फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Sant Kabir Nagar News ›   Happiness is only at the feet of God: Acharya Dharanidhar

ईश्वर के चरणों में ही सुख: आचार्य धरणीधर

Wed, 22 May 2024 11:51 PM IST
गोरखपुर ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, संत कबीर नगर
संवाद न्यूज एजेंसी, संत कबीर नगर Updated Wed, 22 May 2024 11:51 PM IST
विज्ञापन
Happiness is only at the feet of God: Acharya Dharanidhar
संतकबीरनगर। बघौली ब्लॉक के उतरावल में चल रहे श्रीमद्भागवत कथा में कथावाचक आचार्य धरणीधर महाराज ने कहा कि मनुष्य स्वयं को भगवान बनने के बजाय प्रभु का दास बनने का प्रयास करें, क्योंकि भक्ति भाव देख कर जब प्रभु में वात्सल्य जागता है तो वे सब कुछ छोड़कर अपने भक्त के पास दौड़े चले आते हैं। गृहस्थ जीवन में मनुष्य तनाव में जीता है, जबकि संत सद्भाव में जीता है। यदि संत नहीं बन सकते तो संतोषी बन जाओ। संतोष सबसे बड़ा धन है।
विज्ञापन

आचार्य धरणीधर ने कहा कि श्रीमद्भागवत कथा का सात दिनों तक श्रवण करने से जीव का उद्धार हो जाता है। हमेशा धर्म के मार्ग पर चलना चाहिए, कर्म करो लेकिन, फल की इच्छा मत करो। भगवान हमेशा सच्चे भक्तों में ही वास करते है। सुदामा चरित्र का व्याख्यान करते हुए कहा कि संसार में मित्रता भगवान श्रीकृष्ण और सुदामा की तरह होनी चाहिए। जिनकी कथा में सच्ची मित्रता दर्शाई गई है। आधुनिक युग में स्वार्थ के लिए लोग एक दूसरे के साथ मित्रता करते हैं और काम निकल जाने पर लोग एक दूसरे को भूल जाते हैं। जीवन में प्रत्येक प्राणी को परमात्मा से एक रिश्ता जरूर बनाना चाहिए। भगवान से बनाया गया वह रिश्ता जीव को मोक्ष की ओर ले जाएगा। सुदामा ने विपरीत परिस्थितियों में अपने सखा कृष्ण का चिंतन और स्मरण नहीं छोड़ा। इस अवसर पर बेचन प्रजापति, चंद्रिका प्रजापति, राम केवल प्रजापति, शेषनाथ पाण्डेय, सुभाष चंद्र पाण्डेय, राधेश्याम राय, सुरेंद्रनाथ राय, नरेंद्र नाथ राय, बुझारत राय, सोनू प्रजापति, शिव जन्म प्रजापति आदि मौजूद रहे।
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed