{"_id":"6755fffd3b05411f89032a95","slug":"a-board-written-in-english-about-accident-prone-area-was-put-up-near-the-broken-culvert-shahjahanpur-news-c-122-1-spn1003-132987-2024-12-09","type":"story","status":"publish","title_hn":"Shahjahanpur News: टूटी पुलिया के पास लगा दिया अंग्रेजी में लिखा दुर्घटना बाहुल्य क्षेत्र का बोर्ड","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Shahjahanpur News: टूटी पुलिया के पास लगा दिया अंग्रेजी में लिखा दुर्घटना बाहुल्य क्षेत्र का बोर्ड
Mon, 09 Dec 2024 01:52 AM IST
बरेली ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, शाहजहाँपुर
संवाद न्यूज एजेंसी, शाहजहाँपुर
Updated Mon, 09 Dec 2024 01:52 AM IST
विज्ञापन
शाहजहांपुर। भारतीय राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण (एनएचएआई) ने लिपुलेख-भिंड हाइवे पर निगोही क्षेत्र में राघवपुर सिकंदरपुर की टूटी पुलिया के दोनों ओर अंग्रेजी भाषा में दुर्घटना बाहुल्य क्षेत्र का बोर्ड लगा दिया। ऐसे में कम पढ़े-लिखे ग्रामीणों को बोर्ड पर लिखी चेतावनी पढ़ने में कठिनाई हो रही है।
बता दें कि अमर उजाला के गत सात दिसंबर के अंक में राघवपुर सिकंदरपुर की टूटी पुलिया के पास हाईवे के किनारे गहरे गड्ढे होने की खबर प्रमुखता से प्रकाशित हुई थी। प्रकाशित समाचार का संज्ञान लेते हुए पिछले दिनों एनएचएआई ने टूटी पुलिया के दोनों ओर हाईवे की मरम्मत कराने के बजाय वहां मिट्टी से भरी बोरियां रखवा दीं।
माना जा रहा था कि दुर्घटनाएं रोकने के लिए तात्कालिक उपाय के तौर पर रखी गईं बोरियां हटाकर हाईवे की मरम्मत जल्द कराई जाएगी। इसके विपरीत एनएचएआई ने रविवार को पुलिया के दोनों ओर खतरे के संकेतक लगवाने के बजाय अंग्रेजी भाषा में चेतावनी बोर्ड लगवा दिए। उस पर लिखी चेतावनी पढ़ना हाईवे से गुजरने वाले ट्रक चालकों समेत उन सभी अधिकांश ग्रामीणों के लिए भी संभव नहीं है, जो ट्रैक्टर-ट्रालियों से इन दिनों चीनी मिल को गन्ना आपूर्ति कर रहे हैं।
विज्ञापन
ग्रामीणों का कहना है कि चेतावनी बोर्ड हिंदी भाषा में लगाए जाते तो राह चलते लोग ज्यादा सचेत होते।
000
लिपुलेख-भिंड हाईवे पर राघवपुर सिकंदरपुर के पास मार्ग और टूटी पुलिया की मरम्मत होने तक वहां दोनों ओर बोर्ड लगाकर दुर्घटना बाहुल्य क्षेत्र घोषित कर दिया गया है। पुलिया के दोनों ओर उगीं झाड़ियां भी जल्द साफ करवाई जाएंगी। इससे राहगीरों और वाहन चालकाें को विपरीत दिशा के वाहन दूर से दिखने पर दुर्घटनाओं में कमी आएगी।
-अश्विनी सिंह, सहायक अभियंता, एनएचएआई
विज्ञापन
बता दें कि अमर उजाला के गत सात दिसंबर के अंक में राघवपुर सिकंदरपुर की टूटी पुलिया के पास हाईवे के किनारे गहरे गड्ढे होने की खबर प्रमुखता से प्रकाशित हुई थी। प्रकाशित समाचार का संज्ञान लेते हुए पिछले दिनों एनएचएआई ने टूटी पुलिया के दोनों ओर हाईवे की मरम्मत कराने के बजाय वहां मिट्टी से भरी बोरियां रखवा दीं।
विज्ञापन
माना जा रहा था कि दुर्घटनाएं रोकने के लिए तात्कालिक उपाय के तौर पर रखी गईं बोरियां हटाकर हाईवे की मरम्मत जल्द कराई जाएगी। इसके विपरीत एनएचएआई ने रविवार को पुलिया के दोनों ओर खतरे के संकेतक लगवाने के बजाय अंग्रेजी भाषा में चेतावनी बोर्ड लगवा दिए। उस पर लिखी चेतावनी पढ़ना हाईवे से गुजरने वाले ट्रक चालकों समेत उन सभी अधिकांश ग्रामीणों के लिए भी संभव नहीं है, जो ट्रैक्टर-ट्रालियों से इन दिनों चीनी मिल को गन्ना आपूर्ति कर रहे हैं।
विज्ञापन
ग्रामीणों का कहना है कि चेतावनी बोर्ड हिंदी भाषा में लगाए जाते तो राह चलते लोग ज्यादा सचेत होते।
000
लिपुलेख-भिंड हाईवे पर राघवपुर सिकंदरपुर के पास मार्ग और टूटी पुलिया की मरम्मत होने तक वहां दोनों ओर बोर्ड लगाकर दुर्घटना बाहुल्य क्षेत्र घोषित कर दिया गया है। पुलिया के दोनों ओर उगीं झाड़ियां भी जल्द साफ करवाई जाएंगी। इससे राहगीरों और वाहन चालकाें को विपरीत दिशा के वाहन दूर से दिखने पर दुर्घटनाओं में कमी आएगी।
-अश्विनी सिंह, सहायक अभियंता, एनएचएआई