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शहर आइए तो संभलकर, नहीं तो गड्ढे में गिर जाइएगा
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औद्योगिक क्षेत्र में सड़क पर जगह-जगह बने गड्ढे।
- फोटो : KHALILABAD
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शहर आइए तो संभलकर, नहीं तो गड्ढे में गिर जाइएगा
बारिश से गड्ढों में भर जाता है पानी, झेलनी पड़ रही परेशानी
संतकबीरनगर। बेहतर सड़कें विकास का आइना होती हैं, लेकिन खलीलाबाद शहर में ही सड़कें जर्जर हो गई हैं। जगह-जगह गड्ढों की भरमार है। हल्की बारिश होने पर गड्ढों में पानी भर जाता है। इससे लोगों को आने-जाने में परेशानी होती है। यदि आप संभल कर नहीं चले तो गड्ढे में गिर जाइएगा।
खलीलाबाद कस्बे में मोती चौराहा से तितौवा जाने वाला मार्ग गड्ढों में तब्दील हो चुुका है। गिट्टियां उखड़ कर बिखर गईं हैं। इस मार्ग से होकर बड़े वाहन रेलवे स्टेशन रोड से धनघटा की ओर आते-जाते हैं। कुछ दिनों पहले विधियानी मोड़ पर एक छात्रा की ट्रक की चपेट में आकर मौत हो गई थी। शुगर मिल से मड़या जाने वाला मार्ग भी खस्ताहाल है। इस मार्ग से बच्चे स्कूल आते-जाते हैं।
एचआरपीजी कॉलेज से होकर सरैया जाने वाला मार्ग भी गड्ढों में तब्दील है। महाविद्यालय होने के कारण इस मार्ग पर छात्र-छात्राएं आते-जाते हैं। यदि कभी कोई हादसा हुआ है तो कानून-व्यवस्था पर संकट खड़ा हो सकता है। शहर के औद्योगिक क्षेत्र की सड़कें भी बदहाल हैं। इस मार्ग से होकर प्रतिदिन बड़े वाहन सामान लेकर आते-जाते हैं। इसका मुद्दा कई बार औद्योगिक विकास समिति की बैठक में उठ चुका है।
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ऐसी ही स्थिति बगहिया के पास सर्विस लेन की है। यह मार्ग भी गड्ढे में तब्दील है। नूर मजिस्द से मुखलिसपुर रोड ओवरब्रिज की सड़क पर बड़े-बड़े गड्ढे बने हुए हैं। इन सड़कों पर बने गड्ढों में बारिश का पानी भर जाता है, जिससे सड़क और गड्ढे का अंतर कर पाना वाहन चालकों के लिए मुश्किल हो जाता है। एक सप्ताह पहले शहर की सड़कों की बदहाली के मुद्दे पर नगर पालिका परिषद के चेयरमैन श्याम सुंदर वर्मा भी डीएम से मिल चुके हैं। शहर के निवासी अब्दुल्लाह खां, मनीष कुमार, सुरजीत आदि ने कहा कि सड़कों को गड्ढा मुक्त करने का दावा पूरी तरह से फेल हैं।
...
कोट
बरसात के बाद सड़कों को गड्ढा मुक्त किया जाएगा। कार्ययोजना तैयार की जा रही है। जल्द ही शहरवासियों को इस समस्या से निजात मिल जाएगी।
रामजीत प्रसाद, अधिशाषी अभियंता, पीडब्ल्यूडी
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बारिश से गड्ढों में भर जाता है पानी, झेलनी पड़ रही परेशानी
संतकबीरनगर। बेहतर सड़कें विकास का आइना होती हैं, लेकिन खलीलाबाद शहर में ही सड़कें जर्जर हो गई हैं। जगह-जगह गड्ढों की भरमार है। हल्की बारिश होने पर गड्ढों में पानी भर जाता है। इससे लोगों को आने-जाने में परेशानी होती है। यदि आप संभल कर नहीं चले तो गड्ढे में गिर जाइएगा।
खलीलाबाद कस्बे में मोती चौराहा से तितौवा जाने वाला मार्ग गड्ढों में तब्दील हो चुुका है। गिट्टियां उखड़ कर बिखर गईं हैं। इस मार्ग से होकर बड़े वाहन रेलवे स्टेशन रोड से धनघटा की ओर आते-जाते हैं। कुछ दिनों पहले विधियानी मोड़ पर एक छात्रा की ट्रक की चपेट में आकर मौत हो गई थी। शुगर मिल से मड़या जाने वाला मार्ग भी खस्ताहाल है। इस मार्ग से बच्चे स्कूल आते-जाते हैं।
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एचआरपीजी कॉलेज से होकर सरैया जाने वाला मार्ग भी गड्ढों में तब्दील है। महाविद्यालय होने के कारण इस मार्ग पर छात्र-छात्राएं आते-जाते हैं। यदि कभी कोई हादसा हुआ है तो कानून-व्यवस्था पर संकट खड़ा हो सकता है। शहर के औद्योगिक क्षेत्र की सड़कें भी बदहाल हैं। इस मार्ग से होकर प्रतिदिन बड़े वाहन सामान लेकर आते-जाते हैं। इसका मुद्दा कई बार औद्योगिक विकास समिति की बैठक में उठ चुका है।
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ऐसी ही स्थिति बगहिया के पास सर्विस लेन की है। यह मार्ग भी गड्ढे में तब्दील है। नूर मजिस्द से मुखलिसपुर रोड ओवरब्रिज की सड़क पर बड़े-बड़े गड्ढे बने हुए हैं। इन सड़कों पर बने गड्ढों में बारिश का पानी भर जाता है, जिससे सड़क और गड्ढे का अंतर कर पाना वाहन चालकों के लिए मुश्किल हो जाता है। एक सप्ताह पहले शहर की सड़कों की बदहाली के मुद्दे पर नगर पालिका परिषद के चेयरमैन श्याम सुंदर वर्मा भी डीएम से मिल चुके हैं। शहर के निवासी अब्दुल्लाह खां, मनीष कुमार, सुरजीत आदि ने कहा कि सड़कों को गड्ढा मुक्त करने का दावा पूरी तरह से फेल हैं।
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कोट
बरसात के बाद सड़कों को गड्ढा मुक्त किया जाएगा। कार्ययोजना तैयार की जा रही है। जल्द ही शहरवासियों को इस समस्या से निजात मिल जाएगी।
रामजीत प्रसाद, अधिशाषी अभियंता, पीडब्ल्यूडी