फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Shahjahanpur News ›   Aunt-nephew played hanging, aunt's death

चाची-भतीजे ने लगाई फांसी, चाची की मौत

Mon, 06 Jul 2015 11:54 PM IST
शाहजहांपुर।
शाहजहांपुर। Updated Mon, 06 Jul 2015 11:54 PM IST
विज्ञापन
Aunt-nephew played hanging, aunt's death
कोतवाली क्षेत्र के मोहल्ला मस्जिदगंज में सोमवार सुबह 40 वर्षीय प्रीति यादव ने घर की बैठक में फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली। प्रीति को फांसी पर लटका देख उनके जेठ का 21 वर्षीय बेटा मोहित यादव घर की पहली मंजिल पर बने अपने कमरे में जाकर फांसी पर लटक गया। उसकी चीख सुनकर पहुंचे परिवारीजन और मोहल्ले वालोें ने कमरे का दरवाजा तोड़कर मोहित को नीचे उतारा। उसे फौरन जिला अस्पताल ले जाया गया। जहां हालत गंभीर देख उसे डॉक्टरों ने बरेली रेफर कर दिया। आत्महत्या का कारण स्पष्ट नहीं हो सका है।
विज्ञापन

प्रीति के पति बाबूराम यादव और मोहित के पिता अमर यादव घर में ही डेयरी चलाते हैं। अमर सिंह के मुताबिक सोमवार तड़के किसी बात को लेकर मोहित और प्रीति के बीच कहासुनी हो गई थी। इसके बाद मोहित दूध बांटने चला गया। बाबूराम और अमर सिंह भैंसें लेकर गर्रा नदी पर चले गए। सुबह साढ़े सात बजे दोनों भाई घर लौटे तो बाबूराम ने पत्नी प्रीति को आवाज लगाई। इसी बीच बाबूराम भैंसों को चारा डालने के लिए चूनी-चोकर वाले कमरे में गए। कमरा अंदर से बंद था। दरवाजा न खुलने पर बाबूराम ने अपने भाई अमर सिंह की मदद से लोहे की राड से कमरे के अंदर लगी कुंडी तोड़ दी। कमरे के अंदर देखा तो प्रीति छत के कुंडे में रस्सी के सहारे लटक रही थीं। इसी बीच मोहित दूध बांटकर घर लौटा और भीड़ को देख छत पर अपने कमरे में चला गया। उसने अंदर से कुंडी लगा ली। मोहित को जाते देख उसकी मां सावित्री भी पीछे से छत पर पहुंच गईं। मोहित कमरे की कुंडी बंद करके पंखे से फांसी पर लटक गया। सावित्री के चिल्लाने पर परिवार और मोहल्ले के लोग छत पर पहुंचे और दरवाजा तोड़कर मोहित को फंदे से उतारा। प्रीति और मोहित को जिला अस्पताल ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने प्रीति को मृत घोषित कर दिया।
विज्ञापन


हादसे के बाद घर में मचा कोहराम
हादसे के बाद घर में कोहराम मच गया। मोहित को इलाज के लिए परिवार के लोग बरेली ले गए। प्रीति की मौत से 18 वर्षीय रचित, 16 वर्षीय नयंशी, 15 वर्षीय प्रयांशी और छह वर्षीय सागर बुरी तरह बिलख पड़े। वहीं मोहित की मां सावित्री, बहन शीतल, हिमांशी, सोनम का रो-रोकर बुरा हाल है।
विज्ञापन
विज्ञापन


दोनों के फांसी लगाने की वजह साफ नहीं
प्रीति के फांसी लगाने के बाद भतीजे मोहित के फांसी लगाने का कारण साफ नहीं हो रहा है। मोहल्ले में तरह-तरह की चर्चाएं हैं। आखिर चाची और भतीजे ने मामूली कहासुनी के बाद एक साथ फांसी क्यों लगाई? पुलिस पूछताछ में भी परिवार के लोग कोई बात साफ बताने को तैयार नहीं है। परिवार के लोगों का कहना है मोहित और प्रीति के बीच सुबह कुछ कहासुनी हो गई थी, लेकिन इस वजह से दोनों फांसी तो नहीं लगा सकते हैं। पुलिस के मुताबिक मोहित बरेली के एक निजी अस्पताल में कोमा में है। मोहित के ठीक होने के बाद ही घटना की वजह का खुलासा हो सकेगा।

फील्ड यूनिट ने की छानबीन
घटना के बाद कोतवाली पुलिस ने सूचना देकर फील्ड यूनिट को भी बुला लिया। फील्ड यूनिट ने दोनों कमरों की छानबीन कर साक्ष्य इकट्ठे किए।

मोहल्ले में लगा तांता
हादसे की खबर फैलते ही मोहल्ले में तांता लग गया। लोगों की भीड़ घटना स्थल पर दौड़ पड़ी। मौके पर पहुंची पुलिस को  भीड़ को हटाने के लिए काफी मशक्कत करनी पड़ी। घटना की खबर सुनकर मौके पर पहुंचे सपा जिलाध्यक्ष और पालिका चेयरमैन तनवीर खां से पीड़ित परिवार को सांत्वना दी।


घटना स्थल पर परिवार वालों से पूछताछ में ऐसी कोई बात सामने नहीं बताई, जिससे आत्महत्या करने का कारण पता चल सके। मोहित के ठीक होने के बाद ही सही वजह पता लग सकेगी।
-डॉ. कृष्ण गोपाल यादव, सीओ सिटी
विज्ञापन
विज्ञापन
सबसे विश्वसनीय Hindi News वेबसाइट अमर उजाला पर पढ़ें हर राज्य और शहर से जुड़ी क्राइम समाचार की
ब्रेकिंग अपडेट।
 
रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें अमर उजाला हिंदी न्यूज़ APP अपने मोबाइल पर।
Amar Ujala Android Hindi News APP Amar Ujala iOS Hindi News APP
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed