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खुले में शौच पर रोक लगाने को महिलाओं ने किया प्रदर्शन
Updated Wed, 14 Mar 2018 10:04 AM IST
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खुले में शौच पर रोक लगाने को महिलाओं का प्रदर्शन
डीएम के नाम ज्ञापन देकर शौचालय बनवाने की लगाई गुहार
अमर उजाला ब्यूरो
शाहजहांपुर। जहां एक ओर गांवों को खुले में शौचमुक्त करके उन्हें ओडीएफ श्रेणी में लाने के लिए केंद्र और प्रदेश सरकार शौचालयों के निर्माण पर करोड़ों का बजट पानी की तरह बहा रही है, वहीं मदनापुर क्षेत्र के गांव बरुआ पट्टी सनायक के तमाम घरों में शौचालय नहीं होने से वहां के ग्रामीण खेतों में शौच जाने को मजबूर हो रहे हैं। इस कारण गांव के आसपास खेतों में झाला बनाकर रह रहे ग्रामीणों को गंदगी से बीमारियां फैलने की आशंका सता रही है। इसी समस्या से निपटने के लिए ऐसे परिवारों की महिलाओं ने मंगलवार को चौका-चूल्हा छोड़कर मुख्यालय पर आकर प्रदर्शन किया। इसके बाद डीएम को संबोधित ज्ञापन सिटी मजिस्ट्रेट विनय प्रकाश श्रीवास्तव को देकर गांव के सभी घरों में पक्के शौचालय बनाए जाने की गुहार लगाई।
प्रदर्शन में शामिल गांव बरुआ पट्टी सनायक निवासी सत्यपाल, कांती देवी, नेत्रपाल, जसवंत सिंह, कुलदीप कुमार, गुरविंदर सिंह आदि ने बताया कि उन सभी ने गांव की आबादी के पश्चिम दिशा स्थित खेतों में फसलों की रखवाली के लिए परिवार सहित रहने को वहां अपने झाले बना रखे हैं। उनके घरों के बाहर खेतों के किनारे रास्तों पर गांव के लोग शौच कर रहे हैं। इससे वहां काफी गंदगी हो रही है। बीमारियां फैलने की आशंका बढ़ रही है। तमाम ग्रामवासियों के घरों में शौचालय नहीं होने से उनके परिवार की महिलाओं को खेतों में जाना पड़ता है, लेकिन अधिकारी शौचालय की मांग पर कोई ध्यान नहीं दे रहे हैं।
डीएम के नाम दिए ज्ञापन में भी इन्हीं तथ्यों का हवाला देते हुए गांव के लोगों को खुले में शौच को जाने से रोकने के लिए उनके घरों में शौचालय जल्द बनवाने का अनुरोध किया गया है। ज्ञापन की प्रति उचित कार्यवाही के लिए जिला पंचायत राज अधिकारी कार्यालय को भी उपलब्ध कराई गई है। प्रदर्शन में गीता, मीना, आशावती, प्रेमवती, सुरजा देवी, छोटी बिटिया, सरला, रामबेटी, हेमवती, अनारकली, मुनीशा, मीरा, लड़ैती, उर्मिला आदि महिलाएं शामिल रहीं।
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खुले में शौच पर रोक लगाने को महिलाओं का प्रदर्शन
डीएम के नाम ज्ञापन देकर शौचालय बनवाने की लगाई गुहार
अमर उजाला ब्यूरो
शाहजहांपुर। जहां एक ओर गांवों को खुले में शौचमुक्त करके उन्हें ओडीएफ श्रेणी में लाने के लिए केंद्र और प्रदेश सरकार शौचालयों के निर्माण पर करोड़ों का बजट पानी की तरह बहा रही है, वहीं मदनापुर क्षेत्र के गांव बरुआ पट्टी सनायक के तमाम घरों में शौचालय नहीं होने से वहां के ग्रामीण खेतों में शौच जाने को मजबूर हो रहे हैं। इस कारण गांव के आसपास खेतों में झाला बनाकर रह रहे ग्रामीणों को गंदगी से बीमारियां फैलने की आशंका सता रही है। इसी समस्या से निपटने के लिए ऐसे परिवारों की महिलाओं ने मंगलवार को चौका-चूल्हा छोड़कर मुख्यालय पर आकर प्रदर्शन किया। इसके बाद डीएम को संबोधित ज्ञापन सिटी मजिस्ट्रेट विनय प्रकाश श्रीवास्तव को देकर गांव के सभी घरों में पक्के शौचालय बनाए जाने की गुहार लगाई।
प्रदर्शन में शामिल गांव बरुआ पट्टी सनायक निवासी सत्यपाल, कांती देवी, नेत्रपाल, जसवंत सिंह, कुलदीप कुमार, गुरविंदर सिंह आदि ने बताया कि उन सभी ने गांव की आबादी के पश्चिम दिशा स्थित खेतों में फसलों की रखवाली के लिए परिवार सहित रहने को वहां अपने झाले बना रखे हैं। उनके घरों के बाहर खेतों के किनारे रास्तों पर गांव के लोग शौच कर रहे हैं। इससे वहां काफी गंदगी हो रही है। बीमारियां फैलने की आशंका बढ़ रही है। तमाम ग्रामवासियों के घरों में शौचालय नहीं होने से उनके परिवार की महिलाओं को खेतों में जाना पड़ता है, लेकिन अधिकारी शौचालय की मांग पर कोई ध्यान नहीं दे रहे हैं।
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डीएम के नाम दिए ज्ञापन में भी इन्हीं तथ्यों का हवाला देते हुए गांव के लोगों को खुले में शौच को जाने से रोकने के लिए उनके घरों में शौचालय जल्द बनवाने का अनुरोध किया गया है। ज्ञापन की प्रति उचित कार्यवाही के लिए जिला पंचायत राज अधिकारी कार्यालय को भी उपलब्ध कराई गई है। प्रदर्शन में गीता, मीना, आशावती, प्रेमवती, सुरजा देवी, छोटी बिटिया, सरला, रामबेटी, हेमवती, अनारकली, मुनीशा, मीरा, लड़ैती, उर्मिला आदि महिलाएं शामिल रहीं।
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