{"_id":"598c6c024f1c1b8e0d8b4b7a","slug":"151502374914-shahjahanpur-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"वह चीखता रहा, लोग नहीं आए फिर लगा ली फांसी","category":{"title":"Crime","title_hn":"क्राइम ","slug":"crime"}}
वह चीखता रहा, लोग नहीं आए फिर लगा ली फांसी
Updated Thu, 10 Aug 2017 07:51 PM IST
विज्ञापन
शाहजहांपुर/ मिर्जापुर। मिर्जापुर क्षेत्र के गांव औरंगाबाद निवासी 52 वर्षीय लटूरी ने बुधवार रात फांसी लगाकर जान दे दी। मरने से पहले वह शराब के नशे में खेत पर फांसी लगाकर मरने की बात कहकर चीखता रहा, लेकिन घरवाले अनसुना करते रहे। चीखने की आवाज बंद होने के आधा घंटे बाद घरवाले जब मौके पर पहुंचे तो वह फांसी के फंदे पर झूल रहा था। पुलिस ने शव का पोस्टमार्टम कराया है।
गांव औरंगाबाद निवासी 52 वर्षीय लटूरी रात में रोजाना की तरह गांव से दो सौ मीटर दूर स्थित नदी पार खेत पर बाजरा की फसल की रखवाली के लिए गया था। साथ में चादर भी ले गया था। नशे का आदी होने के कारण वह अक्सर ही शोर-शराबा करता था। बुधवार रात को भी वह शोर मचाते हुए वहीं खेत में खड़े बबूल के पेड़ पर चढ़कर फांसी पर लटक जाने की बात कहता रहा। घरवालों ने इस ओर ध्यान नहीं दिया। कुछ देर बाद उसका शोर बंद हो गया। लगभग आधा घंटे बाद जब घरवाले खेत पर पहुंचे तोे उसका शव बबूल के पेड़ पर चादर के सहारे फांसी के फंदे पर झूल रहा था। मृतक के बेटे अमित व परिवार के अन्य लोगाें ने बताया कि वह शराब के नशे में इसी तरह से आए दिन हरकतें करते रहते थे। इसलिए ध्यान नहीं दिया। घटना से परिवार के लोग रोने-बिलखने लगे। शव को नीचे उतारा गया। सूचना पर गांव पहुंची पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम को भेजा है। मिर्जापुर थानाध्यक्ष ने बताया कि लटूरी मानसिक मंदित था। वह शराब भी पी लेता था। नशे में ही उसने फांसी लगा ली। वैसे आत्महत्या के कारणों की जानकारी की जा रही है। मृतक के तीन पुत्र और पांच बेटियां हैं। इनमें तीन बेटियों व एक बेटे की शादी हो चुकी है।
विज्ञापन
गांव औरंगाबाद निवासी 52 वर्षीय लटूरी रात में रोजाना की तरह गांव से दो सौ मीटर दूर स्थित नदी पार खेत पर बाजरा की फसल की रखवाली के लिए गया था। साथ में चादर भी ले गया था। नशे का आदी होने के कारण वह अक्सर ही शोर-शराबा करता था। बुधवार रात को भी वह शोर मचाते हुए वहीं खेत में खड़े बबूल के पेड़ पर चढ़कर फांसी पर लटक जाने की बात कहता रहा। घरवालों ने इस ओर ध्यान नहीं दिया। कुछ देर बाद उसका शोर बंद हो गया। लगभग आधा घंटे बाद जब घरवाले खेत पर पहुंचे तोे उसका शव बबूल के पेड़ पर चादर के सहारे फांसी के फंदे पर झूल रहा था। मृतक के बेटे अमित व परिवार के अन्य लोगाें ने बताया कि वह शराब के नशे में इसी तरह से आए दिन हरकतें करते रहते थे। इसलिए ध्यान नहीं दिया। घटना से परिवार के लोग रोने-बिलखने लगे। शव को नीचे उतारा गया। सूचना पर गांव पहुंची पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम को भेजा है। मिर्जापुर थानाध्यक्ष ने बताया कि लटूरी मानसिक मंदित था। वह शराब भी पी लेता था। नशे में ही उसने फांसी लगा ली। वैसे आत्महत्या के कारणों की जानकारी की जा रही है। मृतक के तीन पुत्र और पांच बेटियां हैं। इनमें तीन बेटियों व एक बेटे की शादी हो चुकी है।
विज्ञापन