{"_id":"6568dc52b0024a72140b0a34","slug":"water-pipeline-will-be-established-khalilabad-news-c-209-1-sgkp1039-6185-2023-12-01","type":"story","status":"publish","title_hn":"Sant Kabir Nagar News: तीन करोड़ से शहरियों को मिलेगा पीने का शुद्ध पानी","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Sant Kabir Nagar News: तीन करोड़ से शहरियों को मिलेगा पीने का शुद्ध पानी
Fri, 01 Dec 2023 12:32 AM IST
गोरखपुर ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, संत कबीर नगर
संवाद न्यूज एजेंसी, संत कबीर नगर
Updated Fri, 01 Dec 2023 12:32 AM IST
विज्ञापन
फोटो सहित
दिसंबर में शुरू हो जाएगा कार्य, नलकूपों से सीधे की जाएगी पीने के पानी की आपूर्ति
अभी स्वच्छ पानी की समस्या से जूझ रहे हैं लोग
संवाद न्यूज एजेंसी
संतकबीरनगर। तीन साल पहले शहरी बने लोगों को पीने का शुद्ध पानी उपलब्ध कराने की उम्मीद जग गई। इसके लिए शासन ने तीन करोड़ रुपये अवमुक्त किया है। दिसंबर माह में इस परियोजना पर काम शुरू हो जाएगा। कार्य पूरा होने पर शहरियों को पीने के लिए शुद्ध पानी मिलने लगेगा।
एक अक्तूबर-2020 को नगर पालिका परिषद खलीलाबाद का सीमा विस्तार हुआ। इसमें आसपास के 16 गांवों को शहर में शामिल किया गया। इसमें कसैला, बनियाबारी, गौसपुर, डीघा, मोहद्दीनपुर, मैलानी, बड़गो, पटखौली, खटौली, सादिकगंज आदि शामिल हैं। इसके साथ ही राष्ट्रीय राजमार्ग के उत्तर बसे मड़या सहित अन्य क्षेत्रों में भी पीने के शुद्ध पानी की व्यवस्था नहीं है। इसके कारण इन क्षेत्रों को लोगों को हैंडपंपों पर निर्भर रहना पड़ता है। छोटे हैंडपंपों का पानी पीने से लोगों की सेहत खतरे में हैं।
नगर पालिका परिषद व जल निगम शहरी ने पेयजल परियोजना का प्रस्ताव शासन को भेजा था। इसकी मंजूरी मिलने के साथ ही तीन करोड़ रुपये अवमुक्त किए गए हैं। इस बजट से बनियाबारी, कसैला, सरौली, मोहद्दीनपुर, मड़या सहित विभिन्न क्षेत्रों में पाइपलाइन बिछाई जाएगी। अभी इन क्षेत्रों में पानी की टंकी नहीं हैं। इसलिए नलकूपों से सीधे जलापूर्ति किए जाने की योजना है। इसके लिए 27 स्थानों का चयन किया गया है।
विज्ञापन
पीने के पानी के संकट से जूझ रहे शहरवासी
शहर में पीने के पानी की आपूर्ति की जो व्यवस्था वर्तमान में है, उसमें 25 वार्डों में से सिर्फ 13 में आपूर्ति की जाती है। बाकी की आबादी हैंडपंपों के सहारे है। इससे शहरवासियों को काफी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है।
क्षेत्र के निवासी अरुणेंद्र सिंह, राधेश्याम, राकेश कुमार आदि ने कहा कि शहर में रहते हैं लेकिन पीने के पानी व्यवस्था नहीं है। हैंडपंपों का पानी प्रदूषित आता है। इससे जलजनित बीमारियों की आशंका बनी रहती है।
कोट
शहरियों को पीने का शुद्ध पानी उपलब्ध कराने के लिए तैयारी चल रही है। शासन से तीन करोड़ रुपये अवमुक्त हुए हैं। दिसंबर माह में काम शुरू हो जाएगा। हर वार्ड में खुद का सबमर्सिबल होगा। ताकि लोगों को तत्काल पानी की उपलब्धता कराई जा सके। इससे लोगों की पीने के शुद्ध पानी की समस्या का निदान हो जाएगा।
-जगत जायसवाल, चेयरमैन, नगर पालिका परिषद खलीलाबाद
विज्ञापन
दिसंबर में शुरू हो जाएगा कार्य, नलकूपों से सीधे की जाएगी पीने के पानी की आपूर्ति
अभी स्वच्छ पानी की समस्या से जूझ रहे हैं लोग
संवाद न्यूज एजेंसी
संतकबीरनगर। तीन साल पहले शहरी बने लोगों को पीने का शुद्ध पानी उपलब्ध कराने की उम्मीद जग गई। इसके लिए शासन ने तीन करोड़ रुपये अवमुक्त किया है। दिसंबर माह में इस परियोजना पर काम शुरू हो जाएगा। कार्य पूरा होने पर शहरियों को पीने के लिए शुद्ध पानी मिलने लगेगा।
एक अक्तूबर-2020 को नगर पालिका परिषद खलीलाबाद का सीमा विस्तार हुआ। इसमें आसपास के 16 गांवों को शहर में शामिल किया गया। इसमें कसैला, बनियाबारी, गौसपुर, डीघा, मोहद्दीनपुर, मैलानी, बड़गो, पटखौली, खटौली, सादिकगंज आदि शामिल हैं। इसके साथ ही राष्ट्रीय राजमार्ग के उत्तर बसे मड़या सहित अन्य क्षेत्रों में भी पीने के शुद्ध पानी की व्यवस्था नहीं है। इसके कारण इन क्षेत्रों को लोगों को हैंडपंपों पर निर्भर रहना पड़ता है। छोटे हैंडपंपों का पानी पीने से लोगों की सेहत खतरे में हैं।
विज्ञापन
नगर पालिका परिषद व जल निगम शहरी ने पेयजल परियोजना का प्रस्ताव शासन को भेजा था। इसकी मंजूरी मिलने के साथ ही तीन करोड़ रुपये अवमुक्त किए गए हैं। इस बजट से बनियाबारी, कसैला, सरौली, मोहद्दीनपुर, मड़या सहित विभिन्न क्षेत्रों में पाइपलाइन बिछाई जाएगी। अभी इन क्षेत्रों में पानी की टंकी नहीं हैं। इसलिए नलकूपों से सीधे जलापूर्ति किए जाने की योजना है। इसके लिए 27 स्थानों का चयन किया गया है।
विज्ञापन
पीने के पानी के संकट से जूझ रहे शहरवासी
शहर में पीने के पानी की आपूर्ति की जो व्यवस्था वर्तमान में है, उसमें 25 वार्डों में से सिर्फ 13 में आपूर्ति की जाती है। बाकी की आबादी हैंडपंपों के सहारे है। इससे शहरवासियों को काफी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है।
क्षेत्र के निवासी अरुणेंद्र सिंह, राधेश्याम, राकेश कुमार आदि ने कहा कि शहर में रहते हैं लेकिन पीने के पानी व्यवस्था नहीं है। हैंडपंपों का पानी प्रदूषित आता है। इससे जलजनित बीमारियों की आशंका बनी रहती है।
कोट
शहरियों को पीने का शुद्ध पानी उपलब्ध कराने के लिए तैयारी चल रही है। शासन से तीन करोड़ रुपये अवमुक्त हुए हैं। दिसंबर माह में काम शुरू हो जाएगा। हर वार्ड में खुद का सबमर्सिबल होगा। ताकि लोगों को तत्काल पानी की उपलब्धता कराई जा सके। इससे लोगों की पीने के शुद्ध पानी की समस्या का निदान हो जाएगा।
-जगत जायसवाल, चेयरमैन, नगर पालिका परिषद खलीलाबाद