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Sant Kabir Nagar News: धनघटा और हैंसर बाजार में फोरलेन होगा रामजानकी मार्ग
Fri, 04 Aug 2023 12:20 AM IST
गोरखपुर ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, संत कबीर नगर
संवाद न्यूज एजेंसी, संत कबीर नगर
Updated Fri, 04 Aug 2023 12:20 AM IST
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- 46 गांवों के किसानों की अधिग्रहित की गई जमीन, मगर नहीं मिला मुआवजा
- जहां चल रहा विरोध, वहां से आगे बढ़ रहा कार्यदाई संस्था करा रही काम
- बीत गए सात माह सिर्फ 14 प्रतिशत हुआ काम, मई 2024 में पूरा होना है निर्माण
संवाद न्यूज एजेंसी
धनघटा। जनपद के पश्चिमी सीमा रामपुर- बारहकोनी से पूर्वी सीमा बंसवारी गांव तक 35 किलोमीटर की लंबाई में राम जानकी मार्ग के चौड़ीकरण का कार्य प्रगति पर है। माता जानकी की जन्मस्थली जनकपुर से भगवान राम की जन्मस्थली अयोध्या धाम तक जाने वाली सड़क हैंसर बाजार और धनघटा कस्बे में तीन किलोमीटर फोरलेन बनाई जाएगी। जबकि भाजपा विधायक ने सड़क एवं परिवहन मंत्री नितिन गडकरी से मिलकर तीन किलोमीटर की जगह पांच किलोमीटर की दूरी में सड़क को फोरलेन बनाए जाने की मांग की है।
वर्ष 2019 में 134.91 करोड़ लागत से एनएच 227 ए राम जानकी मार्ग पैकेज दो के चौड़ीकरण का कार्य वर्ष 2023 के जनवरी माह में शुरु हुआ। दस मीटर चौड़ी बनने वाली इस सड़क के निर्माण कार्य को शुरु हुए भले ही सात महीने का समय गुजर गया हो लेकिन अभी तक 14 प्रतिशत की काम हुआ है। शेष 86 प्रतिशत कार्य के लिए धनघटा से पूरब मिट्टी का कार्य और सड़क को तोड़ने का काम चल रहा है।
नगर पंचायत हैंसर बाजार धनघटा की घनी आबादी को देखते हुए धनघटा कस्बे में डेढ़ किलोमीटर और हैंसर बाजार कस्बे में डेढ़ किलोमीटर सड़क को फोरलेन यानि 18 मीटर चौड़ी सड़क को बनाए जाने की दिशा में कार्य किया जा रहा है। कार्यदाई संस्था के लोगों का मानना है कि फोरलेन सड़क बन जाने से धनघटा और हैंसर बाजार में लोगों को जाम की समस्या से छुटकारा मिलेगा और पटरी दुकानदारों को भी राहत मिलेगी।
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सड़क निर्माण का कार्य तेजी के साथ संचालित हो रहा है लेकिन जिन किसानों की जमीन सड़क निर्माण में अधिग्रहित की जा रही है। उन्हें मुआवजा राशि देने की प्रक्रिया अभी तक शुरु नहीं हुई है। 46 गांवों के किसानों को मुआवजा राशि मिलना है लेकिन उन्हें मुआवजा राशि की जगह आश्वासन मिल रहा है। जिसके कारण सड़क निर्माण का विरोध भी किसान करते चले आ रहे हैं। किसानों के विरोध के कारण परसा, मडपौना और मलौली में सड़क निर्माण का कार्य ठप है। जिस जगह पर किसान विरोध कर रहे हैं। उस जगह पर निर्माण कार्य को छोड़ते हुए कार्यदाई संस्था के लोग आगे बढ़ जा रहे हैं।
किसान मोहम्मद रफीक, इस्लाम, राजन राय, रामप्रसाद, इमामुद्दीन आदि का कहना है कि सड़क के चौड़ीकरण का काम जब से शुरु हुआ है तभी से कार्यदायी संस्था एनएच के जिम्मेदार किसानों को अधिग्रहित की जाने वाली जमीन का मुआवजा देने का आश्वासन दे रहे हैं। लेकिन अभी तक किसी भी गांव के किसानों को मुआवजा राशि नहीं मिल सकी है।
रामजानकी मार्ग धनघटा और हैंसर बाजार कस्बे में फोरलेन होगा। कस्बे में सड़क की चौड़ाई 18 मीटर होगी। 46 गांव के किसानों को जमीन का मुआवजा दिया जाना है। जिनमें अमौली, रोसया, शुक्ल पट्टी, मचौली के किसानों को अधिग्रहित की गई जमीन की मुआवजा राशि दी जा रहा है। शेष गांव के लोगों को भी जल्द ही जमीन का मुआवजा दे दिया जाएगा। संतकबीरनगर जिले में 35 किलोमीटर बनने वाले राम जानकी मार्ग का निर्माण का मई 2024 तक पूरा कर लिया जाएगा। राहगीरों की समस्या को ध्यान में रखते हुए तोड़ी गई सड़क पर पानी बराबर डाला जा रहा है। जिससे धूल न उड़े।
-अमित कुमार तिवारी, कंसल्टेंट, एनएच बस्ती
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- जहां चल रहा विरोध, वहां से आगे बढ़ रहा कार्यदाई संस्था करा रही काम
- बीत गए सात माह सिर्फ 14 प्रतिशत हुआ काम, मई 2024 में पूरा होना है निर्माण
संवाद न्यूज एजेंसी
धनघटा। जनपद के पश्चिमी सीमा रामपुर- बारहकोनी से पूर्वी सीमा बंसवारी गांव तक 35 किलोमीटर की लंबाई में राम जानकी मार्ग के चौड़ीकरण का कार्य प्रगति पर है। माता जानकी की जन्मस्थली जनकपुर से भगवान राम की जन्मस्थली अयोध्या धाम तक जाने वाली सड़क हैंसर बाजार और धनघटा कस्बे में तीन किलोमीटर फोरलेन बनाई जाएगी। जबकि भाजपा विधायक ने सड़क एवं परिवहन मंत्री नितिन गडकरी से मिलकर तीन किलोमीटर की जगह पांच किलोमीटर की दूरी में सड़क को फोरलेन बनाए जाने की मांग की है।
वर्ष 2019 में 134.91 करोड़ लागत से एनएच 227 ए राम जानकी मार्ग पैकेज दो के चौड़ीकरण का कार्य वर्ष 2023 के जनवरी माह में शुरु हुआ। दस मीटर चौड़ी बनने वाली इस सड़क के निर्माण कार्य को शुरु हुए भले ही सात महीने का समय गुजर गया हो लेकिन अभी तक 14 प्रतिशत की काम हुआ है। शेष 86 प्रतिशत कार्य के लिए धनघटा से पूरब मिट्टी का कार्य और सड़क को तोड़ने का काम चल रहा है।
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नगर पंचायत हैंसर बाजार धनघटा की घनी आबादी को देखते हुए धनघटा कस्बे में डेढ़ किलोमीटर और हैंसर बाजार कस्बे में डेढ़ किलोमीटर सड़क को फोरलेन यानि 18 मीटर चौड़ी सड़क को बनाए जाने की दिशा में कार्य किया जा रहा है। कार्यदाई संस्था के लोगों का मानना है कि फोरलेन सड़क बन जाने से धनघटा और हैंसर बाजार में लोगों को जाम की समस्या से छुटकारा मिलेगा और पटरी दुकानदारों को भी राहत मिलेगी।
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सड़क निर्माण का कार्य तेजी के साथ संचालित हो रहा है लेकिन जिन किसानों की जमीन सड़क निर्माण में अधिग्रहित की जा रही है। उन्हें मुआवजा राशि देने की प्रक्रिया अभी तक शुरु नहीं हुई है। 46 गांवों के किसानों को मुआवजा राशि मिलना है लेकिन उन्हें मुआवजा राशि की जगह आश्वासन मिल रहा है। जिसके कारण सड़क निर्माण का विरोध भी किसान करते चले आ रहे हैं। किसानों के विरोध के कारण परसा, मडपौना और मलौली में सड़क निर्माण का कार्य ठप है। जिस जगह पर किसान विरोध कर रहे हैं। उस जगह पर निर्माण कार्य को छोड़ते हुए कार्यदाई संस्था के लोग आगे बढ़ जा रहे हैं।
किसान मोहम्मद रफीक, इस्लाम, राजन राय, रामप्रसाद, इमामुद्दीन आदि का कहना है कि सड़क के चौड़ीकरण का काम जब से शुरु हुआ है तभी से कार्यदायी संस्था एनएच के जिम्मेदार किसानों को अधिग्रहित की जाने वाली जमीन का मुआवजा देने का आश्वासन दे रहे हैं। लेकिन अभी तक किसी भी गांव के किसानों को मुआवजा राशि नहीं मिल सकी है।
रामजानकी मार्ग धनघटा और हैंसर बाजार कस्बे में फोरलेन होगा। कस्बे में सड़क की चौड़ाई 18 मीटर होगी। 46 गांव के किसानों को जमीन का मुआवजा दिया जाना है। जिनमें अमौली, रोसया, शुक्ल पट्टी, मचौली के किसानों को अधिग्रहित की गई जमीन की मुआवजा राशि दी जा रहा है। शेष गांव के लोगों को भी जल्द ही जमीन का मुआवजा दे दिया जाएगा। संतकबीरनगर जिले में 35 किलोमीटर बनने वाले राम जानकी मार्ग का निर्माण का मई 2024 तक पूरा कर लिया जाएगा। राहगीरों की समस्या को ध्यान में रखते हुए तोड़ी गई सड़क पर पानी बराबर डाला जा रहा है। जिससे धूल न उड़े।
-अमित कुमार तिवारी, कंसल्टेंट, एनएच बस्ती