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Shahjahanpur News: अधिक धन वसूलने पर साइबर कैफे सील
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कचहरी मोड़ के पास जय भवानी कैफे को सील करने की कार्रवाई करते एडीएम एफआर अरविंद कुमार व अन्य अध
शाहजहांपुर। दवा व्यापारियों से ऑनलाइन आवेदन में निर्धारित से अधिक शुल्क लेने पर एडीएम वित्त एवं राजस्व ने जांच के बाद जय भवानी कैफे को सील करा दिया।
एडीएम एफआर अरविंद कुमार ने बताया कि केमिस्ट वेलफेयर एसोसिएशन के पदाधिकारियों ने डीएम के साथ बैठक के दौरान कचहरी मोड़ स्थित जय भवानी साइबर कैफे के संचालक की शिकायत की थी। उन्होंने बताया था कि पोर्टल पर अधिकतर दवा व्यापारियों के लाइसेंस के रिन्यूअल, नवीन आवेदन व अन्य ऑनलाइन प्रक्रिया किए जाने में निर्धारित शुल्क से कई गुना ज्यादा राशि अवैध रूप से साइबर कैफे में ली जा रही है।
कई बार जनप्रतिनिधियों ने भी बताया था कि लाइसेंस जारी करने के नाम पर साइबर कैफे पर धन उगाही की जा रही है। शिकायत यह भी थी कि अगर कोई व्यापारी मुनासिब फीस नहीं देता है तो साइबर कैफे संचालक ड्रग पोर्टल न चलने या ओटीपी न आने का बहाना बना देता है। उसका फार्म निरस्त कर देता है।
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डीएम धर्मेंद्र प्रताप सिंह ने इस संबंध में एडीएम एफआर को कड़ी कार्रवाई के निर्देश दिए। ड्रग इंस्पेक्टर की जांच में प्रथमदृष्टया दोषी मिलने पर तहसीलदार सदर सत्येंद्र कटियार, ड्रग इंस्पेक्टर शालिनी मित्रा की उपस्थिति में साइबर कैफे को सील कर दिया। साथ ही ड्रग इंस्पेक्टर को कड़ी कार्रवाई करने के निर्देश दिए।
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एडीएम एफआर अरविंद कुमार ने बताया कि केमिस्ट वेलफेयर एसोसिएशन के पदाधिकारियों ने डीएम के साथ बैठक के दौरान कचहरी मोड़ स्थित जय भवानी साइबर कैफे के संचालक की शिकायत की थी। उन्होंने बताया था कि पोर्टल पर अधिकतर दवा व्यापारियों के लाइसेंस के रिन्यूअल, नवीन आवेदन व अन्य ऑनलाइन प्रक्रिया किए जाने में निर्धारित शुल्क से कई गुना ज्यादा राशि अवैध रूप से साइबर कैफे में ली जा रही है।
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कई बार जनप्रतिनिधियों ने भी बताया था कि लाइसेंस जारी करने के नाम पर साइबर कैफे पर धन उगाही की जा रही है। शिकायत यह भी थी कि अगर कोई व्यापारी मुनासिब फीस नहीं देता है तो साइबर कैफे संचालक ड्रग पोर्टल न चलने या ओटीपी न आने का बहाना बना देता है। उसका फार्म निरस्त कर देता है।
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डीएम धर्मेंद्र प्रताप सिंह ने इस संबंध में एडीएम एफआर को कड़ी कार्रवाई के निर्देश दिए। ड्रग इंस्पेक्टर की जांच में प्रथमदृष्टया दोषी मिलने पर तहसीलदार सदर सत्येंद्र कटियार, ड्रग इंस्पेक्टर शालिनी मित्रा की उपस्थिति में साइबर कैफे को सील कर दिया। साथ ही ड्रग इंस्पेक्टर को कड़ी कार्रवाई करने के निर्देश दिए।