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Shahjahanpur News: कस्तूरबा गांधी विद्यालय की छात्राओं ने मांगी बढि़या मिठाई और ब्रश
Sat, 27 Jul 2024 03:09 AM IST
बरेली ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, शाहजहाँपुर
संवाद न्यूज एजेंसी, शाहजहाँपुर
Updated Sat, 27 Jul 2024 03:09 AM IST
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कस्तूरबा गांधी आवासीय विद्यालय ग्रामीण क्षेत्र तिलहर के छात्र-छात्राओं व शिक्षकों के साथ बीएस
शाहजहांपुर। तिलहर के नगर क्षेत्र व ग्रामीण क्षेत्र में स्थित कस्तूरबा गांधी आवासीय बालिका विद्यालयों का शुक्रवार को बीएसए दिव्या गुप्ता ने निरीक्षण किया। नगर क्षेत्र के विद्यालय में एक शिक्षिका बिना किसी पूर्व सूचना के अनुपस्थित मिलीं, उनसे स्पष्टीकरण मांगा गया है। निरीक्षण के दौरान विद्यालय में पढ़ने वाली छात्राओं ने बीएसए से खाने में बढि़या मिठाई की मांग कर दी। एक छात्रा ने ब्रश नहीं मिलने की शिकायत की।
बीएसए दिव्या गुप्ता ने बताया कि शुक्रवार को कस्तूरबा गांधी आवासीय विद्यालय नगर क्षेत्र तिलहर में निरीक्षण करने पहुंचीं। यहां पर उन्हें एक शिक्षिका बिना सूचना के अनुपस्थित मिलीं। शिक्षिका से स्पष्टीकरण लेने के निर्देश दिए गए। बीएसए को विद्यालय में सफाई व्यवस्था ठीक मिली, लेकिन आवासीय विद्यालय की छात्राओं द्वारा खाने-पीने की वस्तुएं और वस्त्र आदि की मांग की गई है। किसी छात्रा ने कहा कि खाने में बढि़या मिठाई मिलनी चाहिए। पोहा अच्छा नहीं मिलता है। एक छात्रा ने बताया कि उसको सिर्फ एक केला खाने का दिया जाता है। एक अन्य छात्रा ने ब्रश नहीं मिलने की बात कही। इस पर संबंधित को छात्राओं की जरूरतों को पूरा करने के लिए निर्देशित किया गया है। इसके बाद बीएसए ने ग्रामीण क्षेत्र के कस्तूरबा गांधी आवासीय विद्यालय का जायजा लिया। बालिकाओं से प्रश्न करने पर सही उत्तर मिले तो बीएसए द्वारा विद्यालय के शिक्षकों की सराहना की गई।
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37 से 88 प्रतिशत हुई विद्यालयों में उपस्थिति
- बीएसए दिव्या गुप्ता ने बताया कि जब वे जनपद में आईं थीं, तब कस्तूरबा गांधी आवासीय बालिका विद्यालयों में उपस्थिति मात्र 37 प्रतिशत ही थी। उनके द्वारा विद्यालयों का लगातार निरीक्षण किया जा रहा है और उपस्थिति बढ़ाने के निर्देश दिए गए। इसका सकारात्मक असर देखने को मिलने लगा है। वर्तमान में 88 प्रतिशत उपस्थिति कस्तूरबा गांधी आवासीय बालिका विद्यालयों में हो रही है। बताया कि 1440 के सापेक्ष 1500 निरीक्षण बेसिक के विद्यालयों में हो चुके हैं।
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बीएसए दिव्या गुप्ता ने बताया कि शुक्रवार को कस्तूरबा गांधी आवासीय विद्यालय नगर क्षेत्र तिलहर में निरीक्षण करने पहुंचीं। यहां पर उन्हें एक शिक्षिका बिना सूचना के अनुपस्थित मिलीं। शिक्षिका से स्पष्टीकरण लेने के निर्देश दिए गए। बीएसए को विद्यालय में सफाई व्यवस्था ठीक मिली, लेकिन आवासीय विद्यालय की छात्राओं द्वारा खाने-पीने की वस्तुएं और वस्त्र आदि की मांग की गई है। किसी छात्रा ने कहा कि खाने में बढि़या मिठाई मिलनी चाहिए। पोहा अच्छा नहीं मिलता है। एक छात्रा ने बताया कि उसको सिर्फ एक केला खाने का दिया जाता है। एक अन्य छात्रा ने ब्रश नहीं मिलने की बात कही। इस पर संबंधित को छात्राओं की जरूरतों को पूरा करने के लिए निर्देशित किया गया है। इसके बाद बीएसए ने ग्रामीण क्षेत्र के कस्तूरबा गांधी आवासीय विद्यालय का जायजा लिया। बालिकाओं से प्रश्न करने पर सही उत्तर मिले तो बीएसए द्वारा विद्यालय के शिक्षकों की सराहना की गई।
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37 से 88 प्रतिशत हुई विद्यालयों में उपस्थिति
- बीएसए दिव्या गुप्ता ने बताया कि जब वे जनपद में आईं थीं, तब कस्तूरबा गांधी आवासीय बालिका विद्यालयों में उपस्थिति मात्र 37 प्रतिशत ही थी। उनके द्वारा विद्यालयों का लगातार निरीक्षण किया जा रहा है और उपस्थिति बढ़ाने के निर्देश दिए गए। इसका सकारात्मक असर देखने को मिलने लगा है। वर्तमान में 88 प्रतिशत उपस्थिति कस्तूरबा गांधी आवासीय बालिका विद्यालयों में हो रही है। बताया कि 1440 के सापेक्ष 1500 निरीक्षण बेसिक के विद्यालयों में हो चुके हैं।
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