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29 घंटे ठप रही जिले की विद्युत आपूर्ति
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बैंक चौराहे पर जंफर बनाते बिजली कर्मी।
- फोटो : KHALILABAD
29 घंटे ठप रही जिले की विद्युत आपूर्ति
बृहस्पतिवार दोपहर में आपूर्ति शुरू होते बढ़ी फाल्ट की समस्या
गीडा-खलीलाबाद मेन लाइन में गड़बड़ी से बिगड़े हालात, सोमवार से शुरू हुई थी दिक्कत
अमर उजाला ब्यूरो
संतकबीरनगर। गीडा-खलीलाबाद मेन लाइन में फाल्ट के कारण जिले में 29 घंटे तक बिजली की आपूर्ति बाधित रही। बृहस्पतिवार दोपहर करीब दो बजे आपूर्ति शुरू होने के बाद फाल्ट की शिकायतें आने लगीं। फाल्ट ठीक करने के बाद करीब साढ़े चार बजे आपूर्ति सुचारू हो सकी। बिजली न मिलने से लोगोें की दिनचर्या बिगड़ गई। इससे सरकारी दफ्तरों में भी कामकाज प्रभावित रहा।
दरअसल, जिले में बिजली आपूर्ति प्रभावित होने का सिलसिला सोमवार सुबह करीब नौ बजे से ही शुरू हो गया था। बस्ती-खलीलाबाद लाइन में दिक्कत के बाद आपूर्ति गीडा-खलीलाबाद लाइन से जोड़ी गई लेकिन फाल्ट के चलते सोमवार पूरी रात बिजली नहीं आई। मंगलवार को दिन में तीन-चार घंटे की आपूर्ति मिली। रात में आंधी बारिश के बाद फाल्ट के चलते आपूर्ति बाधित हो गई। बुधवार को सुबह नौ बजे गड़बड़ी ठीक करने के लिए छह घंटे की कटौती की गई। लेकिन तीन बजे के बाद जब बिजली नहीं आई तो हर कोई यह जानने में जुट गया कि बिजली कब तक ठीक हो पाएगी। निगम के जिम्मेदार बस यही जवाब देते रहे कि काम चल रहा है। कटौती से लोगों के इन्वर्टर दगा दे गए। जैसे-जैसे रात बढ़ी, लोगों की दुश्वारियां भी बढ़ती गईं। बुधवार पूरी रात बिजली गुल रही, ऐसे में उपभोक्ताओं को उमस भरी गर्मी में रतजगा करना पड़ा। सर्वाधिक दिक्कत महिलाओं व बच्चों को हुई। वहीं कटौती से शहर में जलापूर्ति व्यवस्था भी चरमरा गई। यहां तक कि जो लोग डिब्बा बंद का पानी मंगाते थे, उनके घर पानी नहीं पहुंचा।
रतजगा करना पड़ा
विद्युत उपभोक्ता ज्योति श्रीवास्तव ने कहा कि इतने लंबे समय तक अनवरत बिजली गुल रहना पूरे सिस्टम पर सवाल खड़ा कर रहा है। जनता बिजली के लिए परेशान रही, लेकिन निगम के जिम्मेदार कुछ भी बता पाने की स्थिति में नहीं रहे। वेदांती पांडेय ने कहा कि गर्मी के मौसम में बिजली गुल रहने से काफी दिक्कतों का सामना करना पड़ा। निगम को आपात स्थिति के लिए कोई ठोस कदम उठाने की जरूरत है। सुमित यादव ने कहा कि पूरी रात जागकर गुजारनी पड़ी। उमस भरी गर्मी के कारण पूरी दिनचर्या ही प्रभावित हो गई। उबैदुर्रहमान ने कहा कि बिजली का संकट लगातार बना हुआ है। अक्सर बिजली गुल हो जा रही है। इसे पर ध्यान दिए जाने की जरूरत है।
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गड़बड़ी हुई दूर, आपूर्ति बहाल
अधिशाषी अभियंता विद्युत संजय कुमार सिंह ने कहा कि गीडा-खलीलाबाद में आई गड़बडी दूर हो गई है और आपूर्ति बहाल हो गई है। उन्होंने कहा कि उपभोक्ताओं को अब निर्धारित समय में बिजली आपूर्ति देने का पूरा प्रयास किया जाएगा।
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बृहस्पतिवार दोपहर में आपूर्ति शुरू होते बढ़ी फाल्ट की समस्या
गीडा-खलीलाबाद मेन लाइन में गड़बड़ी से बिगड़े हालात, सोमवार से शुरू हुई थी दिक्कत
अमर उजाला ब्यूरो
संतकबीरनगर। गीडा-खलीलाबाद मेन लाइन में फाल्ट के कारण जिले में 29 घंटे तक बिजली की आपूर्ति बाधित रही। बृहस्पतिवार दोपहर करीब दो बजे आपूर्ति शुरू होने के बाद फाल्ट की शिकायतें आने लगीं। फाल्ट ठीक करने के बाद करीब साढ़े चार बजे आपूर्ति सुचारू हो सकी। बिजली न मिलने से लोगोें की दिनचर्या बिगड़ गई। इससे सरकारी दफ्तरों में भी कामकाज प्रभावित रहा।
दरअसल, जिले में बिजली आपूर्ति प्रभावित होने का सिलसिला सोमवार सुबह करीब नौ बजे से ही शुरू हो गया था। बस्ती-खलीलाबाद लाइन में दिक्कत के बाद आपूर्ति गीडा-खलीलाबाद लाइन से जोड़ी गई लेकिन फाल्ट के चलते सोमवार पूरी रात बिजली नहीं आई। मंगलवार को दिन में तीन-चार घंटे की आपूर्ति मिली। रात में आंधी बारिश के बाद फाल्ट के चलते आपूर्ति बाधित हो गई। बुधवार को सुबह नौ बजे गड़बड़ी ठीक करने के लिए छह घंटे की कटौती की गई। लेकिन तीन बजे के बाद जब बिजली नहीं आई तो हर कोई यह जानने में जुट गया कि बिजली कब तक ठीक हो पाएगी। निगम के जिम्मेदार बस यही जवाब देते रहे कि काम चल रहा है। कटौती से लोगों के इन्वर्टर दगा दे गए। जैसे-जैसे रात बढ़ी, लोगों की दुश्वारियां भी बढ़ती गईं। बुधवार पूरी रात बिजली गुल रही, ऐसे में उपभोक्ताओं को उमस भरी गर्मी में रतजगा करना पड़ा। सर्वाधिक दिक्कत महिलाओं व बच्चों को हुई। वहीं कटौती से शहर में जलापूर्ति व्यवस्था भी चरमरा गई। यहां तक कि जो लोग डिब्बा बंद का पानी मंगाते थे, उनके घर पानी नहीं पहुंचा।
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रतजगा करना पड़ा
विद्युत उपभोक्ता ज्योति श्रीवास्तव ने कहा कि इतने लंबे समय तक अनवरत बिजली गुल रहना पूरे सिस्टम पर सवाल खड़ा कर रहा है। जनता बिजली के लिए परेशान रही, लेकिन निगम के जिम्मेदार कुछ भी बता पाने की स्थिति में नहीं रहे। वेदांती पांडेय ने कहा कि गर्मी के मौसम में बिजली गुल रहने से काफी दिक्कतों का सामना करना पड़ा। निगम को आपात स्थिति के लिए कोई ठोस कदम उठाने की जरूरत है। सुमित यादव ने कहा कि पूरी रात जागकर गुजारनी पड़ी। उमस भरी गर्मी के कारण पूरी दिनचर्या ही प्रभावित हो गई। उबैदुर्रहमान ने कहा कि बिजली का संकट लगातार बना हुआ है। अक्सर बिजली गुल हो जा रही है। इसे पर ध्यान दिए जाने की जरूरत है।
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गड़बड़ी हुई दूर, आपूर्ति बहाल
अधिशाषी अभियंता विद्युत संजय कुमार सिंह ने कहा कि गीडा-खलीलाबाद में आई गड़बडी दूर हो गई है और आपूर्ति बहाल हो गई है। उन्होंने कहा कि उपभोक्ताओं को अब निर्धारित समय में बिजली आपूर्ति देने का पूरा प्रयास किया जाएगा।