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भाजपा : अध्यक्ष बनने की होड़... हर मंडल से तीन-चार आवेदक
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शाहजहांपुर। भाजपा में जिलाध्यक्ष और मंडल अध्यक्ष बनने के लिए जोर आजमाइश शुरू हो गई है। मंडल अध्यक्ष बनने के लिए प्रत्येक मंडल में तीन से चार आवेदक लाइन में लगे हैं। इसी तरह जिलाध्यक्ष पद के लिए आधा दर्जन से अधिक लोग कोशिश कर रहे हैं। उनके आवेदन अभी नहीं लिए गए हैं।
सत्तारूढ़ भाजपा में संगठन के अहम पद को लेकर जद्दोजहद शुरू हो गई है। वर्तमान समय में मंडल अध्यक्ष के चुनाव की प्रक्रिया चल रही है। महानगर में चार, ददरौल में छह समेत 31 मंडल अध्यक्ष नियुक्त किए जाएंगे। प्रत्येक मंडल से तीन से चार लोगों ने अध्यक्ष बनने को आवेदन किया है। पार्टी नियमावली में दो बार अध्यक्ष रह चुकने वाले को तीसरी बार मौका नहीं मिलेगा। संगठन को धार देने के लिए मंडल अध्यक्षों के पद पर युवा व वरिष्ठता का समावेश करते हुए नियुक्ति की जाएगी। सहायक चुनाव अधिकारी प्रशांत सक्सेना ने बताया कि प्रत्येक मंडल से तीन दावेदारों का नाम पैनल में भेजा जाएगा। वहां से हरी झंडी मिलेगी।
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जिलाध्यक्ष पद के लिए आधा दर्जन से ज्यादा दावेदार
भाजपा में जिलाध्यक्ष पद की नियुक्ति की लेकर तैयारी शुरू हो गई है। इसे लेकर आधा दर्जन वरिष्ठ लोग लाइन में लगे हैं। इनमें कुछ युवा चेहरे भी शामिल हैं। वे भी कुछ समय से संगठन के हित में बेहतर काम कर रहे हैं। वर्तमान में जिलाध्यक्ष केसी मिश्रा फिर से दूसरी पारी खेलने को तैयार हैं। जिलाध्यक्ष पद को लेकर अभी आवेदन नहीं शुरू हुए हैं। इस पद का कार्यकाल तीन साल का होता है। 15 दिसंबर के बाद आवेदन शुरू होंगे।
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-प्रत्येक व्यक्ति को आवेदन करने का अधिकार है। मंडल अध्यक्ष को लेकर आवेदन हुए हैं। जिलाध्यक्ष को लेकर भी आवेदन हाेंगे। मतदान कराने के बजाय आपसी तालमेल से नियुक्ति की जाएगी।
केसी मिश्रा, जिलाध्यक्ष-भाजपा
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कांग्रेस को अध्यक्ष की तलाश, जोड़-तोड़ में लगे पदाधिकारी
2027 के विधानसभा चुनाव को देखते हुए कांग्रेस ने अपनी कमेटियों को भंग कर दिया है। यहां भी जिलाध्यक्ष की तलाश शुरू हो गई। कार्यवाहक अध्यक्ष रजनीश गुप्ता ही फिर से जिम्मेदारी संभालेंगे या कोई नया चेहरा कमांडर बनेगा। यह तो आने वाले समय में पता लगेगा, पर जोड़तोड़ की राजनीति शुरू हो गई है। कमेटी भंग होने के बाद पूर्व में एक पदाधिकारी को पद से हटाए जाने को लेकर जिला नेतृत्व के खिलाफ मोर्चा खोलने वाला धड़ा फिर से सक्रिय हो गया। धड़े के पदाधिकारियों ने लखनऊ में जाकर प्रमुख नेता से मुलाकात कर पैरवी की थी। उन्हें भी सकारात्मक जवाब मिला था।
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सत्तारूढ़ भाजपा में संगठन के अहम पद को लेकर जद्दोजहद शुरू हो गई है। वर्तमान समय में मंडल अध्यक्ष के चुनाव की प्रक्रिया चल रही है। महानगर में चार, ददरौल में छह समेत 31 मंडल अध्यक्ष नियुक्त किए जाएंगे। प्रत्येक मंडल से तीन से चार लोगों ने अध्यक्ष बनने को आवेदन किया है। पार्टी नियमावली में दो बार अध्यक्ष रह चुकने वाले को तीसरी बार मौका नहीं मिलेगा। संगठन को धार देने के लिए मंडल अध्यक्षों के पद पर युवा व वरिष्ठता का समावेश करते हुए नियुक्ति की जाएगी। सहायक चुनाव अधिकारी प्रशांत सक्सेना ने बताया कि प्रत्येक मंडल से तीन दावेदारों का नाम पैनल में भेजा जाएगा। वहां से हरी झंडी मिलेगी।
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जिलाध्यक्ष पद के लिए आधा दर्जन से ज्यादा दावेदार
भाजपा में जिलाध्यक्ष पद की नियुक्ति की लेकर तैयारी शुरू हो गई है। इसे लेकर आधा दर्जन वरिष्ठ लोग लाइन में लगे हैं। इनमें कुछ युवा चेहरे भी शामिल हैं। वे भी कुछ समय से संगठन के हित में बेहतर काम कर रहे हैं। वर्तमान में जिलाध्यक्ष केसी मिश्रा फिर से दूसरी पारी खेलने को तैयार हैं। जिलाध्यक्ष पद को लेकर अभी आवेदन नहीं शुरू हुए हैं। इस पद का कार्यकाल तीन साल का होता है। 15 दिसंबर के बाद आवेदन शुरू होंगे।
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-प्रत्येक व्यक्ति को आवेदन करने का अधिकार है। मंडल अध्यक्ष को लेकर आवेदन हुए हैं। जिलाध्यक्ष को लेकर भी आवेदन हाेंगे। मतदान कराने के बजाय आपसी तालमेल से नियुक्ति की जाएगी।
केसी मिश्रा, जिलाध्यक्ष-भाजपा
कांग्रेस को अध्यक्ष की तलाश, जोड़-तोड़ में लगे पदाधिकारी
2027 के विधानसभा चुनाव को देखते हुए कांग्रेस ने अपनी कमेटियों को भंग कर दिया है। यहां भी जिलाध्यक्ष की तलाश शुरू हो गई। कार्यवाहक अध्यक्ष रजनीश गुप्ता ही फिर से जिम्मेदारी संभालेंगे या कोई नया चेहरा कमांडर बनेगा। यह तो आने वाले समय में पता लगेगा, पर जोड़तोड़ की राजनीति शुरू हो गई है। कमेटी भंग होने के बाद पूर्व में एक पदाधिकारी को पद से हटाए जाने को लेकर जिला नेतृत्व के खिलाफ मोर्चा खोलने वाला धड़ा फिर से सक्रिय हो गया। धड़े के पदाधिकारियों ने लखनऊ में जाकर प्रमुख नेता से मुलाकात कर पैरवी की थी। उन्हें भी सकारात्मक जवाब मिला था।