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Shahjahanpur News: संकरे रास्तों से हो सकता था बड़ा हादसा...जांच करेगी तीन सदस्यीय कमेटी

Tue, 27 May 2025 12:35 AM IST
Bareily Bureau बरेली ब्यूरो
Updated Tue, 27 May 2025 12:35 AM IST
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A major accident could have happened due to the narrow roads...a three member committee will investigate
राजकीय मेडिकल कॉलेज के प्रशासनिक भवन का गेट। संवाद
शाहजहांपुर। राजकीय मेडिकल कॉलेज में रविवार शाम गैस रिसाव के बाद मची भगदड़ से संकरे रास्तों के कारण बड़ा हादसा हो सकता था। संकरे रास्ते से निकलने की कोशिश में कई लोग नीचे गिर गए थे। लोग एक-दूसरे के ऊपर लद गए। मामले की जांच के लिए डीएम ने तीन सदस्यीय कमेटी का गठन किया है। कमेटी तीन दिन में जांच रिपोर्ट डीएम को सौंपेगी।
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राजकीय मेडिकल कॉलेज में नौ निकास गेट हैं। ओपीडी खत्म होने के बाद ढाई-तीन बजे तक दो गेट बंद कर दिए जाते हैं। शाम तक प्रशासनिक भवन का भी गेट बंद कर दिया जाता है। ट्रॉमा सेंटर के पीछे खुलने वाले पुराने औषधि केंद्र का गेट भी अक्सर बंद रहता है। इमरजेंसी वार्ड के गेट से वहां भर्ती मरीजों को निकलना होता हैं।
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पीछे नई बिल्डिंग की ओर खुलने वाले दो गेटों का प्रयोग बहुत कम होता है। अधिकतर मरीजों और तीमारदारों का आना-जाना ट्रॉमा सेंटर व प्रशासनिक भवन के पास बने संकरे गेट से ही होता है। रविवार की शाम जब ट्रॉमा सेंटर से ऑक्सीजन प्लांट से रिसाव और आग की अफवाह पर भगदड़ मची तो ट्रॉमा सेंटर की ओर से निकलने की जगह लोग प्रशासनिक भवन के पास वाले संकरे गेट से निकलने लगे।
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अचानक लोगों की भीड़ आने के कारण इस संकरे गेट से निकलना मुश्किल हो गया। सभी को बाहर निकलने की जल्दी थी। कई लोग गिर तक गए। जल्दी निकलने को लेकर संकरे गेट में फंस गए। कुछ लोग इमरजेंसी वार्ड के गेट से निकलकर बाहर की ओर भागे तो कुछ मरीजों व तीमारदारों ने पीछे के दो गेटों का सहारा लिया।
इस संबंध में राजकीय मेडिकल काॅलेज के प्राचार्य डॉ. राजेश कुमार ने बताया कि आपात स्थिति को देखते हुए गेट का चौड़ीकरण कराया जाएगा।
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रस्सी और बैरियर की वजह से भी हुई परेशानी
भगदड़ के दौरान प्रशासनिक भवन के बाहर रखे बैरियर और बंधी रस्सी से भी मरीजों और तीमारदारों को परेशानी का सामना करना पड़ा। यहां पर लोग वाहन खड़े कर देते हैं, इस वजह से रस्सी लगाई गई है। इसके अलावा प्रशासनिक भवन का मुख्य गेट पूरा नहीं खोला जाता है। यहां पर एक छोटा गेट लगा है, जिससे अमूमन अस्पताल के अधिकारी और कर्मचारी आते-जाते हैं। चैनल भी आधे से ज्यादा बंद रहता है। अगर पूरा चैनल खुला होता और भीड़ यहां से निकलती तो इतनी दिक्कत का सामना नहीं करना पड़ता।
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हड़बड़ी में दिखा स्टाफ, बाहर निकलने का रास्ता भी नहीं बताया
गैस रिसाव के बाद मेडिकल कॉलेज का स्टाफ भी घबरा गया। हड़बड़ी में स्टाफ मरीज और तीमारदारों से बाहर जाने को कहता रहा लेकिन कहां से जाना है, यह नहीं बताया। जिसे जहां से जगह मिली, वहां से बाहर भागा। मेडिकल कॉलेज के तमाम गार्ड भी लोगों को सही रास्ता नहीं बता सके। इमरजेंसी के लोग भी प्रशासनिक भवन के संकरे रास्ते से गुजरने लगे। इससे अफरातफरी की स्थिति बनी रही। अगर स्टाफ लोगों को चौड़े रास्ते के गेट से निकालता तो स्थिति न बिगड़ती।

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बिना फायर एनओसी चल रहा है मेडिकल कॉलेज
2018 में जिला अस्पताल को राजकीय मेडिकल कॉलेज बनाया गया था। 330 बेड का राजकीय मेडिकल कॉलेज बिना फायर एनओसी के संचालित हो रहा है। अस्पताल में आग बुझाने के लिए पर्याप्त इंतजाम नहीं है। सुरक्षा उपकरणों के नाम पर मात्र अग्निशमन यंत्र लगे हुए हैं। रविवार को गैस रिसाव के दौरान आग लगने की अफवाह भी उड़ी थी। फायर संयंत्रों के लिए डेढ़ करोड़ रुपये का बजट स्वीकृत हो गया है। हालांकि, कार्यदायी संस्था ने अभी तक कार्य को शुरू नहीं किया है।
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जांच रिपोर्ट के बाद होगी कार्रवाई

हादसे के बाद डीएम ने बताया था कि प्राथमिक जांच में सामने आ रहा है कि ट्रॉमा सेंटर की ओटी में उपकरणों को स्टरलाइज करने में इस्तेमाल होने वाले फॉमेलिन केमिकल के जमीन में गिरने से गैस फैली थी। उसी की वजह से लोगों को आंख-नाक में जलन महसूस हुई और लोग घबराकर बाहर की ओर भागे। इस मामले का शासन ने संज्ञान लिया है। डीएम धर्मेंद्र प्रताप सिंह ने मामले की जांच के लिए एडीएम प्रशासन रजनीश मिश्रा की अगुवाई में तीन सदस्यीय कमेटी का गठन किया है। कमेटी में एडीएम के अलावा एसपी सिटी देवेंद्र कुमार और चिकित्सा अधीक्षक भी रहेंगे। कमेटी तीन दिन में जांच पूरी कर डीएम को रिपोर्ट देगी। डीएम ने बताया कि जांच रिपोर्ट आने के बाद कार्रवाई की जाएगी।

राजकीय मेडिकल कॉलेज के प्रशासनिक भवन का गेट। संवाद

राजकीय मेडिकल कॉलेज के प्रशासनिक भवन का गेट। संवाद

राजकीय मेडिकल कॉलेज के प्रशासनिक भवन का गेट। संवाद

राजकीय मेडिकल कॉलेज के प्रशासनिक भवन का गेट। संवाद

राजकीय मेडिकल कॉलेज के प्रशासनिक भवन का गेट। संवाद

राजकीय मेडिकल कॉलेज के प्रशासनिक भवन का गेट। संवाद

राजकीय मेडिकल कॉलेज के प्रशासनिक भवन का गेट। संवाद

राजकीय मेडिकल कॉलेज के प्रशासनिक भवन का गेट। संवाद

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