{"_id":"673cd35a60491976bc0f9d99","slug":"branch-manager-accused-of-demanding-bribe-of-rs-1-lakh-for-loan-khalilabad-news-c-209-1-skn1001-124087-2024-11-19","type":"story","status":"publish","title_hn":"Sant Kabir Nagar News: लोन के लिए शाखा प्रबंधक पर एक लाख रिश्वत मांगने का आरोप","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Sant Kabir Nagar News: लोन के लिए शाखा प्रबंधक पर एक लाख रिश्वत मांगने का आरोप
Tue, 19 Nov 2024 11:35 PM IST
गोरखपुर ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, संत कबीर नगर
संवाद न्यूज एजेंसी, संत कबीर नगर
Updated Tue, 19 Nov 2024 11:35 PM IST
विज्ञापन
बखिरा। नन्दौर निवासी एक व्यक्ति ने नन्दौर स्थित बड़ौदा-यूपी बैंक के शाखा प्रबंधक पर एक लाख रुपये रिश्वत मांगने का आरोप लगाया है। शिकायतकर्ता ने क्षेत्रीय प्रबंधक को पत्र देकर आरोपी प्रबंधक के खिलाफ जांच कर कार्रवाई की मांग की है। जानकारी के अनुसार नंदौर निवासी फूलचंद्र पुत्र इंद्रजीत ने क्षेत्रीय प्रबंधक से शिकायत किया कि उसने नंदौर स्थित बड़ौदा-यूपी बैंक से मई 2024 में मोबाइल की दुकान के लिए व्यवसाय में चार लाख का नकद ऋण लिया था। सीसी खाते में वह समय पर लेनदेन भी कर रहा था। मोबाइल की दुकान में समान अधिक रखने व बेहतर करने के लिए संपर्क करने पर शाखा प्रबंधक ने पुराना सीसी खाता बंद करने के बाद दस लाख तक सीसी बनाने की बात कही।
फूलचंद्र का आरोप है कि प्रबंधक की बात पर भरोसा कर उसने ब्याज पर लेकर चार लाख तेईस हजार रुपये लेकर बैंक में जमा कर दिए, लेकिन अब दस लाख की सीसी करने के लिए प्रबंधक द्वारा एक लाख बतौर सुविधा शुल्क की मांग की जा रही है। पूर्व में हुए नकद ऋण के एवज में भी वह शाखा प्रबंधक को सुविधा शुल्क दे चुका है। फूलचंद्र का आरोप है कि एक लाख सुविधा शुल्क देने में असमर्थता जताने पर प्रबंधक ने उसे बैंक से भगा दिया व उसके साथ अभद्रता भी की, जिससे उसने चार लाख रुपये ब्याज पर लिया था, सीसी होने पर उसने तुरंत वापस करने को कहा था। सीसी नहीं होने से वह परेशान है, जिससे उधार लिया था वह अपने रकम के लिए दबाव बना रहा है। फूलचंद्र ने कहा कि ऐसी स्थिति में वह आत्महत्या करने को मजबूर है, जिसके लिए उसने शाखा प्रबंधक को जिम्मेदार ठहराया है।
विज्ञापन
फूलचंद्र का आरोप है कि प्रबंधक की बात पर भरोसा कर उसने ब्याज पर लेकर चार लाख तेईस हजार रुपये लेकर बैंक में जमा कर दिए, लेकिन अब दस लाख की सीसी करने के लिए प्रबंधक द्वारा एक लाख बतौर सुविधा शुल्क की मांग की जा रही है। पूर्व में हुए नकद ऋण के एवज में भी वह शाखा प्रबंधक को सुविधा शुल्क दे चुका है। फूलचंद्र का आरोप है कि एक लाख सुविधा शुल्क देने में असमर्थता जताने पर प्रबंधक ने उसे बैंक से भगा दिया व उसके साथ अभद्रता भी की, जिससे उसने चार लाख रुपये ब्याज पर लिया था, सीसी होने पर उसने तुरंत वापस करने को कहा था। सीसी नहीं होने से वह परेशान है, जिससे उधार लिया था वह अपने रकम के लिए दबाव बना रहा है। फूलचंद्र ने कहा कि ऐसी स्थिति में वह आत्महत्या करने को मजबूर है, जिसके लिए उसने शाखा प्रबंधक को जिम्मेदार ठहराया है।
विज्ञापन