{"_id":"6a32f136846d9ab9db0d70dd","slug":"demarcation-stone-uprooted-report-filed-khalilabad-news-c-209-1-skn1001-152341-2026-06-18","type":"story","status":"publish","title_hn":"Sant Kabir Nagar News: सीमांकन का पत्थर उखाड़ फेंका, रिपोर्ट दर्ज","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Sant Kabir Nagar News: सीमांकन का पत्थर उखाड़ फेंका, रिपोर्ट दर्ज
Thu, 18 Jun 2026 12:40 AM IST
गोरखपुर ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, संत कबीर नगर
संवाद न्यूज एजेंसी, संत कबीर नगर
Updated Thu, 18 Jun 2026 12:40 AM IST
विज्ञापन
विज्ञापन
संतकबीरनगर। बखिरा थाना क्षेत्र के रानीपुर गांव में भूमि सीमांकन के लिए लगाए गए पत्थर को उखाड़ने का मामला सामने आया है। पीड़ित ने आरोपियों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज कर दोबारा पत्थर स्थापित कराने की मांग की है। पुलिस मामले में प्राथमिकी दर्ज कर आवश्यक विधिक कार्रवाई में जुट गई है।
रानीपुर निवासी हरिराम ने संपूर्ण समाधान दिवस में दिए प्रार्थनापत्र में बताया कि भूमि के सीमांकन को लेकर उत्तर प्रदेश राजस्व संहिता के तहत मामला न्यायालय में विचाराधीन था। उपजिलाधिकारी के आदेश के अनुपालन में 22 मई को राजस्व निरीक्षक द्वारा भूमि पर सीमांकन पत्थर स्थापित कराया गया था।
आरोप है कि पड़ोसी काश्तकार मीरा और सरोजनी पुत्री सुधीर चौधरी ने मौके पर पहुंचकर विवाद किया तथा लगाए गए पत्थर को उखाड़ दिया। विरोध करने पर गाली-गलौज और झूठे मुकदमे में फंसाने की धमकी भी दी गई। हरिराम का कहना है कि घटना की सूचना बखिरा थाना और संबंधित राजस्व अधिकारियों को दी गई, लेकिन अब तक न तो आरोपियों के खिलाफ मामला दर्ज किया गया और न ही दोबारा सीमांकन पत्थर लगाया गया। इससे विपक्षी पक्ष का मनोबल बढ़ा हुआ है।
विज्ञापन
मामले की जांच के दौरान राजस्व निरीक्षक रामलल्लन ने अपनी रिपोर्ट में पुष्टि की है कि एसडीएम के आदेश पर पुलिस बल और राजस्व टीम की मौजूदगी में पत्थर स्थापित कराया गया था, जो वर्तमान में गायब है। रिपोर्ट में पत्थर हटाने वालों के खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई की संस्तुति की गई है। थाना बखिरा पुलिस ने राजस्व निरीक्षक की रिपोर्ट के आधार पर संबंधित धाराओं में प्राथमिकी दर्ज कर ली गई है।
रानीपुर निवासी हरिराम ने संपूर्ण समाधान दिवस में दिए प्रार्थनापत्र में बताया कि भूमि के सीमांकन को लेकर उत्तर प्रदेश राजस्व संहिता के तहत मामला न्यायालय में विचाराधीन था। उपजिलाधिकारी के आदेश के अनुपालन में 22 मई को राजस्व निरीक्षक द्वारा भूमि पर सीमांकन पत्थर स्थापित कराया गया था।
विज्ञापन
आरोप है कि पड़ोसी काश्तकार मीरा और सरोजनी पुत्री सुधीर चौधरी ने मौके पर पहुंचकर विवाद किया तथा लगाए गए पत्थर को उखाड़ दिया। विरोध करने पर गाली-गलौज और झूठे मुकदमे में फंसाने की धमकी भी दी गई। हरिराम का कहना है कि घटना की सूचना बखिरा थाना और संबंधित राजस्व अधिकारियों को दी गई, लेकिन अब तक न तो आरोपियों के खिलाफ मामला दर्ज किया गया और न ही दोबारा सीमांकन पत्थर लगाया गया। इससे विपक्षी पक्ष का मनोबल बढ़ा हुआ है।
विज्ञापन
मामले की जांच के दौरान राजस्व निरीक्षक रामलल्लन ने अपनी रिपोर्ट में पुष्टि की है कि एसडीएम के आदेश पर पुलिस बल और राजस्व टीम की मौजूदगी में पत्थर स्थापित कराया गया था, जो वर्तमान में गायब है। रिपोर्ट में पत्थर हटाने वालों के खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई की संस्तुति की गई है। थाना बखिरा पुलिस ने राजस्व निरीक्षक की रिपोर्ट के आधार पर संबंधित धाराओं में प्राथमिकी दर्ज कर ली गई है।