारी अस्थिरता बताई। इस अस्थिरता से उत्पादन लागत बढ़ रही है और लाभ मार्जिन घट रहा है। श्रमिकों की उपलब्धता और उनकी बढ़ती लागत भी एक बड़ी समस्या है। इन कारकों से सूक्ष्म, लघु एवं मध्यम उद्योग गंभीर दबाव में हैं।