{"_id":"628bc8f4e866704ff72aebb9","slug":"doctor-do-not-write-other-medicines-khalilabad-news-gkp437894048","type":"story","status":"publish","title_hn":"अब बाहर की दवा नहीं लिखेंगे सरकारी डॉक्टर","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
अब बाहर की दवा नहीं लिखेंगे सरकारी डॉक्टर
विज्ञापन
जिला अस्पताल में दवा काउंटर पर दवा लेने की लिये लगी मरीजो की भीड़।संबाद
- फोटो : KHALILABAD
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
अब बाहर की दवा नहीं लिखेंगे सरकारी डॉक्टर
- जिला अस्पताल या जन औषधि केंद्र की दवा लिखनी होगी
- डिप्टी सीएम के निर्देश के बाद अपर मुख्य सचिव ने जारी किया आदेश
संवाद न्यूज एजेंसी
संतकबीरनगर। जिले के सरकारी डॉक्टर अब बाहर की दवा नहीं लिखेंगे। उन्हें वहीं दवा लिखनी होगी जो जिला अस्पताल या जन औषधि केंद्र पर उपलब्ध हो। डिप्टी सीएम के निर्देश के बाद अपर मुख्य सचिव ने पत्र जारी किया है। सीएमएस ने सभी चिकित्सकों को इसके लिए दिशा निर्देश जारी किया है।
प्रदेश के डिप्टी सीएम व स्वास्थ्य मंत्री बृजेश पाठक लगातार अस्पतालों का निरीक्षण कर रहे हैं। इस दौरान उन्हें कमियां मिल रही है। दवाओं के न मिलने की समस्या भी सामने आ रही है। वहीं, लगातार अस्पताल की कमियों को दूर करने का निर्देश दे रहे हैं। जिसके क्रम में अपर मुख्य सचिव स्वास्थ्य अमित मोहन प्रसाद ने निर्देश दिया है कि सभी अस्पतालों में तैनात चिकित्सक बाहर की दवा नहीं लिखेंगे। अगर अस्पताल में दवा नहीं है तो जन औषधि केंद्र की दवा लिखेंगे। जिससे मरीज को बाहर से दवा न खरीदना पड़े। जन औषधि केंद्र में पर्याप्त मात्रा में दवा उपलब्ध कराई जाएगी। इसके लिए अधिकारी अपने-अपने जिले के दवाओं की मांग भेजेंगे। इसमें किसी प्रकार की लापरवाही न की जाए। ओपीडी का लगातार निरीक्षण किया जाए और चिकित्सकों को ऐसी दवा लिखने के लिए प्रेरित किया जाए जो अस्पताल और जन औषधि केंद्र पर मिल जाए।
सीएमएस डॉ. ओपी चतुुर्वेदी ने बताया कि सभी चिकित्सकों को निर्देश दिया गया है कि अस्पताल में मौजूद दवाओं को ही लिखा जाए। वैसे अस्पताल में पर्याप्त मात्रा में दवा मौजूद है। जन औषधि केंद्र पर भी दवा है। जो दवाएं नहीं है उसके केंद्र के संचालक को निर्देश दिया गया है कि जल्द से जल्द दवाओं को मंगा ले। जिससे मरीजों को कही भटकना न पड़ें।
विज्ञापन
विज्ञापन
- जिला अस्पताल या जन औषधि केंद्र की दवा लिखनी होगी
- डिप्टी सीएम के निर्देश के बाद अपर मुख्य सचिव ने जारी किया आदेश
संवाद न्यूज एजेंसी
संतकबीरनगर। जिले के सरकारी डॉक्टर अब बाहर की दवा नहीं लिखेंगे। उन्हें वहीं दवा लिखनी होगी जो जिला अस्पताल या जन औषधि केंद्र पर उपलब्ध हो। डिप्टी सीएम के निर्देश के बाद अपर मुख्य सचिव ने पत्र जारी किया है। सीएमएस ने सभी चिकित्सकों को इसके लिए दिशा निर्देश जारी किया है।
प्रदेश के डिप्टी सीएम व स्वास्थ्य मंत्री बृजेश पाठक लगातार अस्पतालों का निरीक्षण कर रहे हैं। इस दौरान उन्हें कमियां मिल रही है। दवाओं के न मिलने की समस्या भी सामने आ रही है। वहीं, लगातार अस्पताल की कमियों को दूर करने का निर्देश दे रहे हैं। जिसके क्रम में अपर मुख्य सचिव स्वास्थ्य अमित मोहन प्रसाद ने निर्देश दिया है कि सभी अस्पतालों में तैनात चिकित्सक बाहर की दवा नहीं लिखेंगे। अगर अस्पताल में दवा नहीं है तो जन औषधि केंद्र की दवा लिखेंगे। जिससे मरीज को बाहर से दवा न खरीदना पड़े। जन औषधि केंद्र में पर्याप्त मात्रा में दवा उपलब्ध कराई जाएगी। इसके लिए अधिकारी अपने-अपने जिले के दवाओं की मांग भेजेंगे। इसमें किसी प्रकार की लापरवाही न की जाए। ओपीडी का लगातार निरीक्षण किया जाए और चिकित्सकों को ऐसी दवा लिखने के लिए प्रेरित किया जाए जो अस्पताल और जन औषधि केंद्र पर मिल जाए।
विज्ञापन
सीएमएस डॉ. ओपी चतुुर्वेदी ने बताया कि सभी चिकित्सकों को निर्देश दिया गया है कि अस्पताल में मौजूद दवाओं को ही लिखा जाए। वैसे अस्पताल में पर्याप्त मात्रा में दवा मौजूद है। जन औषधि केंद्र पर भी दवा है। जो दवाएं नहीं है उसके केंद्र के संचालक को निर्देश दिया गया है कि जल्द से जल्द दवाओं को मंगा ले। जिससे मरीजों को कही भटकना न पड़ें।
विज्ञापन