{"_id":"68769bfe7b53863ea50adca9","slug":"no-fertilizers-at-cooperative-societies-farmers-are-wandering-khalilabad-news-c-209-1-sgkp1040-135599-2025-07-15","type":"story","status":"publish","title_hn":"Sant Kabir Nagar News: सहकारी समितियों पर खाद नहीं, भटक रहे किसान","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Sant Kabir Nagar News: सहकारी समितियों पर खाद नहीं, भटक रहे किसान
Tue, 15 Jul 2025 11:50 PM IST
गोरखपुर ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, संत कबीर नगर
संवाद न्यूज एजेंसी, संत कबीर नगर
Updated Tue, 15 Jul 2025 11:50 PM IST
विज्ञापन
बंद पड़ा सहकारी समिति बिगरामीर
संतकबीरनगर। धान की रोपाई के बाद खाद की किल्लत ने किसानों के सामने परेशानी खड़ी कर दी है। जिले की सरकारी समितियों पर डीएपी न मिलने के कारण किसानों को भटकना पड़ रहा है।
किसानों को उपज प्रभावित होने की चिंता सता रही है तो मजबूरन प्राइवेट दुकानों का सहारा लेना पड़ रहा है। यहां महंगे दर पर खाद खरीदनी पड़ रही है जिस कारण किसानों पर अतिरिक्त बोझ पड़ रहा है। संवाद टीम के पड़ताल के दौरान यह बात सामने आई कि जिन समितियों पर खाद है, वहां उसी क्षेत्र के किसानों को प्राथमिकता के आधार पर खाद दी जा रही है। बाहरी किसानों को खाद नही दी जा रही है। जिसके चलते किसान खाद के लिए मारे-मारे फिर रहे हैं।
बखिरा क्षेत्र में एक साधन सहकारी समिति के सचिव ने 10 जुलाई को खाद ब्लैक कराया था। जिला कृषि अधिकारी ने सचिव पर केस दर्ज कराया है। जबकि किसान खाद के लिए परेशान हैं। वहीं विभाग का दावा है कि खाद समितियों पर भेजी गई है। जहां पर नहीं है वहां भी जल्द ही खाद पहुंच जाएगी।
विज्ञापन
विज्ञापन
किसानों को उपज प्रभावित होने की चिंता सता रही है तो मजबूरन प्राइवेट दुकानों का सहारा लेना पड़ रहा है। यहां महंगे दर पर खाद खरीदनी पड़ रही है जिस कारण किसानों पर अतिरिक्त बोझ पड़ रहा है। संवाद टीम के पड़ताल के दौरान यह बात सामने आई कि जिन समितियों पर खाद है, वहां उसी क्षेत्र के किसानों को प्राथमिकता के आधार पर खाद दी जा रही है। बाहरी किसानों को खाद नही दी जा रही है। जिसके चलते किसान खाद के लिए मारे-मारे फिर रहे हैं।
विज्ञापन
बखिरा क्षेत्र में एक साधन सहकारी समिति के सचिव ने 10 जुलाई को खाद ब्लैक कराया था। जिला कृषि अधिकारी ने सचिव पर केस दर्ज कराया है। जबकि किसान खाद के लिए परेशान हैं। वहीं विभाग का दावा है कि खाद समितियों पर भेजी गई है। जहां पर नहीं है वहां भी जल्द ही खाद पहुंच जाएगी।
विज्ञापन